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Muzaffarnagar News: गैंगस्टर एक्ट में दोषी को दो वर्ष कैद की सजा
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मुजफ्फरनगर। हत्या के मुकदमे के कारण लगे गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में कोर्ट ने सुनवाई कर एक आरोपी को दोषी ठहराते हुए दो वर्ष कैद की सजा सुनाई। दोषी पर पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया।
ग्राम चानचक थाना पुरकाजी निवासी गुरनाम सिंह पुत्र दरबार सिंह ने दो फरवरी 2000 को थाना पुरकाजी पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया था कि घटना वाले दिन वह और उसका भाई जोगिंदर सिंह एवं उसका लड़का मेहर सिंह अपने खेतों से घर लौट रहे थे। सायं करीब 4:30 बजे जब वे चकरोड से चमरावाला जाने वाली पक्की सड़क के पास पहुंचे तो पालू के ईख के खेत से गुरमेज उर्फ पप्पू व गुरलाल उर्फ बग्गी पुत्रगण गुरदयाल सिंह निवासी चानचक थाना पुरकाजी ने अपने हाथों में तमंचा, लाठी बलकटी लिए हुए घेर लिया। जिसके बाद उन्होंने मारपीट की। आरोप था कि उन्होंने उसके भाई जोगिंदर सिंह की लाठी-डंडो से पीटकर और तमंचे से गोली मार कर हत्या कर दी। दोनों बदमाशों को हत्या के उक्त मामले में आजीवन कारावास की सजा हो चुकी है। आरोपी गुरभेज उर्फ पप्पू पहले ही गैंगस्टर के मुकदमे में सजा पा चुका है।
गुरुलाल उर्फ बग्गी पुत्र गुरदयाल निवासी चानचक का एक संगठित गिरोह था। जिसका मुखिया वह स्वयं था। ये लोग क्षेत्र में अपराधिक घटनाएं अंजाम देते थे। इन्हीं कृत्यों के आधार पर तत्कालीन थाना प्रभारी पुरकाजी विजयबहादुर सिंह ने उनके विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट का मुकदमा दर्ज किया था। जिसकी विवेचना तत्कालीन थाना प्रभारी पुरकाजी ओमप्रकाश सिंह ने की थी। शुक्रवार को गैंगस्टर एक्ट कोर्ट के पीठासीन अधिकारी काशिफ सेख ने आरोपी गुरुलाल उर्फ बग्गी को दोषी ठहराते हुए दो वर्ष कैद की सजा सुनाई।
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ग्राम चानचक थाना पुरकाजी निवासी गुरनाम सिंह पुत्र दरबार सिंह ने दो फरवरी 2000 को थाना पुरकाजी पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया था कि घटना वाले दिन वह और उसका भाई जोगिंदर सिंह एवं उसका लड़का मेहर सिंह अपने खेतों से घर लौट रहे थे। सायं करीब 4:30 बजे जब वे चकरोड से चमरावाला जाने वाली पक्की सड़क के पास पहुंचे तो पालू के ईख के खेत से गुरमेज उर्फ पप्पू व गुरलाल उर्फ बग्गी पुत्रगण गुरदयाल सिंह निवासी चानचक थाना पुरकाजी ने अपने हाथों में तमंचा, लाठी बलकटी लिए हुए घेर लिया। जिसके बाद उन्होंने मारपीट की। आरोप था कि उन्होंने उसके भाई जोगिंदर सिंह की लाठी-डंडो से पीटकर और तमंचे से गोली मार कर हत्या कर दी। दोनों बदमाशों को हत्या के उक्त मामले में आजीवन कारावास की सजा हो चुकी है। आरोपी गुरभेज उर्फ पप्पू पहले ही गैंगस्टर के मुकदमे में सजा पा चुका है।
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गुरुलाल उर्फ बग्गी पुत्र गुरदयाल निवासी चानचक का एक संगठित गिरोह था। जिसका मुखिया वह स्वयं था। ये लोग क्षेत्र में अपराधिक घटनाएं अंजाम देते थे। इन्हीं कृत्यों के आधार पर तत्कालीन थाना प्रभारी पुरकाजी विजयबहादुर सिंह ने उनके विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट का मुकदमा दर्ज किया था। जिसकी विवेचना तत्कालीन थाना प्रभारी पुरकाजी ओमप्रकाश सिंह ने की थी। शुक्रवार को गैंगस्टर एक्ट कोर्ट के पीठासीन अधिकारी काशिफ सेख ने आरोपी गुरुलाल उर्फ बग्गी को दोषी ठहराते हुए दो वर्ष कैद की सजा सुनाई।
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