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मंडल की रैंकिंग पिछड़ने पर मंडलायुक्त ने जताई नाराजगी
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मुख्यमंत्री की 37 बिंदुओं पर प्राथमिकता वाले विकास कार्यक्रमों की पथरहिया स्थित मंडलायुक्त कार्यालय के सभागार में शुक्रवार को समीक्षा की गई। इस दौरान मंडलायुक्त योगेश्वर राम मिश्र ने प्राथमिकता वाले कार्यक्रमों में मंडल की खराब रैंकिंग रहने पर विभागीय अधिकारियों से कड़ी नाराजगी जताई और विकास कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया।
बैठक में कर करेत्तर, मुख्य देय एवं राजस्व वसूली की प्रगति के अलावा कानून व्यवस्था की भी बिंदुवार समीक्षा की गयी। इसमें मंडलायुक्त ने कहा कि कार्यक्रम कार्यान्वयन विभाग की तरफ से जारी अगस्त माह की मंडलवार रैंकिंग में विंध्याचल मंडल की प्रगति तीन माह से खराब है। इस पर उन्होंने अधिकारियों से कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि विंध्याचल मंडल प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान पर रहा है। परंतु कुछ अधिकारियों की कार्य में हीलाहवाली के कारण रैंकिंग खराब हो रही है।
उन्होंने मंडल के सभी तीन जिलों मिर्जापुर, सोनभद्र व भदोही के मुख्य विकास अधिकारियों को निर्देश दिया कि अपने स्तर से विकास कार्यक्रमों की समीक्षा करें तथा छोटे- छोटे बिंदुओं पर भी समीक्षा कर प्रस्तावित कार्यों को पूरा कराएं। उन्होंने बताया कि अगस्त में जारी रैंकिंग के अनुसार जनपद मिर्जापुर 34 वें, भदोही 33वें तथा सोनभद्र 57वें स्थान पर है। तीनों जनपदों की प्रगति लगातार खराब हो रही है, जो संतोषजनक नहीं हैं।
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उन्होंने अधिकारियों को आगाह किया कि विकास कार्यों में प्रगति ले आयें, अन्यथा संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बैठक के दौरान उन्होंने बताया कि सोनभद्र से पिछली बैठक में दिये गये निर्देशों की अनुपालन आख्या प्राप्त नहीं हुई है, जबकि अन्य दोनों जनपदों से प्राप्त हो गयी है। पूर्वांचल विकास निधि (राज्यांश) से कार्य कराने के लिए पत्र लिखे जाने के बाद भी सोनभद्र का प्रस्ताव प्राप्त नहीं हुआ है। इस पर उन्होंने नाराजगी जताई।
मंडलायुक्त ने सोनभद्र के जिलाधिकारी को निर्देश दिया कि संबंधित अधिकारी के उत्तरदायित्व का निर्धारण करते हुए कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने इस बात को लेकर भी नाराजगी जताई कि पिछली बैठक में निर्देश दिए जाने के बावजूद मिर्जापुर में कर्णावती नदी पर बने सेतु के अप्रोच रोड को अब तक ठीक नहीं कराया गया। इसके अलावा उन्होंने प्राथमिक विद्यालय लोहंदी का भवन जर्जर होने के कारण विद्यालय अन्यत्र शिफ्ट किये जाने के लिए कहा गया था, यह कार्य भी अब तक नहीं किए जाने पर भी नाराजगी जताई।
राजस्व विभाग की समीक्षा के दौरान मिर्जापुर व भदोही जिले में कर-करेत्तर के तहत स्टांप रजिस्ट्रेशन के मासिक लक्ष्य की पूर्ति नहीं होने पर मंडलायुक्त ने नाराजगी जताई। अन्य देयों की राजस्व वसूली में सोनभद्र की सबसे खराब प्रगति मिलने पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने लक्ष्य के अनुरूप शत प्रतिशत वसूली सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने अधिकारियों को राजस्व वादों का शीघ्र निस्तारण करने का भी निर्देश दिया।
