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Pilibhit News: न स्टाफ है और न संसाधन... बस नाम का है फल संरक्षण विभाग
Tue, 19 Sep 2023 12:36 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
Updated Tue, 19 Sep 2023 12:36 AM IST
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पीलीभीत। जिले में संचालित फल संरक्षण विभाग स्टाफ बस नाम भर के लिए है। यहां सात लोगों के स्टाफ में मात्र एक फल संरक्षण एवं प्रशिक्षण अधिकारी ही तैनात हैं। वह भी तीन दिन पीलीभीत और तीन दिन शाहजहांपुर का काम देखते हैं। स्टाफ और संसाधनों की कमी से विभाग की योजनाएं धरातल पर नहीं आ पा रही हैं।
फल संरक्षण विभाग की ओर से वैसे तो कई रोजगारपरक योजनाएं संचालित हैं। लोगों को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए सरकार का भी फल संरक्षण एवं प्रशिक्षण पर जोर है। यहां पर मुरब्बा और अचार बनाने का प्रशिक्षण दिया जाता है। प्रशिक्षण के बाद लोग घर पर इसे तैयार कर बिक्री करते हैं, लेकिन जिले में इन योजनाओं का लोगों को लाभ नहीं मिल पा रहा है। बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय के पास संचालित फल संरक्षण विभाग के दफ्तर की लोगों को जानकारी तक नहीं है।
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कब खुलता है कार्यालय, इसकी भी जानकारी नहीं
कार्यालय कब खुलता है और यहां कौन तैनात है, इसकी भी लोगों को जानकारी नहीं है। कार्यालय में सूचना के लिए अधिकारी का मोबाइल नंबर लिखा है। साथ में यह भी लिखा है कि मुरब्बा और अचार बनवाने के लिए इस नंबर पर संपर्क करें।
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सप्ताह में तीन दिन यहां आते हैं अधिकारी
राजकीय फल संरक्षण अधिकारी के तौर पर यहां असीम वर्मा को तैनाती दी गई है। उनके पास शाहजहांपुर का भी चार्ज है। ऐसे में वह यहां पर सिर्फ तीन दिन ही आते हैं। अन्य दिनों में कार्यालय पर आने वाले मोबाइल पर ही संपर्क करते हैं।
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वर्जन
इस समय अचार और मुरब्बा बनाने का प्रशिक्षण नहीं हो रहा है। सीजन अभी नहीं आया है। कार्यालय में उनके अलावा अन्य कोई स्टाफ नहीं है। सात लोगों का स्टाफ होना चाहिए। - असीम वर्मा, फल संरक्षण अधिकारी
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फल संरक्षण विभाग की ओर से वैसे तो कई रोजगारपरक योजनाएं संचालित हैं। लोगों को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए सरकार का भी फल संरक्षण एवं प्रशिक्षण पर जोर है। यहां पर मुरब्बा और अचार बनाने का प्रशिक्षण दिया जाता है। प्रशिक्षण के बाद लोग घर पर इसे तैयार कर बिक्री करते हैं, लेकिन जिले में इन योजनाओं का लोगों को लाभ नहीं मिल पा रहा है। बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय के पास संचालित फल संरक्षण विभाग के दफ्तर की लोगों को जानकारी तक नहीं है।
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कब खुलता है कार्यालय, इसकी भी जानकारी नहीं
कार्यालय कब खुलता है और यहां कौन तैनात है, इसकी भी लोगों को जानकारी नहीं है। कार्यालय में सूचना के लिए अधिकारी का मोबाइल नंबर लिखा है। साथ में यह भी लिखा है कि मुरब्बा और अचार बनवाने के लिए इस नंबर पर संपर्क करें।
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सप्ताह में तीन दिन यहां आते हैं अधिकारी
राजकीय फल संरक्षण अधिकारी के तौर पर यहां असीम वर्मा को तैनाती दी गई है। उनके पास शाहजहांपुर का भी चार्ज है। ऐसे में वह यहां पर सिर्फ तीन दिन ही आते हैं। अन्य दिनों में कार्यालय पर आने वाले मोबाइल पर ही संपर्क करते हैं।
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वर्जन
इस समय अचार और मुरब्बा बनाने का प्रशिक्षण नहीं हो रहा है। सीजन अभी नहीं आया है। कार्यालय में उनके अलावा अन्य कोई स्टाफ नहीं है। सात लोगों का स्टाफ होना चाहिए। - असीम वर्मा, फल संरक्षण अधिकारी