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Pilibhit News: देवहा नदी के पास बाघिन ने जमाया डेरा, दहशत

Wed, 17 Jan 2024 12:58 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Wed, 17 Jan 2024 12:58 AM IST
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Tigress sets up camp near Devha river, panic
निगरानी करते वन कर्मी । संवाद
कलीनगर। शहर से पांच किलोमीटर दूर सड़िया गांव में छठे दिन भी बाघिन की दहशत रही। देवहा नदी के पास डेरा जमाय बाघिन रात को आबादी की ओर पहुंच रही है। दहशतजदा ग्रामीण रात में जागने को मजबूर हैं। सोमवार रात बाघिन नदी क्षेत्र से बाहर निकलकर गांव के बाहर प्राथमिक विद्यालय के नजदीक पहुंची। कुछ देर रुकने के बाद फिर लौट गई।
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ग्रामीणों का दावा है कि बाघिन काफी कमजोर हो गई है। सही से चलने में भी असमर्थ है। बाघिन का वीडियो भी ग्रामीणों ने बनाया। बता दें कि बाघिन 11 जनवरी को असम चौराहे के पास दिखाई दी थी। इसी रात तीन बजे वह सड़िया गांव में पहुंच गई। यहां उसने गांव में घुसकर एक गाय व एक बकरी को मारा लेकिन आबादी होने व शोर मचने के कारण गांव के बाहर खेतों की तरफ आ गई। शिकार को ठीक से खा नहीं सकी।
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जहां बाघिन छिपी बैठी है वहां कोई जानवर नहीं है। जिस कारण वह कमजोर हो गई है। बताते हैं कि दिन में करीब 14-15 किलो मांस बाघ या बाघिन के लिए जरूरी होता है। हालांकि विशेषज्ञों के मुताबिक-बाघ या बाघिन शिकार करने के बाद उससे आठ-दस दिन तक का काम चला लेते हैं, लेकिन यह तब संभव है जब शिकार को खाने का उसे पूरा मौका मिले। सामाजिक वानिकी के डिप्टी रेंजर शेर सिंह टीम के साथ निगरानी में जुटे है। उन्होंने बताया कि बाघिन की दिन में कोई लोकेशन नहीं मिली।
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नदी नजदीक होने के कारण शुरू नहीं हो पा रहा रेस्क्यू
सड़िया गांव के जिस इलाके में बाघिन डेरा जमाए है, वह देवहा नदी का क्षेत्र है। जिस खेत में वह है उसके पास से नदी जा रही है। दिक्कत है कि अगर ऐसी जगह पर रेस्क्यू किया और डॉट लगने के बाद बाघिन नदी की तरफ भागती है तो पानी में गिरने से उसके साथ कोई अनहोनी भी हो सकती है। इसलिए पानी के पास की जगह पर रेस्क्यू करने पर मनाही रहती है। यही कारण है कि सटीक लोकेशन पता होने के बाद भी वन विभाग रेस्क्यू आपरेशन नहीं चला पा रहा है। बाघिन के नदी से दूर जाने का इंतजार किया जा रहा है।


शाम होते ही पसर जाता है सन्नाटा
ग्रामीणों का कहना है कि बाघिन नदी क्षेत्र में डेरा जमाए है। करीब में ही खेत हैं। ऐसे में खेत की ओर जाने में डर लग रहा है। कई बार बाघिन सामने भी आ गई है। वन विभाग की ओर से चंद वनकर्मी लगाकर निगरानी का दावा किया जा रहा है।

ग्रामीणों ने कहा-वन विभाग जल्द कार्रवाई करे

पांच दिन से बाघिन गांव के नजदीक घूम रही है। रात को आबादी में घुस आती है। विभाग को जल्द ही बाघिन को पकड़ना चाहिए।
- रजत, सड़िया

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सोमवार रात बाघिन आबादी के नजदीक पहुंच गई। कमजोर होने के कारण सही से चलने में भी असमर्थ नजर आ रही थी।
- राहुल

निगरानी करते वन कर्मी । संवाद

निगरानी करते वन कर्मी । संवाद

निगरानी करते वन कर्मी । संवाद

निगरानी करते वन कर्मी । संवाद

निगरानी करते वन कर्मी । संवाद

निगरानी करते वन कर्मी । संवाद

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