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पशुशाला में लगी अगा, 27 बकरी जिंदा जलीं
Updated Mon, 19 Mar 2018 09:19 PM IST
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पशुशाला में लगी अगा, 27 बकरी जिंदा जलीं
तेंदुए से बचाव को सुलगाई गई आग बनी हादसे की वजह
चीख पुकार पर जमा हुए ग्रामीणों ने किया काबू
19 पीबीटीपी 12,13स्र
अमर उजाला ब्यूरो
माधोटांडा/ पीलीभीत। तेंदुए की दहशत में पशुशाला के बाहर कूडा-करकट एकत्र कर लगाई गई आग सोमवार सुबह तड़के तीन बजे धुरिया पलिया गांव में हादसे की वजह बन गई। इससे निगली चिंगारी से पशुशाला में आग लग गई, जिसमें 27 बकरियां जिंदा जल गई। जबकि तीन झुलस गई। आग की जानकारी लगने पर चीखपुकार पर एकत्रित ग्रामीणों ने बमुश्किल आग पर काबू किया। सूचना मिलने पर राजस्व टीम ने मौका मुआयना कर हादसे की जानकारी जुटाई।
बराही रेंज से सटे माधोटांडा थाना क्षेत्र के धुरिया पलिया गांव में तेंदुए का आतंक है। कई बार तेंदुआ आबादी में आकर पशुओं को निवाला बना चुका है। इसी को लेकर ग्रामीण पशुओं की सुरक्षा के लिहाज से कोई न कोई जतन करते रहते हैं। गांव निवासी नरमी देवी बकरी पालन करती हैं। रविवार रात उन्होंने पशुशाला में बंधी बकरियों को तेंदुए से बचाने के लिए पशुशाला के कुछ दूरी पर आग जला दी थी। सुलग रही आग से उठी चिंगारी से पशुशाला में देर रात आग लग गई। इसका जब तक आभास हो पाता, आग भीषण हो चुकी थी। सोमवार सुबह तड़के करीब तीन बजे महिला की आग पर नजर पड़ी तो उसके होश उड़ गए। चीख पुकार कर आसपास के ग्रामीण एकजुट होकर आग को नियंत्रित। हालांकि तब तक काफी नुकसान हो चुका था। महिला का कहना है कि हादसे में 27 बकरियां जिंदा जल गईं है। सुबह जानकारी मिलने पर लेखपाल राजेश मौके पर पहुंचे और जांच की। उन्होंने बताया कि इसकी रिपोर्ट बनाकर तहसीलदार को दी जाएगी। बकरियों के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
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चूल्हे से निकली चिंगारी से छह आशियाने राख, दो पशु मरे
19 पीबीटीपी 9
अमर उजाला ब्यूरो
बीसलपुर/ दियोरिया। खाना बनाते वक्त चूल्हे से निकली चिंगारी से सोमवार सुबह करीब आठ बजे दियोरिया कस्बे में छह छप्पर राख हो गए। हादसे में काफी घरेलू सामान जल गया और दो पशुओं की मौत हो गई।
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दियोरिया कस्बा निवासी जगदीश चंद्र के घर सोमवार को सुबह चूल्हे पर खाना बनाया जा रहा था। इस बीच चूल्हे से निकली चिंगारी से छप्पर में आग लग गई। जगदीश ने परिवार के सदस्यों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचा। चीख पुकार कर आसपास के ग्रामीण भी जमा हो गए। इस बीच आग पर काबू किया जाता, इससे पहले ही आग ने पड़ोस के सूरजपाल, जगतपाल, नरेशपाल, मोहनलाल और भगवंता देवी के छप्परों को भी चपेट में ले लिया। जिसके बाद ग्रामीणों ने एकजुट होकर आग पर काबू किया। हादसे में सूरजपाल के एक गाय व बछड़े की मौत हो गई। जबकि जगदीश चंद्र का एक भैंसा गंभीर रुप से झुलस गया। इसके अलावा जंगपाल के छप्पर में रखे 20 हजार रुपये, कपड़े, वर्तन, अनाज आदि जला है। इसकी सूचना मिलने पर राजस्व विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और जानकारी की। इसमें सवा लाख रुपये के नुकसान का आंकलन किया है।
