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सूर्य नमस्कार का विरोध करने वालों पर कार्रवाई करे सरकार: मुशर्रफ
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मुस्लिम छात्रों को सूर्य नमस्कार से बचने के बयान की निंदा
संवाद न्यूज एजेंसी
देवबंद (सहारनपुर)। मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के जिला संयोजक राव मुशर्रफ अली ने सूर्य नमस्कार के प्रस्तावित कार्यक्रम में आल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के महासचिव मौलाना खालिद सैफुल्लाह रहमानी के उस बयान की निंदा की है, जिसमें उन्होंने मुस्लिम छात्र-छात्राओं को सूर्य नमस्कार व योग से बचने को कहा है।
शुक्रवार को जारी बयान में राव मुशर्रफ ने कहा कि सूर्य नमस्कार के प्रति इस प्रकार के विचार रखना प्रकृति के साथ नफरत और गद्दारी है। कोई मौलाना हो, ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड हो, जमीयत उलमा-ए-हिंद हो या फिर दारुल उलूम हो। जो कोई भी ऐसे बयान देता है, वह समाज में अलगाववाद तथा नफरत पैदा करता है। उन्होंने कहा कि ऐसे बयान राष्ट्रहित में नहीं है, यह देश के लिए बहुत खतरनाक है। क्योंकि यह पहले इंसान को अलगाववादी बनाते हैं, फिर कट्टरपंथी बनाते हैं और फिर इनमें से ही आतंकवादी पैदा होते हैं। सरकार को चाहिए ऐसे संगठनों पर प्रतिबंध लगाना लगाए और इनके बयानों के खिलाफ कार्रवाई भी करें। संवाद
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संवाद न्यूज एजेंसी
देवबंद (सहारनपुर)। मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के जिला संयोजक राव मुशर्रफ अली ने सूर्य नमस्कार के प्रस्तावित कार्यक्रम में आल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के महासचिव मौलाना खालिद सैफुल्लाह रहमानी के उस बयान की निंदा की है, जिसमें उन्होंने मुस्लिम छात्र-छात्राओं को सूर्य नमस्कार व योग से बचने को कहा है।
शुक्रवार को जारी बयान में राव मुशर्रफ ने कहा कि सूर्य नमस्कार के प्रति इस प्रकार के विचार रखना प्रकृति के साथ नफरत और गद्दारी है। कोई मौलाना हो, ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड हो, जमीयत उलमा-ए-हिंद हो या फिर दारुल उलूम हो। जो कोई भी ऐसे बयान देता है, वह समाज में अलगाववाद तथा नफरत पैदा करता है। उन्होंने कहा कि ऐसे बयान राष्ट्रहित में नहीं है, यह देश के लिए बहुत खतरनाक है। क्योंकि यह पहले इंसान को अलगाववादी बनाते हैं, फिर कट्टरपंथी बनाते हैं और फिर इनमें से ही आतंकवादी पैदा होते हैं। सरकार को चाहिए ऐसे संगठनों पर प्रतिबंध लगाना लगाए और इनके बयानों के खिलाफ कार्रवाई भी करें। संवाद
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