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खेत की जुताई करते समय ट्रैक्टर के सामने आया तेंदुआ
Updated Sun, 18 Nov 2018 12:20 AM IST
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माधोटांडा (पीलीभीत)। सीमावर्ती क्षेत्र में तेंदुए का आतंक खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। आबादी क्षेत्र के निकट लगातार तेंदुए की दस्तक से ग्रामीणों में दहशत है। शुक्रवार देर शाम महराजपुर गांव के अंतर्गत खेत जुताई कर रहे गांव निवासी कैमूर अली के ट्रैक्टर के सामने दूसरे खेत से निकला तेंदुआ आ गया। इससे ट्रैक्टर चालक के होश उड़ गए। इस पर ट्रैक्टर चालक ने शोर शराबा व रोशनी के सहारे तेंदुए को आगे की ओर खदेड़ा।
बराही रेंज के अंतर्गत सीमावर्ती क्षेत्र में तेंदुए की चहलकदमी एक बार फिर ग्रामीणों के लिए सिर दर्द बन गई है। यहां तेंदुआ चार गांव की सीमा क्षेत्र में दस्तक देकर लगातार मवेशियों को निवाला बना रहा है। एक माह पूर्व टाइगर रिजर्व प्रशासन द्वारा एक नर तेंदुए को पिंजरे में कैद कर जंगल में छोड़ भी दिया गया, लेकिन इसके बाद भी ग्रामीणों को तेंदुए के आतंक से निजात नहीं मिल सकी। उसके बाद से ही साथी तेंदुए की सक्रियता क्षेत्र में बढ़ गई है। तेंदुए लगातार आबादी में दस्तक देकर ग्रामीणों के लिए मुसीबत बने हुए हैं। शुक्रवार देर शाम को खेत पर ट्रैक्टर से जुताई कर रहे महाराजपुर गांव निवासी किसान कैमूर अली के उस समय पसीने छूट गए जब पास के खेत से निकलकर एक तेंदुआ उसके ट्रैक्टर के सामने आ गया। डर के चलते ट्रैक्टर चालक किसान ने शोर-शराबा व रोशनी करनी शुरु की। जिस पर कुछ देर बाद तेंदुआ वहां से आगे की ओर निकल गया। इसके बाद नौजल्हा जाने वाले मार्ग पर भी तेंदुए की चहलकदमी देखी गई। नौजल्हा चौकी के वनकर्मियों ने बताया कि तेंदुए की चहलकदमी को लेकर लगातार निगरानी की जा रही है।
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बराही रेंज के अंतर्गत सीमावर्ती क्षेत्र में तेंदुए की चहलकदमी एक बार फिर ग्रामीणों के लिए सिर दर्द बन गई है। यहां तेंदुआ चार गांव की सीमा क्षेत्र में दस्तक देकर लगातार मवेशियों को निवाला बना रहा है। एक माह पूर्व टाइगर रिजर्व प्रशासन द्वारा एक नर तेंदुए को पिंजरे में कैद कर जंगल में छोड़ भी दिया गया, लेकिन इसके बाद भी ग्रामीणों को तेंदुए के आतंक से निजात नहीं मिल सकी। उसके बाद से ही साथी तेंदुए की सक्रियता क्षेत्र में बढ़ गई है। तेंदुए लगातार आबादी में दस्तक देकर ग्रामीणों के लिए मुसीबत बने हुए हैं। शुक्रवार देर शाम को खेत पर ट्रैक्टर से जुताई कर रहे महाराजपुर गांव निवासी किसान कैमूर अली के उस समय पसीने छूट गए जब पास के खेत से निकलकर एक तेंदुआ उसके ट्रैक्टर के सामने आ गया। डर के चलते ट्रैक्टर चालक किसान ने शोर-शराबा व रोशनी करनी शुरु की। जिस पर कुछ देर बाद तेंदुआ वहां से आगे की ओर निकल गया। इसके बाद नौजल्हा जाने वाले मार्ग पर भी तेंदुए की चहलकदमी देखी गई। नौजल्हा चौकी के वनकर्मियों ने बताया कि तेंदुए की चहलकदमी को लेकर लगातार निगरानी की जा रही है।
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