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तेंदुए से बचाव को सुलगाई गई आग बनी हादसे की वजह
चीख पुकार पर जमा हुए ग्रामीणों ने किया काबू
19 पीबीटीपी 12,13स्र
अमर उजाला ब्यूरो
माधोटांडा/ पीलीभीत। तेंदुए की दहशत में पशुशाला के बाहर कूडा-करकट एकत्र कर लगाई गई आग सोमवार सुबह तड़के तीन बजे धुरिया पलिया गांव में हादसे की वजह बन गई। इससे निगली चिंगारी से पशुशाला में आग लग गई, जिसमें 27 बकरियां जिंदा जल गई। जबकि तीन झुलस गई। आग की जानकारी लगने पर चीखपुकार पर एकत्रित ग्रामीणों ने बमुश्किल आग पर काबू किया। सूचना मिलने पर राजस्व टीम ने मौका मुआयना कर हादसे की जानकारी जुटाई।
बराही रेंज से सटे माधोटांडा थाना क्षेत्र के धुरिया पलिया गांव में तेंदुए का आतंक है। कई बार तेंदुआ आबादी में आकर पशुओं को निवाला बना चुका है। इसी को लेकर ग्रामीण पशुओं की सुरक्षा के लिहाज से कोई न कोई जतन करते रहते हैं। गांव निवासी नरमी देवी बकरी पालन करती हैं। रविवार रात उन्होंने पशुशाला में बंधी बकरियों को तेंदुए से बचाने के लिए पशुशाला के कुछ दूरी पर आग जला दी थी। सुलग रही आग से उठी चिंगारी से पशुशाला में देर रात आग लग गई। इसका जब तक आभास हो पाता, आग भीषण हो चुकी थी। सोमवार सुबह तड़के करीब तीन बजे महिला की आग पर नजर पड़ी तो उसके होश उड़ गए। चीख पुकार कर आसपास के ग्रामीण एकजुट होकर आग को नियंत्रित। हालांकि तब तक काफी नुकसान हो चुका था। महिला का कहना है कि हादसे में 27 बकरियां जिंदा जल गईं है। सुबह जानकारी मिलने पर लेखपाल राजेश मौके पर पहुंचे और जांच की। उन्होंने बताया कि इसकी रिपोर्ट बनाकर तहसीलदार को दी जाएगी। बकरियों के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
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चूल्हे से निकली चिंगारी से छह आशियाने राख, दो पशु मरे
19 पीबीटीपी 9
अमर उजाला ब्यूरो
बीसलपुर/ दियोरिया। खाना बनाते वक्त चूल्हे से निकली चिंगारी से सोमवार सुबह करीब आठ बजे दियोरिया कस्बे में छह छप्पर राख हो गए। हादसे में काफी घरेलू सामान जल गया और दो पशुओं की मौत हो गई।
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दियोरिया कस्बा निवासी जगदीश चंद्र के घर सोमवार को सुबह चूल्हे पर खाना बनाया जा रहा था। इस बीच चूल्हे से निकली चिंगारी से छप्पर में आग लग गई। जगदीश ने परिवार के सदस्यों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचा। चीख पुकार कर आसपास के ग्रामीण भी जमा हो गए। इस बीच आग पर काबू किया जाता, इससे पहले ही आग ने पड़ोस के सूरजपाल, जगतपाल, नरेशपाल, मोहनलाल और भगवंता देवी के छप्परों को भी चपेट में ले लिया। जिसके बाद ग्रामीणों ने एकजुट होकर आग पर काबू किया। हादसे में सूरजपाल के एक गाय व बछड़े की मौत हो गई। जबकि जगदीश चंद्र का एक भैंसा गंभीर रुप से झुलस गया। इसके अलावा जंगपाल के छप्पर में रखे 20 हजार रुपये, कपड़े, वर्तन, अनाज आदि जला है। इसकी सूचना मिलने पर राजस्व विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और जानकारी की। इसमें सवा लाख रुपये के नुकसान का आंकलन किया है।