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नेताओं ने किसानों को धकेला बिरादरीवाद की खाई में : वीएम सिंह
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बीसलपुर। किसान मजदूर मोर्चा के मुखिया वीएम सिंह ने कहा कि नेताओं ने किसानों को बिरादरी वाद की खाई में धकेल कर उन्हें बर्बादी के रास्ते पर पहुंचा दिया है। किसान चाहे तो इस रास्ते से अभी भी लौट सकते हैं। मगर उन्हें अपने हक के लिए एकजुट होना पड़ेगा। वह गन्ना किसानों की समस्याओं को लेकर गन्ना समिति परिसर में चल रहे धरने में शामिल होकर सभा को संबोधित कर रहे थे।
धरने में शामिल होते हुए शनिवार को वीएम सिंह ने कहा कि किसानों के 3.50 करोड़ वोट हैं। किसान जो चाहे वही सरकार बन सकती है, लेकिन किसानों को अपनी ताकत का एहसास नहीं है। किसान जिस दिन अपनी ताकत पहचान लेगा, उसी दिन उसकी अधिकांश समस्याएं खत्म हो जाएगी। उनका संगठन किसानों को पिछले 11-12 वर्षों का गन्ना मूल्य भुगतान का ब्याज दिलाने के लिए 15 जुलाई को लखनऊ में मुख्य मंत्री का घेराव करेगा। सभी किसान इस कार्यक्रम में हर हालत में पहुंचें। तीन एकड़ खेती वाले किसानों को न्यूनतम रूप से 60 हजार रुपये ब्याज मिलेगा। बताया कि मुख्य मंत्री के घेराव के दौरान संगठन मांग करेगा कि किसानों को गन्ना मूल्य भुगतान समय पर मिले। किसानों को गन्ना मूल्य भुगतान और ब्याज देने के नाम पर गुमराह न किया जाए। कार्यक्रम का संचालन संगठन के मंडल संयोजक गुल्लू पहलवान ने किया। इस मौके पर काफी गन्ना किसान मौजूद थे।
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धरने में शामिल होते हुए शनिवार को वीएम सिंह ने कहा कि किसानों के 3.50 करोड़ वोट हैं। किसान जो चाहे वही सरकार बन सकती है, लेकिन किसानों को अपनी ताकत का एहसास नहीं है। किसान जिस दिन अपनी ताकत पहचान लेगा, उसी दिन उसकी अधिकांश समस्याएं खत्म हो जाएगी। उनका संगठन किसानों को पिछले 11-12 वर्षों का गन्ना मूल्य भुगतान का ब्याज दिलाने के लिए 15 जुलाई को लखनऊ में मुख्य मंत्री का घेराव करेगा। सभी किसान इस कार्यक्रम में हर हालत में पहुंचें। तीन एकड़ खेती वाले किसानों को न्यूनतम रूप से 60 हजार रुपये ब्याज मिलेगा। बताया कि मुख्य मंत्री के घेराव के दौरान संगठन मांग करेगा कि किसानों को गन्ना मूल्य भुगतान समय पर मिले। किसानों को गन्ना मूल्य भुगतान और ब्याज देने के नाम पर गुमराह न किया जाए। कार्यक्रम का संचालन संगठन के मंडल संयोजक गुल्लू पहलवान ने किया। इस मौके पर काफी गन्ना किसान मौजूद थे।
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