फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   Two crooks arrested

गुटखा व्यापारी था बदमाशों के टारगेट पर

Mon, 04 Apr 2016 12:32 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर Updated Mon, 04 Apr 2016 12:32 AM IST
विज्ञापन
Two crooks arrested
मुजफ्फरनगर में पकड़े गए बदमाशों के विषय में जानकारी देते एसपी सिटी। - फोटो : अमर उजाला

एसएसपी के निर्देश पर चलाए गए चेकिंग अभियान में क्राइम ब्रांच और मंसूरपुर पुलिस ने दो शातिर बदमाश दबोचे। बदमाश जेल में बंद गाजियाबाद के एक शातिर के इशारे पर शहर के बड़े गुटका कारोबारी की हत्या कर लूट करने वाले थे। पुलिस को दोनों के पास से दो देसी पिस्टल, भारी मात्रा में कारतूस और एक चोरी की बाइक मिली है।

विज्ञापन


एसएसपी केबी सिंह के निर्देश पर एसपी सिटी संतोष मिश्रा के नेतृत्व में क्राइम ब्रांच और मंसूरपुर थाना पुलिस ने संयुक्त रूप से शनिवार को चेकिंग अभियान चलाया। मंसूरपुर क्षेत्र के सोंटा रेलवे फाटक के पास पुलिस ने बाइक सवार दो युवकों को रुकने का इशारा किया तो दोनों बाइक गिराकर भाग निकले।
विज्ञापन


पुलिस ने पीछा कर दोनों को पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उनके पास से दो देसी पिस्टल और भारी मात्रा में कारतूस मिले। एसपी सिटी ने रविवार को पुलिस लाईन में प्रेसवार्ता कर बताया कि दोनों बदमाश सुमित पुत्र रणपाल निवासी अंती थाना खतौली और जोनी गड़रिया पुत्र सुरेंद्र कुमार निवासी अमित विहार, नई मंडी हैं। दोनों बहुत शातिर अपराधी हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


दोनों की योजना शहर के एक बड़े गुटका कारोबारी से रुपये ले जाने के दौरान हत्या कर कैश लूटने की थी। एसपी ने बताया कि जिला कारागार में बंद गाजियाबाद निवासी बदमाश संदीप ठाकुर के इशारे पर कारोबारी को लूटने की योजना बनाई गई थी। सुमित पर खतौली, मंसूरपुर और तितावी में लूट, हत्या, अपहरण के चार और जोनी पर तितावी, सिखेड़ा, मंसूरपुर थानों में संगीन मामलों के चार मुकदमे दर्ज हैं।

जोनी शहर के एक कॉलेज से पालीटेक्निक भी कर रहा है। एसएसपी ने पुलिस टीम को पांच हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की है। बदमाशों को पकड़ने वाली टीम में एसओ मंसूरपुर अमरेश कुमार बघेल, स्वाट (स्पेशल वैपंस एंड टेक्टिस टीम) टीम प्रभारी अरुण कुमार सिंह,  रोजंत त्यागी, योगेश शर्मा, भरत लाल शाह आदि मौजूद रहे। 

जेल में बनाया गया पूरा प्लान
एसपी सिटी के अनुसार पकड़ा गया बदमाश सुमित तीन साल से जेल में बंद था। जेल में वह गाजियाबाद के बदमाश संदीप ठाकुर के संपर्क में आया। पैसे कमाने के लिए दोनों ने हाथ मिलाए। जनवरी में सुमित जेल से बाहर आया तो संदीप ने उसे एक कारोबारी के बारे में बताया।

जेल की बैरक नंबर 16 बी से फोन पर सारी बातें समझाई गईं। सबसे बड़ी बात गैंग की ये थी कि किसी भी बदमाश को एक-दूसरे की जानकारी नहीं थी। सभी को निर्धारित दिन शहर में झांसी की रानी चौक पर मिलना था। गाड़ी और हथियारों की व्यवस्था संदीप ने ही करा दी थी।

चेकिंग में बदमाश अगर पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ते तो शहर के बीच एक बहुत बड़े गुटका व्यापारी की हत्या हो जाती। पकड़े गए बदमाशों के कई और साथी अभी प्रकाश में आने बाकी हैं। संदीप के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी और उसके द्वारा चलाए जा रहे फोन को भी बरामद किया जाएगा।


गुटका कारोबारी के यहां है इसी माह शादी
बदमाशों द्वारा शहर के जिस कारोबारी के साथ वारदात की जानी थी, उसके यहां इसी माह शादी है। कारोबारी खुद शादी के कार्ड आदि बांटने में लगा हुआ है, जबकि बदमाश उसके साथ बड़ी वारदात करने के प्रयास में जुटे हुए थे।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed