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Saharanpur: सुधीर-सोनिया की मौत... साथ जीने की कसमें खाई थीं, पता न था मौत भी साथ ही आएगी
Wed, 14 Aug 2024 02:53 AM IST
मोहम्मद मुस्तकीम
अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर
अमर उजाला नेटवर्क, मुजफ्फरनगर
Published by: मोहम्मद मुस्तकीम
Updated Wed, 14 Aug 2024 02:53 AM IST
सार
प्रेम विवाह करने वाले सुधीर और सोनिया ने घरवालों की रजामंदी से प्रेम विवाह किया था। उनकी यूं इतनी जल्दी इस तरह चले जाना बेहद दुखद है।
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सुधीर और सोनिया का फाइल फोटो।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
सहारनपुर के अनुसूचित जाति के सिपाही सुधीर और बागपत के धनौरा सिल्वर नगर की कोरी समाज की सोनिया ने परिजनों की रजामंदी से प्रेम विवाह किया था। दोनों ने साथ जीने की कसम खाई थी, लेकिन वक्त ऐसा बदला कि सांसों की डोर साथ-साथ टूटी। परिवार से मिलने की चाह में दो दिन का अवकाश लेकर घर आए थे।
सहारनपुर के गांव अहमदपुर ब्राह्मण माजरा निवासी सुधीर और उसकी पत्नी सोनिया 2018 में पुलिस में भर्ती हुए थे। दोनों एक ही बैच के थे। दोनों के बीच प्रेम-प्रसंग शुरू हुआ। परिजनों की सहमति से दो साल पहले दोनों ने शादी की थी। सुधीर की तैनाती मुरादाबाद के कटघर व सोनिया की तैनाती पास के ही थाने नागफनी में थी।
दोनों का परिवार से मिलने का मन था। रविवार शाम को दोनों गांव पहुंचे थे और मंगलवार सुबह लगभग छह बजे बाइक पर घर से डयूटी के लिए चले थे। सुधीर के भाई संदीप ने बताया कि कई दिन से परिवार से मिलने आने की बात कर रहे थे।
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सहारनपुर के गांव अहमदपुर ब्राह्मण माजरा निवासी सुधीर और उसकी पत्नी सोनिया 2018 में पुलिस में भर्ती हुए थे। दोनों एक ही बैच के थे। दोनों के बीच प्रेम-प्रसंग शुरू हुआ। परिजनों की सहमति से दो साल पहले दोनों ने शादी की थी। सुधीर की तैनाती मुरादाबाद के कटघर व सोनिया की तैनाती पास के ही थाने नागफनी में थी।
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दोनों का परिवार से मिलने का मन था। रविवार शाम को दोनों गांव पहुंचे थे और मंगलवार सुबह लगभग छह बजे बाइक पर घर से डयूटी के लिए चले थे। सुधीर के भाई संदीप ने बताया कि कई दिन से परिवार से मिलने आने की बात कर रहे थे।
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परिवार का खर्च चलाने की थी जिम्मेदारी
सुधीर के पिता मजदूरी करते हैं। सुधीर से दो बड़े भाई विक्रम व संदीप हैं। विक्रम मजदूरी करता है, संदीप आइटीआई कर रहा है। सबसे छोटा सुधीर पुलिस में था। उस पर परिवार की जिम्मेदारी थी। गमगीन पिता ने कहा कि लाड़ला उन्हें छोड़कर चला गया।
ऐसा है सोनिया का परिवार
बागपत के गांव धनोरा सिल्वरनगर निवासी सोनिया का एक भाई शिक्षक है तो दूसरा भाई सोनू आइटीबीपी में तैनात था, बाद में उसने नौकरी छोड़ दी थी। सोनू का कहना है कि उनका परिवार सोनिया को बेहद प्यार करता था।
सुधीर के पिता मजदूरी करते हैं। सुधीर से दो बड़े भाई विक्रम व संदीप हैं। विक्रम मजदूरी करता है, संदीप आइटीआई कर रहा है। सबसे छोटा सुधीर पुलिस में था। उस पर परिवार की जिम्मेदारी थी। गमगीन पिता ने कहा कि लाड़ला उन्हें छोड़कर चला गया।
