बंदर ने काटा, चक्काजाम
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बरकछा स्थित राजीव गांधी दक्षिणी परिसर में बंदरों का आतंक कायम है। बंदरों द्वारा आए दिन छात्र-छात्राओं को काटा जा रहा है। नेहा, अनुप्रिया, प्रियंका, आरती आदि छात्राओं को बंदर काट चुके हैं। बंदरों के काटने से घायल होने पर दक्षिणी परिसर स्थित हेल्थ सेंटर में इलाज और एंटी रैबिज सूई आदि की कोई व्यवस्था नहीं है। शुक्रवार को भी एम फार्मा की एक छात्रा को बंदर ने काट लिया। घायल छात्रा को हेल्थ सेंटर में एंटी रैबिज इंजेक्शननहीं होने के कारण नहीं लग सका।
समुचित इलाज नहीं होने से नाराज नीलगिरि और विंध्यवासिनी हास्टल के छात्र-छात्राओं ने सड़क जाम कर विरोध जताया। छात्रों का कहना था कि हेल्थ सेंटर दिन में दस से शाम चार बजे तक खुलता है। इसके बाद इलाज के छात्रों को परेशान होना पड़ता है। अवकाश के दिनों छात्राओं के इलाज का कोई प्रबंध ही नहीं है। जाम की सूचना के बाद सीओ बृजेश कुमार त्रिपाठी, सीओ नक्सल एके सिंह, आचार्य प्रभारी प्रो. आरपी शुक्ला मौके पर पहुंचे। फारेस्ट रेंजर राम विलास यादव ने छात्र-छात्राओं को आश्वासन दिया कि बंदर पकड़ने वाले टीम को एक सप्ताह में बुलाया जाएगा। टीम के सदस्य पटाखे फोड़कर बंदरों को भगाएंगे। उसके बाद छात्र-छात्राओं ने सड़क जाम समाप्त किया।
चीफ प्राक्टर मनोज कुमार सिंह ने कहा कि बंदरों के चलते परिसर में परेशानी हो रही है। उनको पकड़ने के लिए जिला प्रशासन को पत्र भेजा गया है। मथुरा से बंदर पकड़ने वाली टीम आते ही समस्या का निराकरण होगा। जिला अस्पताल में एंटी रैबिज की सूई लगती है, सूई लगवाने के लिए वाहन से भेजने की व्यवस्था की जाती है।