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स्वास्थ्य विभाग के रिकॉर्ड में होम आइसोलेशन में कोरोना से नहीं हुई कोई मौत, मगर हकीकत कुछ और
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पीलीभीत। कोरोना संक्रमण अप्रैल और मई में पीक पर पहुंच गया था। मरीजों को शहर के अस्पतालों में बेड मिलना मुश्किल था। मजबूरी में तमाम गंभीर मरीजों को होम आइसोलेशन में रहना पड़ा। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक अब तक 8755 से ज्यादा संक्रमितों ने होम आइसोलेशन में रखा गया था। सरकारी रिकार्ड के अनुसार होम आइसोलेट हुए किसी मरीज की मौत नहीं हुई।
कोरोना संक्रमण फैलने के बाद अप्रैल और मई में शहर के श्मशान घाटों अंतिम संस्कार के लिए लाइन लग रही थी। केवल अप्रैल और मई में 475 लोगों का अंतिम संस्कार हुआ था। नगरपालिका ने दो माह में 300 लोगों के मृत्यु प्रमाण पत्र जारी किए। बावजूद इसके स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक सिर्फ 152 लोगों की कोरोना से मौत हुई है। कोविड अस्पताल में भर्ती मरीजों को नॉन कोविड दिखा दिया यगा। होम आइसोलेट मरीज की मौत होने को आंकड़ों में छिपाया गया है।
पूर्व मेडिकल ऑफिसर की होम आइसोलेशन में हुई थी मौत
शहर के मोहल्ला खकरा के रहने वाले पूर्व मेडिकल अफसर की होम आइसोलेशन में कोरोना से मौत हो गई। 13 अप्रैल को एंटीजन किट से हुई जांच में वह पॉजिटिव निकले थे। रिपोर्ट आने के बाद उन्होंने होम आइसोलेशन का विकल्प चुना था। 10 मई को उनकी होम आइसोलेशन में मौत हो गई थी। उनका अंतिम संस्कार कोविड प्रोटोकॉल के तहत किया गया था।
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बीसलपुर की महिला ने आइसोलेशन में दम तोड़ा था
बीसलपुर नगर की रहने वाली एक महिला की जांच रिपोर्ट मई में पॉजिटिव आई थी। वह होम आइसोलेट रहीं थीं। होम आइसोलेट के दौरान उनकी मौत हुई थी। मगर स्वास्थ्य विभाग ने उनकी भी मौत को अपने आंकड़ों में शामिल नहीं किया है।
जितनी मौतें कोरोना से हुई है। सभी को पोर्टल अपलोड किया गया है। अगर होम आइसोलेशन में किसी की मौत हुई और वह पोर्टल पर अगर अपडेट नहीं है, तो उसकी जानकारी करने के बाद पोर्टल पर अपडेट कराया जाएगा।- डॉ. सीमा अग्रवाल, सीएमओ
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कोरोना संक्रमण फैलने के बाद अप्रैल और मई में शहर के श्मशान घाटों अंतिम संस्कार के लिए लाइन लग रही थी। केवल अप्रैल और मई में 475 लोगों का अंतिम संस्कार हुआ था। नगरपालिका ने दो माह में 300 लोगों के मृत्यु प्रमाण पत्र जारी किए। बावजूद इसके स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक सिर्फ 152 लोगों की कोरोना से मौत हुई है। कोविड अस्पताल में भर्ती मरीजों को नॉन कोविड दिखा दिया यगा। होम आइसोलेट मरीज की मौत होने को आंकड़ों में छिपाया गया है।
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पूर्व मेडिकल ऑफिसर की होम आइसोलेशन में हुई थी मौत
शहर के मोहल्ला खकरा के रहने वाले पूर्व मेडिकल अफसर की होम आइसोलेशन में कोरोना से मौत हो गई। 13 अप्रैल को एंटीजन किट से हुई जांच में वह पॉजिटिव निकले थे। रिपोर्ट आने के बाद उन्होंने होम आइसोलेशन का विकल्प चुना था। 10 मई को उनकी होम आइसोलेशन में मौत हो गई थी। उनका अंतिम संस्कार कोविड प्रोटोकॉल के तहत किया गया था।
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बीसलपुर की महिला ने आइसोलेशन में दम तोड़ा था
बीसलपुर नगर की रहने वाली एक महिला की जांच रिपोर्ट मई में पॉजिटिव आई थी। वह होम आइसोलेट रहीं थीं। होम आइसोलेट के दौरान उनकी मौत हुई थी। मगर स्वास्थ्य विभाग ने उनकी भी मौत को अपने आंकड़ों में शामिल नहीं किया है।
जितनी मौतें कोरोना से हुई है। सभी को पोर्टल अपलोड किया गया है। अगर होम आइसोलेशन में किसी की मौत हुई और वह पोर्टल पर अगर अपडेट नहीं है, तो उसकी जानकारी करने के बाद पोर्टल पर अपडेट कराया जाएगा।- डॉ. सीमा अग्रवाल, सीएमओ