ऐसा है सोनिया का परिवार
बागपत के गांव धनोरा सिल्वरनगर निवासी सोनिया का एक भाई शिक्षक है तो दूसरा भाई सोनू आइटीबीपी में तैनात था, बाद में उसने नौकरी छोड़ दी थी। सोनू का कहना है कि उनका परिवार सोनिया को बेहद प्यार करता था।
बिलासपुर कट के पास ट्रक में लगी आग।
- फोटो : अमर उजाला
एक घंटे में बुझी आग
लगभग आठ बजकर बीस मिनट पर हादसा हुआ। आठ बजकर 26 मिनट पर दमकल विभाग टीम को सूचना दी। दमकल टीम ने पहुंच कर ट्रक में लगी आग को लगभग एक घंटे में बुझाया। पुलिस ने हाइड्रा की मदद ली। आसपास के लोग और पुलिसकर्मी बचाव कार्य में जुटे रहे। इस दौरान ट्राले का कुंडा तोड़कर बजरी निकाली और ट्रक का वजन कम होने के बाद शव बाहर निकाले गए। एसपी सिटी सत्य नारायण प्रजापत, सिटी मजिस्ट्रेट विकास कश्यप व सीओ नई मंडी रुपाली राव मौके पर पहुंची थी।
पहले सुधीर और फिर सोनिया का निकाला शव
ट्रक के नीचे गड्ढा खोदा गया, तब सुधीर के शव को निकाला गया। उधर, लगभग एक घंटे रेस्क्यू कर ट्रक के बोनट के नीचे दबी सोनिया के शव को बाहर निकाला गया। हादसे में ट्रक का अगला हिस्सा खाई में उतर गया था, जिस कारण दंपती दब गए थे।
लगभग आठ बजकर बीस मिनट पर हादसा हुआ। आठ बजकर 26 मिनट पर दमकल विभाग टीम को सूचना दी। दमकल टीम ने पहुंच कर ट्रक में लगी आग को लगभग एक घंटे में बुझाया। पुलिस ने हाइड्रा की मदद ली। आसपास के लोग और पुलिसकर्मी बचाव कार्य में जुटे रहे। इस दौरान ट्राले का कुंडा तोड़कर बजरी निकाली और ट्रक का वजन कम होने के बाद शव बाहर निकाले गए। एसपी सिटी सत्य नारायण प्रजापत, सिटी मजिस्ट्रेट विकास कश्यप व सीओ नई मंडी रुपाली राव मौके पर पहुंची थी।
पहले सुधीर और फिर सोनिया का निकाला शव
ट्रक के नीचे गड्ढा खोदा गया, तब सुधीर के शव को निकाला गया। उधर, लगभग एक घंटे रेस्क्यू कर ट्रक के बोनट के नीचे दबी सोनिया के शव को बाहर निकाला गया। हादसे में ट्रक का अगला हिस्सा खाई में उतर गया था, जिस कारण दंपती दब गए थे।
सुधीर के गमजदा परिजन।
- फोटो : अमर उजाला
हाईवे पर लग गया जाम
हादसा होने के बाद पुलिस ने रामपुर तिराहे की तरफ से सुजडू चौक की तरफ जाने वाले मार्ग का यातायात रोक कर वन वे व्यवस्था शुरू की थी। क्योंकि वाहनों के रुकने के कारण जाम के हालात बन गए थे। इस दौरान सैकड़ों लोग मौके पर एकत्र हो गए थे।
बिजली सप्लाई कराई बंद
ट्रक में आग लगने के दौरान घटना स्थल के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन विद्युत लाइन में सप्लाई चालू थी। तारों से निकली चिंगारी से भी ट्रक में आग लगी थी। हादसे के बाद पुलिस ने सप्लाई को बंद कराया था।
हादसा होने के बाद पुलिस ने रामपुर तिराहे की तरफ से सुजडू चौक की तरफ जाने वाले मार्ग का यातायात रोक कर वन वे व्यवस्था शुरू की थी। क्योंकि वाहनों के रुकने के कारण जाम के हालात बन गए थे। इस दौरान सैकड़ों लोग मौके पर एकत्र हो गए थे।
बिजली सप्लाई कराई बंद
ट्रक में आग लगने के दौरान घटना स्थल के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन विद्युत लाइन में सप्लाई चालू थी। तारों से निकली चिंगारी से भी ट्रक में आग लगी थी। हादसे के बाद पुलिस ने सप्लाई को बंद कराया था।