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मंत्री जी! वामसेफ का दफ्तर बन गया बीएसए कार्यालय
ब्यूरो/अमर उजाला/मुरादाबाद
Updated Wed, 01 Jun 2016 12:41 PM IST
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मंत्री जी! बीएसए कार्यालय वामसेफ का दफ्तर बन गया है... खनन रोकने के नाम पर उत्पीड़न किया जा रहा है... महिलाओं से दुर्व्यवहार हो रहे हैं ... और न जाने क्या-क्या। ये शिकायत भरा लहजा जिला पंचायत सदस्यों का था। मंगलवार को सर्किट हाउस में जिला योजना की बैठक खत्म होने के बाद कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव जिला पंचायत सदस्यों से सीधे रूबरू हुए। उनकी समस्याएं सुनी। किसी ने गांव की सड़कों को जोड़ने का मुद्दा उठाया तो किसी ने राशन में कालाबाजारी का।
वहीं कुछ ऐसे भी थे जिन्होंने नाराजगी भरे लहजे में शिकायतें की। एक सदस्य ने नवागत बीएसए की कार्यशैली पर ही सवाल उठा दिया। कहा कि मंत्री जी बीएसए ने अपने कार्यालय को वामसेफ का दफ्तर बना दिया है। कार्यालय बसपा के लोगों से घिरा होता है। वहीं एक सदस्य ने बाइक चेकिंग पर सवाल करते हुए कहा कि इससे प्रदेश सरकार की छवि खराब हो रही है।
चेकिंग के नाम पर बाइक पर बैठी महिलाओं से दुर्व्यवहार किया जाता है। एक सदस्य खनन को लेकर मंत्री जी के सामने गायत्री प्रजापति के खिलाफ भड़कने लगे। मंत्री जी के सामने यहां तक डाला कि हम मायावती से डरने वाले नहीं है तो गायत्री प्रजापति से क्या डरेंगे। कहा कि खनन रोकने के नाम पुुुुुलिस किसानों का उत्पीड़न कर रही है। कुछ सदस्यों ने विकास के मुद्दे भी उठाए।
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वहीं कुछ ऐसे भी थे जिन्होंने नाराजगी भरे लहजे में शिकायतें की। एक सदस्य ने नवागत बीएसए की कार्यशैली पर ही सवाल उठा दिया। कहा कि मंत्री जी बीएसए ने अपने कार्यालय को वामसेफ का दफ्तर बना दिया है। कार्यालय बसपा के लोगों से घिरा होता है। वहीं एक सदस्य ने बाइक चेकिंग पर सवाल करते हुए कहा कि इससे प्रदेश सरकार की छवि खराब हो रही है।
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चेकिंग के नाम पर बाइक पर बैठी महिलाओं से दुर्व्यवहार किया जाता है। एक सदस्य खनन को लेकर मंत्री जी के सामने गायत्री प्रजापति के खिलाफ भड़कने लगे। मंत्री जी के सामने यहां तक डाला कि हम मायावती से डरने वाले नहीं है तो गायत्री प्रजापति से क्या डरेंगे। कहा कि खनन रोकने के नाम पुुुुुलिस किसानों का उत्पीड़न कर रही है। कुछ सदस्यों ने विकास के मुद्दे भी उठाए।
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