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महामारी अंधेरे में रोशन हुईं उम्मीदें
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खालापार में अपने घर की छत पर मोमबत्तियां जलाते मुस्लिम समाज के लोग।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
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दीप जलाने के साथ ही संकट से निजात के लिए की प्रार्थना
गिरिराज सिंह
मुजफ्फरनगर। महामारी के घोर अंधेरे में नौ मिनट का प्रकाश लोगों में उम्मीद और हौसले को जगा गया। प्रधानमंत्री के आह्वान पर मनाए गए प्रकाश पर्व में हर खास-ओ-आम की सहभागिता रही। न कहीं धर्म की दीवार दिखी और न ही वर्गों का बंटवारा। सबने अपने अंदाज में देश के मुखिया की मुहिम को आगे बढ़ाया।
कोरोना वायरस से डरे सहमे लोगों ने प्रधानमंत्री के आह्वान को सकारात्मक नजरिए से लिया। कोरोना पर इसका क्या असर होगा यह तो किसी को नहीं पता, लेकिन हर किसी का अपना तर्क है। खालापार में घर के बाहर दीये जला रहे जमील अहमद और शमशुल ने कहा किपीएम ने आह्वान किया है तो हर नागरिक का फर्ज है कि उनके साथ जुड़े। मीनाक्षी चौक, शहर कोतवाली, थाना सिविल लाइंस में दिन भर की ड्यूटी से थके पुलिसकर्मियों में भी जबर्दस्त उत्साह दिखाया। जाट कॉलोनी में वृद्धा कमलेश देवी, युवा राहुल पंवार, अंसारी रोड पर रंजना सिंह ने दावा किया कि एक साथ दीये जलाने और प्रकाश करने से कोरोना परास्त होगा। गांधी कॉलोनी के जसप्रीत सिंह, नुमाइश कैंप के ओमपाल वर्मा को उम्मीद है कि अब कोरोना का असर कम होता जाएगा। प्रकाश पर्व का कोरोना पर चाहे असर जो हो लेकिन प्रकाश पर्व ने कोरोना से डरे लोगों में उत्साह का संचार किया है।
नजर आया थाली और ताली जैसा क्रेज
जनता कर्फ्यू के दौरान 22 मार्च की शाम को थाली और ताली बजाने में लोगों ने जिस तरह का उत्साह दिखाया था दीये जलाने का भी उतना ही क्रेज रहा। पहले से ही तैयारी किए बैठे लोगों ने न केवल नौ मिनट बल्कि घंटों तक अपने घरों को रोशन किए रखा।
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गिरिराज सिंह
मुजफ्फरनगर। महामारी के घोर अंधेरे में नौ मिनट का प्रकाश लोगों में उम्मीद और हौसले को जगा गया। प्रधानमंत्री के आह्वान पर मनाए गए प्रकाश पर्व में हर खास-ओ-आम की सहभागिता रही। न कहीं धर्म की दीवार दिखी और न ही वर्गों का बंटवारा। सबने अपने अंदाज में देश के मुखिया की मुहिम को आगे बढ़ाया।
कोरोना वायरस से डरे सहमे लोगों ने प्रधानमंत्री के आह्वान को सकारात्मक नजरिए से लिया। कोरोना पर इसका क्या असर होगा यह तो किसी को नहीं पता, लेकिन हर किसी का अपना तर्क है। खालापार में घर के बाहर दीये जला रहे जमील अहमद और शमशुल ने कहा किपीएम ने आह्वान किया है तो हर नागरिक का फर्ज है कि उनके साथ जुड़े। मीनाक्षी चौक, शहर कोतवाली, थाना सिविल लाइंस में दिन भर की ड्यूटी से थके पुलिसकर्मियों में भी जबर्दस्त उत्साह दिखाया। जाट कॉलोनी में वृद्धा कमलेश देवी, युवा राहुल पंवार, अंसारी रोड पर रंजना सिंह ने दावा किया कि एक साथ दीये जलाने और प्रकाश करने से कोरोना परास्त होगा। गांधी कॉलोनी के जसप्रीत सिंह, नुमाइश कैंप के ओमपाल वर्मा को उम्मीद है कि अब कोरोना का असर कम होता जाएगा। प्रकाश पर्व का कोरोना पर चाहे असर जो हो लेकिन प्रकाश पर्व ने कोरोना से डरे लोगों में उत्साह का संचार किया है।
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नजर आया थाली और ताली जैसा क्रेज
जनता कर्फ्यू के दौरान 22 मार्च की शाम को थाली और ताली बजाने में लोगों ने जिस तरह का उत्साह दिखाया था दीये जलाने का भी उतना ही क्रेज रहा। पहले से ही तैयारी किए बैठे लोगों ने न केवल नौ मिनट बल्कि घंटों तक अपने घरों को रोशन किए रखा।

प्रेम पुरी में मोमबत्ती जलाकर कोरोना वायरस से मुक्ति का संकल्प लेते युवा।- फोटो : MUZAFFARNAGAR

नगर में दीयें व टार्च की रोशनी फैलाकर महामारी के अंधकार को मिटाने का संकल्प लेते नागरिक।- फोटो : MUZAFFARNAGAR

नगर में दीपक जलाकर सकल्प लेते 90 वर्षीय दंपती।- फोटो : MUZAFFARNAGAR

नगर में नौ दीपक जलाकर महामारी का अंधकार मिटाने का संकल्प करती महिला ।- फोटो : MUZAFFARNAGAR

अंसारी रोड पर अपने घर की छत पर दीये जलाती बालिका।- फोटो : MUZAFFARNAGAR

विहंगम दृश्य: रविवार रात नौ बजे ऊंचाई से कुछ इस तरह दिखा मुजफ्फरनगर शहर। फोटो: मनीष कुमार।- फोटो : MUZAFFARNAGAR
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