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Moradabad News: सावन के अंतिम सोमवार को मंदिरों में गूंजे भोलेनाथ के जयकारे
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मुरादाबाद। सावन के आखिरी सोमवार को शिवालयों में दिनभर बम-बम भोले और हर-हर महादेव के जयकारे गूंजते रहे। हालांकि अंतिम सोमवार को रक्षाबंधन होने की वजह से कांवड़ियों की संख्या कम ही रही। शाम को बड़ी संख्या में श्रद्धालु दीये जलाने के लिए मंदिरों में पहुंचे।
शिवालयों में सुबह से ही शिवभक्तों की जलाभिषेक करने के लिए भीड़ लगी रही। शहर में सबसे ज्यादा भीड़ चौरासी घंटा मंदिर और झारखंडी महादेव मंदिर पर देखने को मिली। श्रद्धालुओं ने उपवास पर भोलेनाथ की पूजा अर्चना की। चौरासी घंटा मंदिर के मुख्य पुजारी पंडित विष्णु दत्त शर्मा ने बताया कि सुबह में भद्रा काल होने की वजह से बहुत से श्रद्धालुओं ने सुबह चार बजे जलाभिषेक किया। पहले जो श्रद्धालु डाक कांवड़ लेकर आए थे। उन्होंने जलाभिषेक किया और फिर बाद में अन्य श्रद्धालुओं ने पूजा की।
झारखंडी महादेव मंदिर के महंत भोलेनाथ योगीराज ने बताया कि सुबह श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया। शाम को मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दीये जलाने के लिए आए, क्योंकि मंदिर में सावन मास में 40 दिन तक दीये जलाने की मान्यता है। श्री शिवहरि मंदिर के पुजारी पंडित नारायण जोशी ने बताया कि सुबह जलाभिषेक और शाम को कीर्तन हुआ। इसके बाद सामूहिक आरती की गई। पूजा के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को प्रसाद दिया गया। इसके अलावा ऋणमुक्तेश्वर महादेव मंदिर, माता मंदिर लाइनपार, मनोकामना श्री हनुमान मंदिर रेलवे काॅलोनी आदि मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ रही।
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शिवालयों में सुबह से ही शिवभक्तों की जलाभिषेक करने के लिए भीड़ लगी रही। शहर में सबसे ज्यादा भीड़ चौरासी घंटा मंदिर और झारखंडी महादेव मंदिर पर देखने को मिली। श्रद्धालुओं ने उपवास पर भोलेनाथ की पूजा अर्चना की। चौरासी घंटा मंदिर के मुख्य पुजारी पंडित विष्णु दत्त शर्मा ने बताया कि सुबह में भद्रा काल होने की वजह से बहुत से श्रद्धालुओं ने सुबह चार बजे जलाभिषेक किया। पहले जो श्रद्धालु डाक कांवड़ लेकर आए थे। उन्होंने जलाभिषेक किया और फिर बाद में अन्य श्रद्धालुओं ने पूजा की।
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झारखंडी महादेव मंदिर के महंत भोलेनाथ योगीराज ने बताया कि सुबह श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया। शाम को मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दीये जलाने के लिए आए, क्योंकि मंदिर में सावन मास में 40 दिन तक दीये जलाने की मान्यता है। श्री शिवहरि मंदिर के पुजारी पंडित नारायण जोशी ने बताया कि सुबह जलाभिषेक और शाम को कीर्तन हुआ। इसके बाद सामूहिक आरती की गई। पूजा के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को प्रसाद दिया गया। इसके अलावा ऋणमुक्तेश्वर महादेव मंदिर, माता मंदिर लाइनपार, मनोकामना श्री हनुमान मंदिर रेलवे काॅलोनी आदि मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ रही।
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