Moradabad: झोलाछाप ने साथियों के साथ मिल रची साजिश, डॉक्टर से मांगी 25 लाख की रंगदारी, एक गलती से जेल गए
मुरादाबाद पुलिस ने डॉक्टर से रंगदारी मांगने के आरोपी में तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। इसमें दो भाई शामिल हैं। एसपी सिटी अखिलेश भदौरिया ने बताया कि डॉ. अतीकुर्रहमान कैलसा रोड पर अलशिफा नाम से नर्सिंग होम चलाते हैं। उन्हें आरोपियों ने फोन कर 25 लाख की रंगदारी मांगी थी।
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पाकबड़ा के डॉ. अतीकुर्रहमान से 25 लाख रुपये की रंगदारी मांगने की साजिश झोलाछाप डॉक्टर शाहरुख ने अपने तीन दोस्त जुनैद, जीशान और मोहम्मद जैद के साथ मिलकर की थी। जुनैद और जीशान सगे भाई हैं और वह पाकबड़ा क्षेत्र में ही सैनेट्री की दुकान चलाते हैं। पुलिस ने सर्विलांस सेल की मदद से तीन आरोपी गिरफ्तार कर लिए हैं। जबकि मो. जैद की तलाश की जा रही है।
एसपी सिटी अखिलेश भदौरिया ने बताया कि पाकबड़ा में दिल्ली रोड स्थित खैरुलनिशा मंजिल निवासी डॉ. अतीकुर्रहमान कैलसा रोड पर अलशिफा नाम से नर्सिंग होम चलाते हैं। उन्होंने मंगलवार को पाकबड़ा थाने में केस दर्ज कराया था। जिसमें डॉक्टर ने बताया कि रविवार की शाम करीब छह बजे वह नर्सिंग होम में अपने चेंबर में मरीज देख रहे थे।
इसी दौरान उनके मोबाइल पर एक अंजान नंबर से कॉल आई थी। कॉल करने वाले ने 25 लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी। रकम न देने पर डॉक्टर और उनके बेटे की हत्या करने की धमकी दी थी। पुलिस ने रंगदारी मांगने में इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबर को सर्विलांस की मदद से ट्रेस किया।
जिसके जरिए पुलिस ने संभल जनपद के असमोली थाना क्षेत्र के रतूपुरा गांव निवासी झोलाछाप डॉक्टर शाहरुख को गिरफ्तार कर लिया। इससे पूछताछ के बाद पुलिस ने इनके दोस्त पाकबड़ा थाना क्षेत्र के मालीपुर निवासी जुनैद और उसके भाई जीशान को गिरफ्तार किया।
तीनों ने पुलिस पूछताछ में कबूला है कि उन्होंने डॉ. अतीकुर्रहमान से फोन पर 25 लख रुपये की रंगदारी मांगी थी। इस घटना में इनके साथ अमरोहा के डिडौली थाना क्षेत्र के मोहल्ला चौधरियान जोया निवासी मो. जैद भी शामिल था। पुलिस ने आरोपियों से रंगदारी मांगने पर इस्तेमाल मोबाइल, सिम और तमंचे बरामद किए हैं। पुलिस जैद की तलाश में जुटी है।
अपने पिता का इलाज कराने गया था शाहरुख
मुख्य आरोपी शाहरुख ने पुलिस पूछताछ में बताया कि वह अपने पिता अनवर का इलाज कराने के लिए पाकबड़ा स्थित अलशिफा नर्सिंग होम में गया था। तब उसने देखा कि डॉक्टर अतीकुर्रहमान के पास काफी रकम है। बड़ी संख्या में मरीज आते हैं। तब उसने योजना बना ली थी कि डॉक्टर से रकम वसूली जा सकती है।
इसके लिए उसने अपने साथी मो. जैद, जुनैद और उसके भाई जिशान को पूरी प्लानिंग बताई। चारों को पैसों की जरूरत थी। इसलिए उन्होंने रकम वसूल में देरी नहीं की। उन्हें पूरा विश्वास था कि डॉक्टर डर जाएंगे और आसानी से रकम दे देगा। लेकिन डॉक्टर पुलिस के पास पहुंच गए थे।
धमकी देने के लिए खरीदा छोटा मोबाइल
गांव में क्लीनिक चलाने वाले झोलाछाप डॉक्टर शाहरुख ने पुलिस को बताया कि उसने डॉक्टर को धमकाने के लिए 700 रुपये में शाहपुर चौराहे से सैमसंग का छोटा मोबाइल खरीदा था। ताकी पुलिस उन्हें ट्रेस न कर पाए। आरोपियों ने कॉल के लिए मोबाइल तो पुराना खरीद लिया था लेकिन सिम जिशान की आईडी से खरीदा था। इसके अलावा जिशान के आईफोन से डॉक्टर को व्हाट्सएप पर उनके बेटे का फोटो भेजा था। जिसके जरिए पुलिस आरोपियों तक पहुंच गई।