कछवां। विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच विकास की बात जरूर होती है। चूंकि, प्रदेश में चुनावी तैयारियां जोरों पर हैं तो लोगों ने यहां भी विकास की बातें शुरू कर दी हैं। मझवां विधानसभा सीट से शुचिश्मिता मौर्य विधायक हैं तो लाजिमी है कि लोगों को इनसे उम्मीद भी अधिक है। लोग कहते हैं कि विकास तो हुआ, सड़कों पर बहुत काम हुआ, मगर अभी रोजगार और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं पर काम होने की जरूरत है। जिस तरह से मझवां लगातार बढ़ रहा है, उसके अनुसार यहां बेहतर रोजगार और स्वास्थ्य सेवाओं का अभाव है। लोगों का कहना है कि एक जमाने में मझवां ब्लॉक के लोगों को हर छोटी बड़ी चीज के लिए वाराणसी या किसी अन्य बड़े शहर के सहारे रहना होता था। अब यहां सब मिलता है, मगर बच्चों को उच्च शिक्षा और किसी गंभीर बीमारी में बेहतर इलाज के लिए आज भी मिर्जापुर या वाराणसी जाना पड़ता है। इसी तरह किसानों के लिए बड़ी मंडी, गन्ना मिल, लड़कियों के लिए डिग्री कालेज जैसे संसाधन, बेरोजगार युवाओं के रोजगार के लिए बड़ी इंडस्ट्री भी मझवां ब्लाक की जरूरत है। इन बिंदुओं पर बहुत काम होना अभी बाकी है। वर्तमान विधायक बोलीं समाज की प्राथमिक समस्याओं का हुआ निराकरण भाजपा ने समाज की प्राथमिक समस्याओं का निराकरण किया है। एक बेहतर समाज का निर्माण तभी हो सकता है, जब भय, भूख और भ्रष्टाचार का समाधान हो और आम लोगों को बिजली, पानी और सड़क की सुविधा मिले। भाजपा सरकार ने ये काम करके दिखाया है। विपक्षी दूसरे नंबर के प्रत्याशी रह चुके सपा के रोहित कुमार शुक्ला उर्फ लल्लू गुरु के अनुसार मझवां विधायक जनता की उम्मीदों पर खरा नहीं उतरीं। जनता ने इनको सिरे से नकार दिया है। उन्होंने जो वादा किया था, उनमें से एक भी पूर्ण नहीं किया। जनता के बीच इनकी कोई पहुंच नहीं है । मझवां विधानसभा में लड़कियों का एक भी सरकारी डिग्री कॉलेज नहीं है। स्वास्थ्य और शिक्षा दोनों ही चुनौती हैं, इस समस्या को दूर करना है।