सरकार पर हमलावर हुए टिकैत: कहा- देश में दूसरा किम जोंग नहीं बनने देंगे, तानाशाहों को दवाई की जरूरत
राकेश टिकैत ने कहा कि तानाशाहों को दवाई की जरूरत है। जैसे बंगाल की जनता ने दवाई पिलाई, वैसी दवाई यहां भी पिलाई जाएगी। प्रदेश ही नहीं पूरे देश की जनता परिवर्तन चाह रही है।
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भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश की जनता ने सरकार को अपने वोट की चोट दे दी है। अब बाकी क्षेत्रों की बारी है। यहां भाजपा के वोटों को कोको (एक तरह की चिड़िया) ले गई। जनता जानती है कि तानाशाह सरकार को कैसे जवाब देना है? देश में दूसरा किम जोंग जैसा तानाशाह नहीं बनने देंगे।
टिकैत मंगलवार को लखीमुपर से लौटते वक्त शहर के होटल में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। यहां भाकियू कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। इस दौरान मध्य प्रदेश के किसान नेता शिवकुमार शर्मा कक्का ने कहा कि तीनों कृषि कानून वापस लेने के बाद सरकार ने जो वायदे किए थे वो पूरे नहीं किए। एमएसपी पर कानून नहीं बना, किसानों पर दर्ज मुकदमें वापस नहीं हुए, पराली जलाने में जुर्माना नहीं हटाया और शहीद किसानों को मुआवजा नहीं दिया गया। सरकार दमनकारी नीति अपना रही है जिसके खिलाफ संगठन अपनी मुहिम जारी रखेगा।
भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि सरकार वायदे पूरे करने के बजाए गुंडागर्दी पर उतर आई है। मझोला के पास उत्तराखंड बॉर्डर पर हुई एक घटना का जिक्र करते हुए कहा कि वहां भाजपा के गुंड़ों ने किसानों पर गोली चलाई, एक किसान घायल हुआ। एक सवाल के जवाब में कहा कि सरकार हिंदू मुस्लिम करने पर जुटी है। सवाल पूछो तो जिन्ना और पाकिस्तान का नाम लेती। हिसाब-किताब पर बात न करके हिजाब पर बात करती है।
लखीमपुर कांड के आरोपी गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र के बेटे आशीष मिश्र की जमानत के सवाल पर राकेश टिकैत ने कहा कि तीन महीने में उसे जमानत मिल गई। किसानों के साथ यह न्याय है क्या? वह बोले, कोरिया जैसी तानाशाही देेश में चलाई जा रही। चुनाव के एक सवाल पर बोले कि संयुक्त किसान मोर्चा बैट्री में करंट पहुंचाने का काम करेगी जिसका झटका सरकार का लगेगा।
असदुद्दीन ओवैसी के सवाल पर बोले कि वो भाजपा के चचा जान हैं। उनकी ट्यूशन एक ही क्लास में चलती है। मतदान को लेकर बोले कि मत का प्रयोग जरूर करें पर नोटा न दबाएं। नोटा दवाने से सीधा फायदा सरकार को होगा। वोट किसी उम्मीदवार को ही दें। इस दौरान संगठन के तमाम पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।