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मास्टर प्लान-2031 : दो साल देरी से तैयार महायोजना की फाइल, दो माह से शासन में अटकी
Mon, 06 Feb 2023 01:16 PM IST
ranjeett ranjeett
अमर उजाला ब्यूरो मुरादाबाद
अमर उजाला ब्यूरो मुरादाबाद
Published by: ranjeett ranjeett
Updated Mon, 06 Feb 2023 01:16 PM IST
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मुरादाबाद। महानगर के अगले दस साल के विकास को लेकर तैयार खाके की फाइल शासन में अटकी हुई है। पहले से ही विलंब से तैयार शहर के मास्टर प्लान-2031 के लागू होने में हो रही देरी का असर शहर के विकास पर भी पड़ रहा है।
सूत्रों की माने तो इस महीने के अंत तक शासन यहां से भेजे गए मास्टर प्लान पर कुछ अन्य जानकारी मांगने के बाद उस पर फाइनल मुहर लगा सकता है। मुरादाबाद विकास प्राधिकरण द्वारा इससे पहले तैयार किया गया मास्टर प्लान वर्ष 2021 में समाप्त हो चुका है। वर्ष-2021-2031 तक के मास्टर प्लान को दो साल पहले ही बन कर तैयार हो जाना चाहिए था, लेकिन कोरोना के प्रकोप व अन्य कारणों से ऐसा हो नहीं सका। एक साल पहले इसे तैयार करने की कवायद शुरू की गई।
फाइनल होने से पहले तत्कालीन वीसी मदुसूदन हुल्गी व कमिश्नर आंजनेय कुमार सिंह में कुछ मुद्दों को लेकर हुए मतभेद के कारण मास्टर प्लान काफी दिनों तक जिला स्तर पर ही लटका रहा। हुल्गी को इसका खामियाजा स्थानांतरण के रूप में भुगतना पड़ा।
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उनके स्थान पर आए नये वीसी शैलेष कुमार ने मास्टर प्लान-2031 को तैयार कराया और जैसे-तैसे दो माह पहले एमडीए बोर्ड की बैठक में इसे पास कराने के बाद कुछ कमियों आदि में सुधार के बाद शासन को भेज भी दिया, लेकिन शासन की मुहर अभी नहीं लग सकी है। जिसके कारण यह मास्टर प्लान अभी भी लागू नहीं हो सका है। हालांकि वीसी व कमिश्रनर पहले इसके दिसंबर में फाइनल होने की बात कहते रहे हैं।
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सूत्रों की माने तो इस महीने के अंत तक शासन यहां से भेजे गए मास्टर प्लान पर कुछ अन्य जानकारी मांगने के बाद उस पर फाइनल मुहर लगा सकता है। मुरादाबाद विकास प्राधिकरण द्वारा इससे पहले तैयार किया गया मास्टर प्लान वर्ष 2021 में समाप्त हो चुका है। वर्ष-2021-2031 तक के मास्टर प्लान को दो साल पहले ही बन कर तैयार हो जाना चाहिए था, लेकिन कोरोना के प्रकोप व अन्य कारणों से ऐसा हो नहीं सका। एक साल पहले इसे तैयार करने की कवायद शुरू की गई।
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फाइनल होने से पहले तत्कालीन वीसी मदुसूदन हुल्गी व कमिश्नर आंजनेय कुमार सिंह में कुछ मुद्दों को लेकर हुए मतभेद के कारण मास्टर प्लान काफी दिनों तक जिला स्तर पर ही लटका रहा। हुल्गी को इसका खामियाजा स्थानांतरण के रूप में भुगतना पड़ा।
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उनके स्थान पर आए नये वीसी शैलेष कुमार ने मास्टर प्लान-2031 को तैयार कराया और जैसे-तैसे दो माह पहले एमडीए बोर्ड की बैठक में इसे पास कराने के बाद कुछ कमियों आदि में सुधार के बाद शासन को भेज भी दिया, लेकिन शासन की मुहर अभी नहीं लग सकी है। जिसके कारण यह मास्टर प्लान अभी भी लागू नहीं हो सका है। हालांकि वीसी व कमिश्रनर पहले इसके दिसंबर में फाइनल होने की बात कहते रहे हैं।