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जब राहुल गांधी को क्लीन चिट तो मुझ पर क्यों लगाया प्रतिबंध: आजम खां
Fri, 03 May 2019 04:26 PM IST
vivek shukla
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुरादाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुरादाबाद
Published by: vivek shukla
Updated Fri, 03 May 2019 04:26 PM IST
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आजम खां
- फोटो : अमर उजाला
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सपा-बसपा गठबंधन के रामपुर संसदीय सीट से प्रत्याशी और पूर्व मंत्री आजम खां ने चुनाव आयोग के फैसले पर सवालिया निशान लगाया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह पर जो आरोप लगाए थे, ठीक उसी तरह की बात मैंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और दिसंबर 1992 में यूपी के तत्कालीन सीएम को लेकर कही थी। राहुल गांधी को तो चुनाव आयोग ने क्लीन चिट दे दी है, फिर मेरे उपर बैन क्यों लगाया गया।
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चुनाव आयोग का 48 घंटे का प्रतिबंध समाप्त होने के बाद आजम खां शुक्रवार को अपने आवास पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि मेरे कथन और राहुल गांधी के कथन में फर्क क्या है, लेकिन चुनाव आयोग का रवैया मेरे बयान को लेकर पक्षपातपूर्ण रहा। आजम खां ने कहा कि राहुल गांधी ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष पर जो आरोप लगाया थे, उसे चुनाव आयोग ने गलत नहीं माना है। इसका मतलब तो यही हुआ कि राहुल गांधी ने अमित शाह पर जो आरोप लगाए हैं वह सच है।
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आजम खां ने कहा कि क्या अल्पसंख्यकों के खिलाफ नफरत फैलाना ही देशभक्ति है। देश के प्रधानमंत्री नफरत की भाषा बोल रहे हैं। ऐसे में तो यही लगता है कि देश अघोषित हिन्दू राष्ट्र बन गया है। अब बहुसंख्यक समुदाय को यह फैसला करना है कि वह अल्पसंख्यकों को साथ रखना चाहते हैं या नहीं। इस पर बैठकर बात होनी चाहिए। फैसला बड़े भाई को करना होगा। अगर बड़ा भाई (बहुसंख्यक) अपने छोटे भाई (अल्पसंख्यकों) को साथ नहीं रखना चाहता है, तो वहां कहां जाएंगे, क्या करेंगे, कहां जाएंगे इसका भी फैसला होना चाहिए। आजम खां ने सवाल उठाया कि क्या यही लोकतंत्र है, मेरे साथ तो इंसाफ नहीं हुआ।
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सैनिकों की शहादत का मुद्दा भी उठाया
आजम खां ने सैनिकों की शहादत का मुद्दा भी उठाया। कहा कि पिछले पांच सालों में 1200 से अधिक फौजी शहीद हुए हैं। क्या यह बात देश को बताने वाली नहीं है। अमेरिका ने उस वक्त अफगानिस्तान और ईराक से अपनी सेना हटा ली जब उसके जवानों के शहीद होने का आकंड़ा 100 के आसपास पहुंच गया था। यहां तो यह बहस का मुद्दा भी नहीं है। महंगाई, बेरोजगारी, जीएसटी, नोटबंदी जैसे मुद्दे पर भी गायब हैं।
-ईवीएम हैक किए जाने की जताई आशंका
आजम खां ने ईवीएम हैक किए जाने की आशंका जताई है। उन्होंने कहा है कि डीएम-एसपी के मंडी समिति में जाने पर रोक लगाई जानी चाहिए, जहां ईवीएम रखी गई है। आजम ने कहा कि डीएम-एसपी की गाड़ी की तलाशी होनी चाहिए। क्योंकि उनके पास ऐसी सूचना है कि डीएम-एसपी के वाहन में ईवीएम हैक करने का कोई उपकरण मौजूद है।
-चुनाव आयोग भी भाजपा की सरकार बनने को लेकर नहीं है मुतमईन
आजम खां ने कहा कि चुनाव आयोग भी इस बार केंद्र में भाजपा की सरकार बनने को लेकर पूरी तरह से मुतमतईन नहीं है। 2014 में चुनाव आयोग केंद्र सरकार में भाजपा की सरकार बनने को लेकर मुतमईन था तो मेरे खिलाफ पूरे चुनाव में बोलने पर प्रतिबंध लगा दिया था। इस बार चुनाव आयोग भाजपा की सरकार बनने को मुतमईन नहीं है तो टुकड़ों में प्रतिबंध लगाया जा रहा है।
-ईवीएम हैक किए जाने की जताई आशंका
आजम खां ने ईवीएम हैक किए जाने की आशंका जताई है। उन्होंने कहा है कि डीएम-एसपी के मंडी समिति में जाने पर रोक लगाई जानी चाहिए, जहां ईवीएम रखी गई है। आजम ने कहा कि डीएम-एसपी की गाड़ी की तलाशी होनी चाहिए। क्योंकि उनके पास ऐसी सूचना है कि डीएम-एसपी के वाहन में ईवीएम हैक करने का कोई उपकरण मौजूद है।
-चुनाव आयोग भी भाजपा की सरकार बनने को लेकर नहीं है मुतमईन
आजम खां ने कहा कि चुनाव आयोग भी इस बार केंद्र में भाजपा की सरकार बनने को लेकर पूरी तरह से मुतमतईन नहीं है। 2014 में चुनाव आयोग केंद्र सरकार में भाजपा की सरकार बनने को लेकर मुतमईन था तो मेरे खिलाफ पूरे चुनाव में बोलने पर प्रतिबंध लगा दिया था। इस बार चुनाव आयोग भाजपा की सरकार बनने को मुतमईन नहीं है तो टुकड़ों में प्रतिबंध लगाया जा रहा है।