मुरादाबाद। सपा नेता आजम खान ने मुरादाबाद कोर्ट से बाहर आकर कहा कि वह जन्म से अंधे नहीं हैं। आज के हालात ने उन्हें अंधा बना दिया है। बृहस्पतिवार को सपा विधायक छजलैट के 14 साल पुराने मामले में कोर्ट पहुंचे थे।
कोर्ट के बाहर पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए आजम खां ने ओवैसी के उस बयान पर कहा, जिसमें उन्होंने कहा था कि उत्तर प्रदेश में लोगों के घरों पर बुलडोजर चलाया जा रहा है और कांवड़ियों पर हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा की जा रही है। इस पर उन्होंने कहा कि जिन्होंने बयान दिया है। उनसे ही पूछिए। इसके आगे उन्होंने कहा कि लू लू मॉल में नमाज पढ़ने वाले भी बीजेपी के लोग थे और हनुमान चालीसा का पाठ करने वाले भी बीजेपी के लोग थे। ये लोग जनता को आपस में लड़ा कर तमाशा देखने का अवसर ढूंढते हैं। लुलु माल का मालिक आरएसएस को फंड देता है। मॉल का नाम बदलना चाहिए, लेकिन नाम नहीं बदला जाएगा क्योंकि इस नाम से मालिक कमा रहा है। आजम खां ने आने वाले लोकसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर भी तंज कसा। उन्होंने कहा अभी तो लंगोट सिलने को दिए गए हैं। विधानसभा चुनाव में हार के सवाल पर आजम खां ने कहा कि हम सिकंदर तो नहीं, लेकिन हम मदारी के बंदर बन गए हैं। कभी रामपुर कोर्ट में, कभी लखनऊ, मुंबई, फिरोजाबाद की कोर्ट में पेश होते रहते है। उन्होंने ओम प्रकाश राजभर को छोटा नेता बताते हुए कहा कि ऐसे नेताओं के आने और जाने से सपा पर कोई असर नहीं पड़ेगा। अगर ऐसे नेताओं के जाने से सपा पर असर पड़ता तो न जाने सपा कब की खत्म हो चुकी होती।