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वन रक्षक की मां पर झपटा तेंदुआ, भाग कर बचाई जान
Updated Tue, 21 Aug 2018 11:53 PM IST
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वनरक्षक की मां पर झपटा तेंदुआ, भागकर बचाई जान
घर से पास खेत पर घास काटने गई थी महिला
बूंदीभूड़ गांव में 24 घंटे में इंसानों पर तेंदुए के झपटने की दूसरी घटना
अमर उजाला ब्यूरो
माधोटांडा (पीलीभीत)। बराही क्षेत्र के नौजल्हा और बूंदीभूड़ गांव में पालतू पशुओं को निवाला बनाने वाले तेंदुओं की नजर अब इंसानों पर है। रविवार शाम बूंदीभूड़ गांव में एक महिला पर झपटने के बाद फैली दहशत अभी कम नहीं हो सकी थी कि सोमवार शाम इसी गांव के निवासी एक वनकर्मी की मां पर तेंदुए ने उस समय हमला कर दिया जब वह खेत में पशुओं के लिए घास काटने गई थी। तेंदुए को सामने देख महिला की सांसे थम सी गईं। डरी महिला के शोरशराबा करने पर तेंदुआ पास के गन्ने के खेत की ओर निकल गया। इसके बाद महिला घर की ओर भाग निकली। तेंदुए द्वारा इंसानों पर हमले की 24 घंटे के भीतर इस दूसरी घटना से ग्रामीण सकते में हैं।
टाइगर रिजर्व की बराही रेंज के सीमावर्ती इलाके बूंदीभूड़ व नौजल्हा गांव के क्षेत्र में तेंदुए का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। कहीं मवेशी पर हमला तो कहीं घर की बाउंड्री पर तेंदुए की आहट से लोग सहमे हैं। रविवार शाम बूंदीभूड़ गांव में घर के नजदीक मवेशियों के लिए खेत पर चारा काट रही महिला कुसुम देवी पर तेंदुआ झपट पड़ा था। महिला ने साहस करते हुए शोरशराबा किया और भागकर अपनी जान बचाई थी। बूंदीभूड़ गांव में 24 घंटे के भीतर तेंदुए ने गांव निवासी वन वॉचर राजेश कुमार की 55 वर्षीय मां दुलारी देवी पर सोमवार शाम उस समय हमले की कोशिश की जब वह अपने घर से एक किमी दूर मवेशियों के लिए चारा काटने गई थी। दुलारी के मुताबिक वह घास काटने को खेत की ओर आगे बढ़ी ही थी कि सामने से तेंदुआ निकल पड़ा। तेंदुए को अचानक सामने देख महिला सन्न रह गई। डरी सहमी महिला के शोरशराबा करने पर तेंदुआ वहां से पास के गन्ने के खेत की ओर निकल गया। तेंदुए के हटते ही मौका देख महिला शोर मचाते हुए घर की ओर भाग आई। शोरशराबे पर एकत्र हुए ग्रामीणों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी। इसके कुछ देर बाद नौजल्हा वन चौकी के डिप्टी रेंजर गिरीश कुमार वनकर्मियों के साथ मौके पर पहुंच गए। वनकर्मियों ने घटना की जानकारी करने के बाद गन्ने के खेत की तलाशी की।
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तेंदुए के हमलों की बन रही सूची
पिछले 25 दिन से नौजल्हा व बूंदीभूड़ गांव में आतंक मचा रहे तेंदुए अब तक एक दर्जन मवेशियों को अपना निवाला बना चुके हैं। जबकि हमले के चलते कई मवेशी घायल हुए हैं। वन महकमे द्वारा इन घटनाओं की कोई रिपोर्ट नहीं बनाई जा रही थी। इसके चलते ग्रामीण आक्रोश जता रहे थे। टाइगर रिजर्व अधिकारियों के निर्देश पर नौजल्हा वन चौकी के वनकर्मियों ने तेंदुए द्वारा किए गए हमलों की सूची बनानी शुरू कर दी है।
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वर्जन
तेंदुए के महिला पर झपटने की सूचना के बाद मौके पर पहुंचकर जानकारी जुटाई गई। तेंदुए की तलाश भी की गई। तेंदुआ वहां से आगे की ओर निकल गया है। तेंदुए की निगरानी करने के लिए लापरवाही नहीं बरती जा रही है। ग्रामीणों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। - गिरीश कुमार, डिप्टी रेंजर, नौजल्हा
