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Pilibhit News: ग्रामीण क्षेत्रों के विरासत और रुचि के स्थल होंगे संरक्षित

Tue, 19 May 2026 01:07 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Tue, 19 May 2026 01:07 AM IST
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Heritage and places of interest in rural areas will be protected
पीलीभीत। पंचायती राज विभाग ने पंचायत धरोहर पहल के अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों के विरासत स्थलों और रुचि के स्थलों को संरक्षण करने के संबंध में निर्देश जारी किए हैं।
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इस क्रम में जिले के ऐतिहासिक विरासत के स्थल इलाबास देवल दसवीं शताब्दी का पौराणिक मंदिर और अवशेष के साथ महत्वपूर्ण शिलालेख, बिलसंडा स्थित नील कंठ सरोवर, राजा मोरध्वज का किला, शाहगढ़ बिलई खेड़ा, चक्र तीर्थ आदि धरोहरों के संरक्षण की उम्मीद बंधी है। ग्रामीण क्षेत्रों के विरासत स्थलों और रुचि के स्थलों को संरक्षण करने के संबंध में पंचायती राज विभाग के प्रमुख सचिव अनिल कुमार ने जिलाधिकारी को पत्र भेजा है।
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उस पत्र में कहा गया है कि पंचायत धरोहर पहल के अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में विरासत स्थल, रुचि स्थलों के दस्तावेजीकरण और संरक्षण कराएं। प्रत्येक जनपद में चिह्नित ग्रामीण विरासत स्थलों के त्रुटिरहित दस्तावेजों को तैयार कराएं। चिह्नित विरासतों का पुनः सत्यापन एवं गुणवत्तापरक डेटा संकलन कराएं। स्थानीय समुदाय की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करते हुए धरोहर संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने के निर्देश दिए। स्थलों के संरक्षण, सौंदर्यीकरण एवं उपयोगिता संवर्धन के लिए आवश्यक पंचायत स्तर पर कार्रवाई कराने पर जोर दिया।
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आदेश का अनुपालन कराने को डीपीआरओ को सौंपा पत्र
आदेश का अनुपालन कराने के संबंध में सामाजिक कार्यकर्ता एवं अधिवक्ता शिवम कश्यप व सामाजिक संस्था रूट क्लब के अध्यक्ष अरीब अहमद वारसी ने सोमवार को डीपीआरओ को पत्र सौंपा। इसमें ऐतिहासिक विरासत के स्थल इलाबास देवल, दसवीं शताब्दी का पौराणिक मंदिर, नील कंठ सरोवर, राजा मोरध्वज का किला, शाहगढ़ बिलई खेड़ा, चक्र तीर्थ के इतिहास को क्रमबद्ध कराने पर जोर दिया।

शिवम कश्यप ने बताया है कि इन धरोहरों के संरक्षण को लेकर कई वर्षों से प्रयासरत हैं। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग ने यहां सर्वे कार्य भी किया, जिसकी रिपोर्ट में यह महत्वपूर्ण स्थल बताया गया। इनके संरक्षण की दिशा में सफलता भी मिली। इलाबास देवल को राज्य पुरातत्व विभाग ने 2024 में संरक्षण की अधिसूचना जारी की। शाहगढ़ राजा वेणु के किले की प्रक्रिया विभाग में लंबित है। यदि विभाग शासन के अनुरूप कार्य कराता है तो टाइगर रिजर्व आने वाले पर्यटक भी इनकी ओर बढ़ेंगे। इससे गांव में विकास के साथ उन्नति होगी। संवाद
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