Muzaffarnagar: विधायक के नाम से फर्जी चिट्ठी, जांच के घेरे में ये अधिकारी, खड़े हो रहे सवाल, जानें पूरा मामला
Muzaffarnagar News : विधायक के नाम से फर्जी चिट्ठी लिखी गई है। वहीं, चिट्ठी की वजह से ये अधिकारी जांच के घेरे में आ गए हैं। जानिए आखिर पूरा मामला क्या है।
विस्तार
मुजफ्फरनगर में सरकारी विभागों में नेताओं की फर्जी चिट्ठी पर जांच और सवाल खड़े हो रहे हैं। आजमगढ़ के सदर विधायक दुर्गा प्रसाद यादव के नाम से जिले में तैनात सिंचाई विभाग के जेई की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर कर दी गई, जबकि विधायक ने शिकायत से इन्कार किया है।
सिंचाई विभाग के अवर अभियंता विकास कुमार पर जानसठ और बुढ़ाना नगर पंचायतों का भी कार्यभार है। सपा के आजमगढ़ विधायक दुर्गा प्रसाद यादव के लेटर पैड पर उनके नाम से ही मुख्यमंत्री पोर्टल पर जेई की शिकायत की गई। आरोप लगाया कि जेई ने पिछले कार्यकाल में भ्रष्टाचार किया था।
दोबारा से सांठगांठ कर बुढ़ाना, जानसठ और सिसौली नगर पंचायत का चार्ज ले लिया है। शिकायत पर जांच शुरू हुई। अधिकारियों ने जेई से मामले की जानकारी ली तो उन्होंने स्पष्ट किया। उन्होंने बताया कि सिसौली नगर पंचायत में कार्यभार ग्रहण ही नहीं किया है। उधर, विधायक का कहना है कि उन्होंने कभी किसी की शिकायत नहीं की। मुजफ्फरनगर के किसी मामले की शिकायत का कोई आधार भी नहीं है।
यह भी पढ़ें: चंदे पर बवाल: महिलाओं ने छतों से बरसाए पत्थर, फेंकीं बोतलें, लखनऊ तक गूंजा मामला, आज ड्रोन से होगी निगरानी
किसने प्रयोग किया विधायक का लेटर पैड
विधायक की बगैर जानकारी के लेटर पैड पर शिकायत की गई है। सवाल है कि आखिर वह कौन व्यक्ति है, जिसने विधायक का लेटर पैड प्रयोग किया है। माना जा रहा है कि व्यक्ति जानसठ, बुढ़ाना या सिसौली नगर पंचायत से जुड़ा हो सकता है। तीनों नगर पंचायतों को लेकर ही शिकायत की गई है। पहले भी कई विधायकों के लेटर पैड प्रयोग किए गए हैं।
यह भी पढ़ें: HOLI: होलिका दहन पर नहीं होगा भद्रा का साया, 30 साल बाद बना दुर्लभ योग, राशि अनुसार शुभ मुहुर्त में करें पूजन
रालोद जिलाध्यक्ष के नाम से की थी शिकायतपिछले दिनों खुद को रालोद जिलाध्यक्ष रामवीर बताते हुए गन्ना शोध संस्थान की शिकायत की गई थी। जांच शुरू हुई तो पता चला कि रालोद में कभी रामवीर नाम से जिले में कोई जिलाध्यक्ष ही नहीं रहा।