कानून व्यवस्था की समीक्षा करते हुए मंडलायुक्त ने कहा कि दीपावली, भैयादूज व अन्य त्योहारों को देखते हुए पुलिस अधिकारियों को मंडल में शांति व कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिये पूरी सतर्कता बरतने का निर्देश दिया। उन्होंने उपद्रवियों को चिह्नित कर उनके खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश दिया। बैठक के दौरान मंडलायुक्त ने लोक निर्माण व अन्य विभागों के अधिकारियों को क्षतिग्रस्त सड़कों को कार्ययोजना बनाकर 15 नवंबर तक हर हाल में गड्ढामुक्त कराने का निर्देश दिया। लोक निर्माण विभाग की तरफ से भदोही में प्रस्तावित आठ संपर्क मार्गों में से एक भी निर्माण कार्य पूरा नहीं होने पर उन्होंने अधिकारियों से कड़ी नाराजगी जताई। साथ ही संपर्क मार्गों के कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। मंडलायुक्त ने मिर्जापुर में क्षतिग्रस्त सड़कों का निर्माण कार्य भी नवंबर में पूरा कराने का निर्देश दिया।
मंडलायुक्त ने भदोही में रोस्टर के अनुसार कम विद्युत आपूर्ति पर विद्युत निगम के अधिकारियों से कड़ी नाराजगी जताई। मंडलायुक्त ने सेतु निगम, आरईडी, सिंचाई एवं जल संसाधन, कृषि विभाग के कार्यों की भी बिंदुवार समीक्षा की। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान सोनभद्र में कार्यालय में मुख्य चिकित्सा अधीक्षक के उपस्थित न रहने की शिकायत पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने सभी जिला अस्पतालों में साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित कराने की हिदायत दी। उन्होंने अधिकारियों को डेंगू के रोकथाम व बचाव के लिए अस्पतालों में जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया। मंडलायुक्त ने बेसिक शिक्षा, पशुपालन, पंचायती राज, ग्राम्य विकास, मनरेगा, जल निगम, खाद्य रसद, मत्स्य पालन, उद्यान, समाज कल्याण, पिछड़ा वर्ग, अल्प संख्यक एवं महिला कल्याण, बाल विकास एवं पुष्टाहार, वन, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम आदि विभागों की भी बिंदुवार समीक्षा की।
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बैठक में कर करेत्तर, मुख्य देय एवं राजस्व वसूली की प्रगति के अलावा कानून व्यवस्था की भी बिंदुवार समीक्षा की गयी। इसमें मंडलायुक्त ने कहा कि कार्यक्रम कार्यान्वयन विभाग की तरफ से जारी अगस्त माह की मंडलवार रैंकिंग में विंध्याचल मंडल की प्रगति तीन माह से खराब है। इस पर उन्होंने अधिकारियों से कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि विंध्याचल मंडल प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान पर रहा है। परंतु कुछ अधिकारियों की कार्य में हीलाहवाली के कारण रैंकिंग खराब हो रही है।
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उन्होंने मंडल के सभी तीन जिलों मिर्जापुर, सोनभद्र व भदोही के मुख्य विकास अधिकारियों को निर्देश दिया कि अपने स्तर से विकास कार्यक्रमों की समीक्षा करें तथा छोटे- छोटे बिंदुओं पर भी समीक्षा कर प्रस्तावित कार्यों को पूरा कराएं। उन्होंने बताया कि अगस्त में जारी रैंकिंग के अनुसार जनपद मिर्जापुर 34 वें, भदोही 33वें तथा सोनभद्र 57वें स्थान पर है। तीनों जनपदों की प्रगति लगातार खराब हो रही है, जो संतोषजनक नहीं हैं।
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उन्होंने अधिकारियों को आगाह किया कि विकास कार्यों में प्रगति ले आयें, अन्यथा संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बैठक के दौरान उन्होंने बताया कि सोनभद्र से पिछली बैठक में दिये गये निर्देशों की अनुपालन आख्या प्राप्त नहीं हुई है, जबकि अन्य दोनों जनपदों से प्राप्त हो गयी है। पूर्वांचल विकास निधि (राज्यांश) से कार्य कराने के लिए पत्र लिखे जाने के बाद भी सोनभद्र का प्रस्ताव प्राप्त नहीं हुआ है। इस पर उन्होंने नाराजगी जताई।
