{"_id":"6000b58c8ebc3e2f7566b06f","slug":"police-is-sitting-on-hand-bail-city-news-mbd3761698139","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाथ पर हाथ रखे बैठी रही पुलिस, जमानत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हाथ पर हाथ रखे बैठी रही पुलिस, जमानत
विज्ञापन
मुरादाबाद। बुजुर्ग शेर सिंह को आत्महत्या के लिए मजबूर करने के वाले आरोपी सिपाही महेंद्र पाल सिंह और उसके बेटे ने अग्रिम जमानत के लिए कोर्ट में प्रार्थना पत्र दाखिल कर दिया। जबकि मझोला पुलिस हाथ पर हाथ रखे बैठी रही और उनकी गिरफ्तारी के लिए दबिश देने का दावा करती रही। अदालत ने गुरुवार को प्रार्थना पत्र पर सुनवाई करते हुए आरोपियों का थाने से आपराधिक इतिहास तलब किया है। अब इस मामले में 22 जनवरी को सुनवाई होगी।
मझोला थानाक्षेत्र के धीमरी गांव निवासी लीलावती ने सिपाही महेंद्र पाल सिंह और उसके बेटे नितीश कुमार निवासी हिमगिरी कालोनी थाना सिविल लाइंस के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने और जान से मारने की धमकी देने की धाराओं में केस दर्ज कराया था। जिसमें महिला ने बताया कि 2011 में आरोपी महेंद्र पाल सिंह ने उसके पति की पौने तीन बीघा जमीन का बैनामा अपनी पत्नी उर्मिला के नाम करा लिया था, लेकिन रकम नहीं दी थी। इससे आहत होकर मेरे पति दर-दर भटकते रहे थे, लेकिन न्याय नहीं मिला था। पंद्रह दिसंबर से शेर सिंह अपने ही घर में अनशन पर बैठे थे। आठ जनवरी को शेर सिंह की मौत हो गई थी। एक सप्ताह बाद भी पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। शेर सिंह की पत्नी लीलावती का आरोप है कि पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी का कोई प्रयास नहीं कर रही है। गुरुवार को आरोपियों ने अपनी अधिवक्ता की मदद से अग्रिम जमानत के लिए अदालत में प्रार्थना पत्र दाखिल कर दिया। इस मामले में गुरुवार को अदालत में सुनवाई हुई। अदालत ने थाने से दोनों आरोपियों का आपराधिक इतिहास मांगा है। अब इस मामले में 22 जनवरी को सुनवाई होगी।
विज्ञापन
मझोला थानाक्षेत्र के धीमरी गांव निवासी लीलावती ने सिपाही महेंद्र पाल सिंह और उसके बेटे नितीश कुमार निवासी हिमगिरी कालोनी थाना सिविल लाइंस के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने और जान से मारने की धमकी देने की धाराओं में केस दर्ज कराया था। जिसमें महिला ने बताया कि 2011 में आरोपी महेंद्र पाल सिंह ने उसके पति की पौने तीन बीघा जमीन का बैनामा अपनी पत्नी उर्मिला के नाम करा लिया था, लेकिन रकम नहीं दी थी। इससे आहत होकर मेरे पति दर-दर भटकते रहे थे, लेकिन न्याय नहीं मिला था। पंद्रह दिसंबर से शेर सिंह अपने ही घर में अनशन पर बैठे थे। आठ जनवरी को शेर सिंह की मौत हो गई थी। एक सप्ताह बाद भी पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। शेर सिंह की पत्नी लीलावती का आरोप है कि पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी का कोई प्रयास नहीं कर रही है। गुरुवार को आरोपियों ने अपनी अधिवक्ता की मदद से अग्रिम जमानत के लिए अदालत में प्रार्थना पत्र दाखिल कर दिया। इस मामले में गुरुवार को अदालत में सुनवाई हुई। अदालत ने थाने से दोनों आरोपियों का आपराधिक इतिहास मांगा है। अब इस मामले में 22 जनवरी को सुनवाई होगी।
विज्ञापन