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पूरनपुर : सपा-भाजपा के बीच कांटे की टक्कर
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पूरनपुर। विधानसभा क्षेत्र में भाजपा के बाबूराम पासवान और सपा की आरती महेंद्र के बीच सीधा मुकाबला होता दिखा। भाजपा के बागी और बसपा प्रत्याशी अशोक राजा और कांग्रेस के ईश्वर दयाल पासवान मुस्लिम मतों में सेंधमारी के प्रयास में रहे मगर कोशिश पूरी तरह सफल होती नहीं दिखी। मुस्लिम मतों का झुकाव सपा की ओर दिखा। बसपा को अपने परंपरागत वोटरों के बिखराव के संकट से जूझना पड़ा। भाजपा को किसान आंदोलन की वजह से सिख बहुल क्षेत्र में नाराजगी झेलनी पड़ी।
जिले की पूरनपुर सीट 2012 में सुरक्षित हुई थी। सुरक्षित होने के बाद पहली बार हुए चुनाव में सपा के पीतमराम ने भाजपा के बाबूराम पासवान को 30838 वोटों से पराजित कर सीट कब्जा किया था। सुरक्षित सीट पर दूसरी बार 2017 में हुए चुनाव में भाजपा के बाबूराम पासवान ने सपा के पीतमराम को 39242 वोटों से पराजित कर अपनी हार का बदला लेने के साथ सीट हासिल की। सुरक्षित सीट होने के बाद अब तक सपा और भाजपा के विधायक रहे। सपा ने इस बार पीतमराम की पुत्रवधू आरती महेंद्र को अपना प्रत्याशी बनाया। जबकि भाजपा से बाबूराम पासवान मैदान में उतरे। बुधवार को हुए चुनाव में भाजपा और सपा के बीच सीधा मुकाबला होता दिखा।
मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्र शेरपुरकलां, टंडोला, जादौपुर गहलुइया आदि में सपा के पक्ष में जमकर मतदान हुआ। वहीं मुजफ्फरनगर, मोहम्मदपुर, रघुनाथपुर, घुंघचाई, सबलपुर, पिपरिया दुलई आदि गांवों में भाजपा के पक्ष में अधिक मतदान हुआ। मिश्रित आबादी वाले गांवों में सपा और भाजपा में टक्कर रही। इस बार किसान आंदोलन को लेकर सिख बहुल गांवों में सपा के पक्ष में अधिक मतदान हुआ। नगर का मोहल्ला कायस्थान पहले सपा बाहुल्य वोटरों का मोहल्ला माना जाता था मगर इस बार कायस्थान के लोगों का रुझान भाजपा की ओर दिखा। मोहल्ला बमनपुरी निवासी डॉ. तेज बहादुर तेजू का परिवार और उनके समर्थक अब तक सपा के पक्ष में मतदान करते थे। मगर डॉ. तेजबहादुर सिंह तेजू के भाजपा में शामिल होने से भाजपा का वोट बढ़ा।
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नगर में भाजपा का किला मजबूत देखा गया। बसपा के अशोक राजा भाजपा से चुनाव लड़ने को पिछले 10 सालों से तैयारी में जुटे रहे। मगर अंतिम समय टिकट न मिलने पर उन्होंने बसपा का दामन थामा। इस बजह से उन्होंने भाजपा के परंपरागत मतों कुछ वोटरों में सेंधमारी भी की। कांग्रेस के ईश्वरदयाल पासवान ने भाजपा के जातिगत मतों में सेंधमारी की। सपा प्रत्याशी को लेकर कई स्थानों पर मुस्लिम मतदाताओं में नाराजगी थी। इसका फायदा बसपा और कांग्रेस ने उठाने का प्रयास किया। मगर नाराजगी के बाद भी बहुमत में मुस्लिम मतदाताओं ने सपा के पक्ष में ही मतदान किया। शेरपुर कलां, लोधीपुर, मुझा सिरसा, गहलुईया,टनडोला आदि में सुबह 7 बजे से मतदान केंद पर मुस्लिमों की कतार थी। शाम तक मतदान हुआ। मतदान भी 60 प्रतिशत से अ धिक रहा।
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जिले की पूरनपुर सीट 2012 में सुरक्षित हुई थी। सुरक्षित होने के बाद पहली बार हुए चुनाव में सपा के पीतमराम ने भाजपा के बाबूराम पासवान को 30838 वोटों से पराजित कर सीट कब्जा किया था। सुरक्षित सीट पर दूसरी बार 2017 में हुए चुनाव में भाजपा के बाबूराम पासवान ने सपा के पीतमराम को 39242 वोटों से पराजित कर अपनी हार का बदला लेने के साथ सीट हासिल की। सुरक्षित सीट होने के बाद अब तक सपा और भाजपा के विधायक रहे। सपा ने इस बार पीतमराम की पुत्रवधू आरती महेंद्र को अपना प्रत्याशी बनाया। जबकि भाजपा से बाबूराम पासवान मैदान में उतरे। बुधवार को हुए चुनाव में भाजपा और सपा के बीच सीधा मुकाबला होता दिखा।
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मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्र शेरपुरकलां, टंडोला, जादौपुर गहलुइया आदि में सपा के पक्ष में जमकर मतदान हुआ। वहीं मुजफ्फरनगर, मोहम्मदपुर, रघुनाथपुर, घुंघचाई, सबलपुर, पिपरिया दुलई आदि गांवों में भाजपा के पक्ष में अधिक मतदान हुआ। मिश्रित आबादी वाले गांवों में सपा और भाजपा में टक्कर रही। इस बार किसान आंदोलन को लेकर सिख बहुल गांवों में सपा के पक्ष में अधिक मतदान हुआ। नगर का मोहल्ला कायस्थान पहले सपा बाहुल्य वोटरों का मोहल्ला माना जाता था मगर इस बार कायस्थान के लोगों का रुझान भाजपा की ओर दिखा। मोहल्ला बमनपुरी निवासी डॉ. तेज बहादुर तेजू का परिवार और उनके समर्थक अब तक सपा के पक्ष में मतदान करते थे। मगर डॉ. तेजबहादुर सिंह तेजू के भाजपा में शामिल होने से भाजपा का वोट बढ़ा।
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नगर में भाजपा का किला मजबूत देखा गया। बसपा के अशोक राजा भाजपा से चुनाव लड़ने को पिछले 10 सालों से तैयारी में जुटे रहे। मगर अंतिम समय टिकट न मिलने पर उन्होंने बसपा का दामन थामा। इस बजह से उन्होंने भाजपा के परंपरागत मतों कुछ वोटरों में सेंधमारी भी की। कांग्रेस के ईश्वरदयाल पासवान ने भाजपा के जातिगत मतों में सेंधमारी की। सपा प्रत्याशी को लेकर कई स्थानों पर मुस्लिम मतदाताओं में नाराजगी थी। इसका फायदा बसपा और कांग्रेस ने उठाने का प्रयास किया। मगर नाराजगी के बाद भी बहुमत में मुस्लिम मतदाताओं ने सपा के पक्ष में ही मतदान किया। शेरपुर कलां, लोधीपुर, मुझा सिरसा, गहलुईया,टनडोला आदि में सुबह 7 बजे से मतदान केंद पर मुस्लिमों की कतार थी। शाम तक मतदान हुआ। मतदान भी 60 प्रतिशत से अ धिक रहा।