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Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर - कामदेव चूर्ण के उत्पादन और बिक्री पर लगाई रोक
Tue, 26 Sep 2023 01:22 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
Updated Tue, 26 Sep 2023 01:22 AM IST
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- मानकों का पालन नहीं करने पर हुई कार्रवाई, सैंपल भरे गए
संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। आयुर्वेदिक एवं यूनानी चिकित्सा विभाग ने जिले में बनने वाले कामदेव चूर्ण के उत्पादन और बिक्री पर रोक लगा दी है। उत्पादन में मानकों का पालन नहीं करने पर यह कार्रवाई की गई है। चूर्ण के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं।
क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ. इसमपाल ने बताया कि विभाग के पास शिकायत आई थी कि शहर के कुंदनपुरा की एंकर फार्मा कामदेव चूर्ण के निर्माण में मानकों का पालन नहीं कर रही है। कामदेव चूर्ण में ड्रग एवं मैजिक एक्ट 1954 के नियमों का उल्लंघन किया जा रहा है। इसके बाद विभाग की टीम ने नियमानुसार सैंपल लेते हुए राजकीय प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजे गए हैं।
कंपनी को विभाग ने एक पत्र भी जारी किया है। इस पत्र में कहा गया है कि तत्काल प्रभाव से कामदेव चूर्ण के उत्पादन और बिक्री पर रोक लगा दी गई है। बाजार में अब इसका क्रय-विक्रय नहीं होगा। यदि किसी होलसेलर, रिटेलर, मेडिकल स्टोर पर कामदेव चूर्ण आयुर्वेदिक औषधि की खरीद या बिक्री पाई जाती है तो नियम के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। डॉ. इसमपाल ने बताया कि अगर चूर्ण के सैंपल फेल हो जाते हैं तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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मुजफ्फरनगर। आयुर्वेदिक एवं यूनानी चिकित्सा विभाग ने जिले में बनने वाले कामदेव चूर्ण के उत्पादन और बिक्री पर रोक लगा दी है। उत्पादन में मानकों का पालन नहीं करने पर यह कार्रवाई की गई है। चूर्ण के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं।
क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ. इसमपाल ने बताया कि विभाग के पास शिकायत आई थी कि शहर के कुंदनपुरा की एंकर फार्मा कामदेव चूर्ण के निर्माण में मानकों का पालन नहीं कर रही है। कामदेव चूर्ण में ड्रग एवं मैजिक एक्ट 1954 के नियमों का उल्लंघन किया जा रहा है। इसके बाद विभाग की टीम ने नियमानुसार सैंपल लेते हुए राजकीय प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजे गए हैं।
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कंपनी को विभाग ने एक पत्र भी जारी किया है। इस पत्र में कहा गया है कि तत्काल प्रभाव से कामदेव चूर्ण के उत्पादन और बिक्री पर रोक लगा दी गई है। बाजार में अब इसका क्रय-विक्रय नहीं होगा। यदि किसी होलसेलर, रिटेलर, मेडिकल स्टोर पर कामदेव चूर्ण आयुर्वेदिक औषधि की खरीद या बिक्री पाई जाती है तो नियम के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। डॉ. इसमपाल ने बताया कि अगर चूर्ण के सैंपल फेल हो जाते हैं तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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