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तंगहाली के बाद रोजी रोटी की तलाश में निकले थे सफर पर

Sun, 20 Sep 2020 11:39 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sun, 20 Sep 2020 11:39 PM IST
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After the trouble, Rosie went on a journey in search of bread
तंगहाली के बाद रोजी रोटी की तलाश में निकले थे सफर पर
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तितावी (मुजफ्फरनगर)। गांव पीपलहेड़ा में रोजी-रोटी की तलाश में निकलकर हादसे का शिकार हुए सभी 35 लोग सात परिवारों से थे। कोविड-19 के लॉकडाउन की छह माह की तंगहाली झेलने के बाद श्रमिक ईंट-भट्ठे पर मजदूरी करने पंजाब जा रहे थे। इनमें से तीन परिवारों के दो सगे भाई समेत चार लोग मौत का शिकार हुए, जिनमें से दो परिवारों में कोई कमाने वाला भी नहीं बचा है।
थाना क्षेत्र का गांव पीपलहेड़ा ठाकुर बहुल है, जहां गिनती के परिवार अनुसूचित जाति के रहते हैं। मूल रूप से मेहनत-मजदूरी करने वाले इन परिवारों में किसी के भी पास जमीन तक नहीं है और ईंट-भट्ठों पर मजदूरी करना ही इनका पुश्तैनी धंधा रहा है। इसके चलते ये परिवार साल के आठ महीने सुदूरवर्ती ईंट-भट्ठों पर मजदूरी करते हैं और बाकी के चार महीने गांव में रहते हैं। करीब छह माह से कोविड-19 के चलते लॉकडाउन की तंगहाली झेलने के बाद शनिवार रात करीब दस बजे सात परिवारों के 35 सदस्य हंसी-खुशी पंजाब के लिए रवाना हुए थे, लेकिन मात्र ढाई घंटे बाद ही इन परिवारों की खुशियां छिन गईं। करीब 12.30 बजे डायल-112 के पुलिसकर्मियों ने ग्राम प्रधान ललिता को हादसे में चार लोगों की मौत की सूचना दी, जिसके बाद गांव में कोहराम मच गया।
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दो परिवारों में कोई कमाने वाला नहीं बचा
तितावी। हादसे में तीन परिवारों के दो सगे भाइयों समेत चार लोग मौत का शिकार हुए हैं। इनमें दो सगे भाई विपिन (27) व नीटू (22) शामिल हैं। इनमें विपिन विवाहित है, जिसके परिवार में पत्नी व चार बच्चे हैं, जबकि नीटू अविवाहित था। परिवार में केवल दो ही बेटे थे, जो एक साथ मौत के आगोश में समा गए हैं। इसके बाद इन दोनों भाइयों के परिवार में केवल वृद्ध मां-बाप के साथ ही विपिन की पत्नी व चार बच्चे रह गए हैं, जिनके लिए कमाने वाला कोई नहीं बचा है। वहीं, तीसरा मृतक लाल्ला (40) पुत्र कदरू भी परिवार में इकलौता था, जिसके परिवार में अब वृद्ध मां-बाप के साथ ही पत्नी व चार बच्चे ही रह गए हैं। हादसे में लाल्ला की मौत के बाद इस परिवार के सामने भी रोजी-रोटी का संकट उत्पन्न हो गया है, जिससे उबरने का रास्ता किसी को नजर नहीं आ रहा है। इनके अलावा, हादसे में मरे चौथे युवक सोनू (22) पुत्र चतरसिंह के परिवार में मां-बाप के साथ ही तीन भाई, सोनू की पत्नी व दो बच्चे रह गए हैं।
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