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Mirzapur News: लखपति दीदियों के चयन के लिए 85 हजार महिलाओं का होगा सर्वे
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-पिछले वर्ष 42 हजार महिलाओं का सर्वे कर 35 हजार लखपति दीदियों का चयन किया
संवाद न्यूज एजेंसी
मिर्जापुर। जिले में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत लखपति दीदियों के चयन के लिए 85 हजार महिलाओं का चयन किया जाएगा। पिछले वर्ष 42 हजार महिलाओं का सर्वे के बाद 35 हजार महिलाओं को लखपति दीदी के रूप में चिह्नित किया गया। इस सर्वे में पिछले वर्ष सर्वे की गई 42 हजार महिलाएं भी शामिल रहेंगी।
जिले में 17,845 स्वयं सहायता समूह संचालित हैं, इनमें 1,68,580 महिलाएं जुड़ी हुई हैं। इनमें उन महिलाओं को चिह्नित किया जा रहा है, इनकी सालाना आय एक लाख रुपये या उससे अधिक है। लगातार तीन वर्षों तक महिलाओं का सर्वे एवं चिह्नांकन किया जाएगा। जो महिलाएं तीनों वर्षों में लखपति बनी रहेंगी, उन्हें लखपति दीदी माना जाएगा। पहले वर्ष जिले में स्वयं सहायता समूहों की 42 हजार महिलाओं का सर्वे किया गया था। इनमें 35 हजार महिलाएं लखपति बनीं। इस वर्ष 85 हजार महिलाओं के सर्वे का लक्ष्य है, जिसमें पिछले वर्ष सर्वे की 42 हजार महिलाएं भी शामिल रहेंगी। डीसी एनआरएलएम रमाशंकर सिंह ने बताया कि आय की गणना में परिवार की आय भी शामिल रहेगी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
मिर्जापुर। जिले में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत लखपति दीदियों के चयन के लिए 85 हजार महिलाओं का चयन किया जाएगा। पिछले वर्ष 42 हजार महिलाओं का सर्वे के बाद 35 हजार महिलाओं को लखपति दीदी के रूप में चिह्नित किया गया। इस सर्वे में पिछले वर्ष सर्वे की गई 42 हजार महिलाएं भी शामिल रहेंगी।
जिले में 17,845 स्वयं सहायता समूह संचालित हैं, इनमें 1,68,580 महिलाएं जुड़ी हुई हैं। इनमें उन महिलाओं को चिह्नित किया जा रहा है, इनकी सालाना आय एक लाख रुपये या उससे अधिक है। लगातार तीन वर्षों तक महिलाओं का सर्वे एवं चिह्नांकन किया जाएगा। जो महिलाएं तीनों वर्षों में लखपति बनी रहेंगी, उन्हें लखपति दीदी माना जाएगा। पहले वर्ष जिले में स्वयं सहायता समूहों की 42 हजार महिलाओं का सर्वे किया गया था। इनमें 35 हजार महिलाएं लखपति बनीं। इस वर्ष 85 हजार महिलाओं के सर्वे का लक्ष्य है, जिसमें पिछले वर्ष सर्वे की 42 हजार महिलाएं भी शामिल रहेंगी। डीसी एनआरएलएम रमाशंकर सिंह ने बताया कि आय की गणना में परिवार की आय भी शामिल रहेगी।
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