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घर से पास खेत पर घास काटने गई थी महिला
बूंदीभूड़ गांव में 24 घंटे में इंसानों पर तेंदुए के झपटने की दूसरी घटना
अमर उजाला ब्यूरो
माधोटांडा (पीलीभीत)। बराही क्षेत्र के नौजल्हा और बूंदीभूड़ गांव में पालतू पशुओं को निवाला बनाने वाले तेंदुओं की नजर अब इंसानों पर है। रविवार शाम बूंदीभूड़ गांव में एक महिला पर झपटने के बाद फैली दहशत अभी कम नहीं हो सकी थी कि सोमवार शाम इसी गांव के निवासी एक वनकर्मी की मां पर तेंदुए ने उस समय हमला कर दिया जब वह खेत में पशुओं के लिए घास काटने गई थी। तेंदुए को सामने देख महिला की सांसे थम सी गईं। डरी महिला के शोरशराबा करने पर तेंदुआ पास के गन्ने के खेत की ओर निकल गया। इसके बाद महिला घर की ओर भाग निकली। तेंदुए द्वारा इंसानों पर हमले की 24 घंटे के भीतर इस दूसरी घटना से ग्रामीण सकते में हैं।
टाइगर रिजर्व की बराही रेंज के सीमावर्ती इलाके बूंदीभूड़ व नौजल्हा गांव के क्षेत्र में तेंदुए का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। कहीं मवेशी पर हमला तो कहीं घर की बाउंड्री पर तेंदुए की आहट से लोग सहमे हैं। रविवार शाम बूंदीभूड़ गांव में घर के नजदीक मवेशियों के लिए खेत पर चारा काट रही महिला कुसुम देवी पर तेंदुआ झपट पड़ा था। महिला ने साहस करते हुए शोरशराबा किया और भागकर अपनी जान बचाई थी। बूंदीभूड़ गांव में 24 घंटे के भीतर तेंदुए ने गांव निवासी वन वॉचर राजेश कुमार की 55 वर्षीय मां दुलारी देवी पर सोमवार शाम उस समय हमले की कोशिश की जब वह अपने घर से एक किमी दूर मवेशियों के लिए चारा काटने गई थी। दुलारी के मुताबिक वह घास काटने को खेत की ओर आगे बढ़ी ही थी कि सामने से तेंदुआ निकल पड़ा। तेंदुए को अचानक सामने देख महिला सन्न रह गई। डरी सहमी महिला के शोरशराबा करने पर तेंदुआ वहां से पास के गन्ने के खेत की ओर निकल गया। तेंदुए के हटते ही मौका देख महिला शोर मचाते हुए घर की ओर भाग आई। शोरशराबे पर एकत्र हुए ग्रामीणों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी। इसके कुछ देर बाद नौजल्हा वन चौकी के डिप्टी रेंजर गिरीश कुमार वनकर्मियों के साथ मौके पर पहुंच गए। वनकर्मियों ने घटना की जानकारी करने के बाद गन्ने के खेत की तलाशी की।
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तेंदुए के हमलों की बन रही सूची
पिछले 25 दिन से नौजल्हा व बूंदीभूड़ गांव में आतंक मचा रहे तेंदुए अब तक एक दर्जन मवेशियों को अपना निवाला बना चुके हैं। जबकि हमले के चलते कई मवेशी घायल हुए हैं। वन महकमे द्वारा इन घटनाओं की कोई रिपोर्ट नहीं बनाई जा रही थी। इसके चलते ग्रामीण आक्रोश जता रहे थे। टाइगर रिजर्व अधिकारियों के निर्देश पर नौजल्हा वन चौकी के वनकर्मियों ने तेंदुए द्वारा किए गए हमलों की सूची बनानी शुरू कर दी है।
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तेंदुए के महिला पर झपटने की सूचना के बाद मौके पर पहुंचकर जानकारी जुटाई गई। तेंदुए की तलाश भी की गई। तेंदुआ वहां से आगे की ओर निकल गया है। तेंदुए की निगरानी करने के लिए लापरवाही नहीं बरती जा रही है। ग्रामीणों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। - गिरीश कुमार, डिप्टी रेंजर, नौजल्हा