मंडलायुक्त ने सोनभद्र के जिलाधिकारी को निर्देश दिया कि संबंधित अधिकारी के उत्तरदायित्व का निर्धारण करते हुए कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने इस बात को लेकर भी नाराजगी जताई कि पिछली बैठक में निर्देश दिए जाने के बावजूद मिर्जापुर में कर्णावती नदी पर बने सेतु के अप्रोच रोड को अब तक ठीक नहीं कराया गया। इसके अलावा उन्होंने प्राथमिक विद्यालय लोहंदी का भवन जर्जर होने के कारण विद्यालय अन्यत्र शिफ्ट किये जाने के लिए कहा गया था, यह कार्य भी अब तक नहीं किए जाने पर भी नाराजगी जताई।
राजस्व विभाग की समीक्षा के दौरान मिर्जापुर व भदोही जिले में कर-करेत्तर के तहत स्टांप रजिस्ट्रेशन के मासिक लक्ष्य की पूर्ति नहीं होने पर मंडलायुक्त ने नाराजगी जताई। अन्य देयों की राजस्व वसूली में सोनभद्र की सबसे खराब प्रगति मिलने पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने लक्ष्य के अनुरूप शत प्रतिशत वसूली सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने अधिकारियों को राजस्व वादों का शीघ्र निस्तारण करने का भी निर्देश दिया।
कानून व्यवस्था की समीक्षा करते हुए मंडलायुक्त ने कहा कि दीपावली, भैयादूज व अन्य त्योहारों को देखते हुए पुलिस अधिकारियों को मंडल में शांति व कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिये पूरी सतर्कता बरतने का निर्देश दिया। उन्होंने उपद्रवियों को चिह्नित कर उनके खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश दिया। बैठक के दौरान मंडलायुक्त ने लोक निर्माण व अन्य विभागों के अधिकारियों को क्षतिग्रस्त सड़कों को कार्ययोजना बनाकर 15 नवंबर तक हर हाल में गड्ढामुक्त कराने का निर्देश दिया। लोक निर्माण विभाग की तरफ से भदोही में प्रस्तावित आठ संपर्क मार्गों में से एक भी निर्माण कार्य पूरा नहीं होने पर उन्होंने अधिकारियों से कड़ी नाराजगी जताई। साथ ही संपर्क मार्गों के कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। मंडलायुक्त ने मिर्जापुर में क्षतिग्रस्त सड़कों का निर्माण कार्य भी नवंबर में पूरा कराने का निर्देश दिया।
मंडलायुक्त ने भदोही में रोस्टर के अनुसार कम विद्युत आपूर्ति पर विद्युत निगम के अधिकारियों से कड़ी नाराजगी जताई। मंडलायुक्त ने सेतु निगम, आरईडी, सिंचाई एवं जल संसाधन, कृषि विभाग के कार्यों की भी बिंदुवार समीक्षा की। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान सोनभद्र में कार्यालय में मुख्य चिकित्सा अधीक्षक के उपस्थित न रहने की शिकायत पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने सभी जिला अस्पतालों में साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित कराने की हिदायत दी। उन्होंने अधिकारियों को डेंगू के रोकथाम व बचाव के लिए अस्पतालों में जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया। मंडलायुक्त ने बेसिक शिक्षा, पशुपालन, पंचायती राज, ग्राम्य विकास, मनरेगा, जल निगम, खाद्य रसद, मत्स्य पालन, उद्यान, समाज कल्याण, पिछड़ा वर्ग, अल्प संख्यक एवं महिला कल्याण, बाल विकास एवं पुष्टाहार, वन, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम आदि विभागों की भी बिंदुवार समीक्षा की।