{"_id":"5b80708442c79246627ab5e2","slug":"91535144068-moradabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"शाम को मिल गया नई पाइपलाइन से पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शाम को मिल गया नई पाइपलाइन से पानी
Updated Sat, 25 Aug 2018 02:24 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुरादाबाद।
पीतल बस्ती केलोगों को तीन दिन बाद शुक्रवार शाम को पाइपलाइन से पानी मिलने लगा। साफ पानी आने के बावजूद किसी ने उसका प्रयोग पीने और खाना बनाने में नहीं किया। लोगों ने अपने प्रयोग में टैंकरों से मिलने वाला पानी ही लिया। नलों को लगाने का काम अभी पूरा नहीं हुआ है। उसमें दो दिन का समय लगेगा।
बकरा ईद बीत जाने के तीन दिन बाद भी पीतल नगरी के नालों मेें खून आ रहा है। पुलिस-प्रशासन खुले में पशुओं की कुरबानी होने और नालों में खून बहने पर रोक नहीं लगा सके हैं। ऐसे में लोगों को पानी में खून आने का डर अभी सता रहा है। इसको लेकर लोगों में जबरदस्त आक्रोश है। डरे लोग नगर निगम की आपूर्ति से मिलने वाले पानी का सेवन नहीं कर रहे हैं। कच्ची बस्ती केसाथ ही आसपास की कालोनी केलोगों ने भी शुक्रवार को भूमिगत लाइन से आने वाले पानी को पीने व रसोई में प्रयोग नहीं किया।
नगर निगम ने शुक्रवार को कच्ची बस्ती पत्थर वाली गली में नई पाइपलाइन से कनेक्शन जोड़ दिए। शाम को इनसे पानी दे दिया गया। पानी देखने व सूंघने में बिल्कुल साफ था। उसकेबावजूद लोग पानी केप्रयोग का साहस नहीं जुटा सके। लोगों ने पीने और खाना बनाने में इसका प्रयोग नहीं किया। नगर निगम ने एक बार फिर नाले की सफाई कराने का निर्णय लिया है। हालांकि अब नाले का पानी टाेंटियों में आने की आशंका कम है। लोगों के घरों को जाने वाला पानी का पाइप भी नाले से होकर जा रहा था। उनको भी हटवाकर नाले से एक फीट ऊपर कर दिया गया। अभी नल लगाने का काम पूरा नहीं हुआ है। नल लगने मे दो दिन का समय और लगेगा।
विज्ञापन
नई पाइपलाइन से सप्लाई दे दी गई है। लोगों के घरों में बिल्कुल साफ पानी पहुंच रहा है। अब किसी को कोई शिकायत नहीं है। पुरानी पाइपलाइन को दोनों ओर से सील कर दिया गया है।
- एसपी श्रीवास्तव, जीएम जलकल।
रोक के बावजूद शुक्रवार को फिर पशु काटकर खून नालों में बहाया गया है। पुलिस-प्रशासन नालों में खून बहने और पशुओं के खुले कटान को रोक पाने में नाकाम रहा है। इससे लोगों में जबरदस्त आक्रोश है। पाइपलाइन शुरू हो जाने के बावजूद लोगों ने अभी टैंकरों का पानी प्रयोग किया है। - रानी सैनी, पार्षद।
विज्ञापन
पीतल बस्ती केलोगों को तीन दिन बाद शुक्रवार शाम को पाइपलाइन से पानी मिलने लगा। साफ पानी आने के बावजूद किसी ने उसका प्रयोग पीने और खाना बनाने में नहीं किया। लोगों ने अपने प्रयोग में टैंकरों से मिलने वाला पानी ही लिया। नलों को लगाने का काम अभी पूरा नहीं हुआ है। उसमें दो दिन का समय लगेगा।
बकरा ईद बीत जाने के तीन दिन बाद भी पीतल नगरी के नालों मेें खून आ रहा है। पुलिस-प्रशासन खुले में पशुओं की कुरबानी होने और नालों में खून बहने पर रोक नहीं लगा सके हैं। ऐसे में लोगों को पानी में खून आने का डर अभी सता रहा है। इसको लेकर लोगों में जबरदस्त आक्रोश है। डरे लोग नगर निगम की आपूर्ति से मिलने वाले पानी का सेवन नहीं कर रहे हैं। कच्ची बस्ती केसाथ ही आसपास की कालोनी केलोगों ने भी शुक्रवार को भूमिगत लाइन से आने वाले पानी को पीने व रसोई में प्रयोग नहीं किया।
विज्ञापन
नगर निगम ने शुक्रवार को कच्ची बस्ती पत्थर वाली गली में नई पाइपलाइन से कनेक्शन जोड़ दिए। शाम को इनसे पानी दे दिया गया। पानी देखने व सूंघने में बिल्कुल साफ था। उसकेबावजूद लोग पानी केप्रयोग का साहस नहीं जुटा सके। लोगों ने पीने और खाना बनाने में इसका प्रयोग नहीं किया। नगर निगम ने एक बार फिर नाले की सफाई कराने का निर्णय लिया है। हालांकि अब नाले का पानी टाेंटियों में आने की आशंका कम है। लोगों के घरों को जाने वाला पानी का पाइप भी नाले से होकर जा रहा था। उनको भी हटवाकर नाले से एक फीट ऊपर कर दिया गया। अभी नल लगाने का काम पूरा नहीं हुआ है। नल लगने मे दो दिन का समय और लगेगा।
विज्ञापन
नई पाइपलाइन से सप्लाई दे दी गई है। लोगों के घरों में बिल्कुल साफ पानी पहुंच रहा है। अब किसी को कोई शिकायत नहीं है। पुरानी पाइपलाइन को दोनों ओर से सील कर दिया गया है।
- एसपी श्रीवास्तव, जीएम जलकल।
रोक के बावजूद शुक्रवार को फिर पशु काटकर खून नालों में बहाया गया है। पुलिस-प्रशासन नालों में खून बहने और पशुओं के खुले कटान को रोक पाने में नाकाम रहा है। इससे लोगों में जबरदस्त आक्रोश है। पाइपलाइन शुरू हो जाने के बावजूद लोगों ने अभी टैंकरों का पानी प्रयोग किया है। - रानी सैनी, पार्षद।