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पुलिस पर 1.10 लाख की वसूली का आरोप लगाने वाला ढाबा मालिक बैकफुट पर
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पूरनपुर। डोडा बरामदगी के नाम पर पुलिस पर 1.10 लाख रुपये की वसूली करने का आरोप लगाने वाला ढाबा मालिक बैकफुट पर आ गया। उसने एसपी को पत्र भेजकर आरोपी पुलिस कर्मियों पर कार्रवाई न चाहने का तर्क दिया है। शोर है कि ढाबा मालिक ने मोटी रकम हासिल कर समझौता कर लिया।
नगर निवासी एक युवक की असम हाईवे के सिरसा चौराहे पर मिठाई की दुकान और असम हाईवे पर ढाबा है। ढाबा मालिक सहित 28 लोगों पर जून माह में रात्रि बंदी के दौरान दुकान खोलने पर महामारी अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई थी। ढाबा मालिक ने दर्ज रिपोर्ट को निपटाने को उससे 20 हजार रुपये की वसूली का आरोप लगाया था। इसकी ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी। इसके अलावा कुछ दिन पहले ढाबा मालिक ने ढाबा पर डोडा तस्करी का आरोप लगाते हुए चार कांस्टेबलों पर 1.10 लाख रुपये की वसूली का आरोप लगाते हुए इसकी शिकायत एसपी से की थी। एसपी ने शिकायत को गंभीरता से लेकर कांस्टेबल सुरेंद्र पटेल, हनुमान यादव, विक्की को लाइन हाजिर कर दिया था। डायल 112 के इंस्पेक्टर राजेश कुमार को जांच सौंपी गई। उन्होंने लगातार दो दिन टीम के साथ ढाबा पर पहुंचकर जांच की। मामला चर्चा का विषय बना हुआ था। आरोपी पुलिस कर्मियों पर शीघ्र ही और कड़ी कार्रवाई की आशंका लोग व्यक्त कर रहे थे। इस दौरान मामले में नया मोड़ आ गया। ढाबा मालिक ने एसपी को भेजे पत्र में मामले में कोई कार्रवाई न चाहने की मांग की है। शोर है कि ढाबा मालिक का कुछ लोगों ने शिकायत के मामले में समझौता करा दिया। समझौता में ढाबा मालिक को मोटी रकम देना तय हुआ है। हालांकि ढाबा मालिक का कहना है कि उसने कोई मोटी रकम समझौता में नहीं ली है। कांस्टेबलों ने जो उससे वसूली की। उसे वापस चाहाता है। पहले पुलिस कर्मियों पर वसूली और बाद में कार्रवाई न चाहने को एसपी को लिखा पत्र नगर में चर्चा का विषय बना हुआ है।
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नगर निवासी एक युवक की असम हाईवे के सिरसा चौराहे पर मिठाई की दुकान और असम हाईवे पर ढाबा है। ढाबा मालिक सहित 28 लोगों पर जून माह में रात्रि बंदी के दौरान दुकान खोलने पर महामारी अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई थी। ढाबा मालिक ने दर्ज रिपोर्ट को निपटाने को उससे 20 हजार रुपये की वसूली का आरोप लगाया था। इसकी ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी। इसके अलावा कुछ दिन पहले ढाबा मालिक ने ढाबा पर डोडा तस्करी का आरोप लगाते हुए चार कांस्टेबलों पर 1.10 लाख रुपये की वसूली का आरोप लगाते हुए इसकी शिकायत एसपी से की थी। एसपी ने शिकायत को गंभीरता से लेकर कांस्टेबल सुरेंद्र पटेल, हनुमान यादव, विक्की को लाइन हाजिर कर दिया था। डायल 112 के इंस्पेक्टर राजेश कुमार को जांच सौंपी गई। उन्होंने लगातार दो दिन टीम के साथ ढाबा पर पहुंचकर जांच की। मामला चर्चा का विषय बना हुआ था। आरोपी पुलिस कर्मियों पर शीघ्र ही और कड़ी कार्रवाई की आशंका लोग व्यक्त कर रहे थे। इस दौरान मामले में नया मोड़ आ गया। ढाबा मालिक ने एसपी को भेजे पत्र में मामले में कोई कार्रवाई न चाहने की मांग की है। शोर है कि ढाबा मालिक का कुछ लोगों ने शिकायत के मामले में समझौता करा दिया। समझौता में ढाबा मालिक को मोटी रकम देना तय हुआ है। हालांकि ढाबा मालिक का कहना है कि उसने कोई मोटी रकम समझौता में नहीं ली है। कांस्टेबलों ने जो उससे वसूली की। उसे वापस चाहाता है। पहले पुलिस कर्मियों पर वसूली और बाद में कार्रवाई न चाहने को एसपी को लिखा पत्र नगर में चर्चा का विषय बना हुआ है।
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