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विज्ञान प्रदर्शनी पर हुआ रीना सिंह का चयन

Wed, 02 Sep 2020 11:39 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Wed, 02 Sep 2020 11:39 PM IST
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Reena Singh selected on science exhibition
राज्य शिक्षक पुरस्कार के लिए चयन होने पर परिवार के साथ खुशी मनाती सहायक अध्यापिका रीना सिंह। - फोटो : MUZAFFARNAGAR
विज्ञान प्रदर्शनी पर हुआ रीना सिंह का चयन
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मुजफ्फरनगर। बच्चों को पढ़ाने के अच्छे कौशल और बीते आठ सालों से स्कूल में लग रही विज्ञान प्रदर्शनी के कारण सहायक अध्यापिका रीना सिंह का चयन राज्य शिक्षक पुरस्कार के लिए हुआ है। इस पुरस्कार की घोषणा होने से परिवार में जश्न का माहौल है।
प्राथमिक विद्यालय भैंसी नंबर दो की सहायक अध्यापिका रीना सिंह का चयन राज्य शिक्षक पुरस्कार के लिए हुआ है। वो वर्तमान में विद्यालय की कार्यवाहक प्रधानाध्यापिका है। इस पुरस्कार के लिए जनपद के सात शिक्षकों के नाम भेजे गए थे, जिनमें से रीना सिंह का चयन हुआ है। वद्द बीते दस वर्ष से इस विद्यालय में कार्यरत हैं। रीना सिंह मूल निवासी मोदीनगर की हैं, जिनकी शादी बागपत के पुरा महादेव निवासी संजीव मलिक से हुई है। वर्तमान में वो परिवार के साथ मेरठ में पीएसी के पास एकतानगर में रह रही हैं। पति संजीव मलिक भी प्राइमरी में शिक्षक है, जो दौराला के बड़कली प्राइमरी विद्यालय में कार्यरत है। रीना का चयन राज्य शिक्षक पुरस्कार के लिए होने पर परिवार में जश्न का माहौल है। सास इंद्रा मलिक, ससुर सलेकचंद मलिक, बेटे अर्जुन, युग मलिक के साथ रीना ने खुशी मनाई। रीना ने बताया कि उनका चयन बीते आठ साल से विद्यालय में लगाई जा रही विज्ञान प्रदर्शनी के आधार पर हुआ है।
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डॉ अब्दुल कलाम आदर्श मॉडल के जरिये छात्रों को पढ़ाया
मुजफ्फरनगर। सहायक अध्यापिका रीना सिंह ने बताया कि पूर्व राष्ट्रपति डॉ एपीजे अब्दुल कलाम उनके आदर्श हैं। उन्होंने छोटे बच्चों को विज्ञान और गणित मॉडल के आधार पर पढ़ाया। बच्चों को इंग्लिश में स्पीच देना सिखाया। बच्चों को पढ़ाने में नए कौशल प्रयोग किए।
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बेसिक स्कूलों के प्रति क्रेज बढ़ा
मुजफ्फरनगर। रीना सिंह ने बताया कि यदि लगन और मेहनत से कोई भी काम किया जाए तो सफलता जरूर मिलती है। बीते दस साल में उनके विद्यालयों के बच्चों ने अच्छा प्रदर्शन किया है। यदि सभी इसी तरह से कार्य करें तो बेसिक स्कूलों के प्रति अभिभावकों का क्रेज बढ़ेगा।
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