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Mirzapur News: 15.58 करोड़ के एरियर घोटाले में 17 और निशाने पर, शहर कोतवाली में दी तहरीर

Thu, 29 Oct 2026 02:42 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 29 Oct 2026 02:42 AM IST
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17 more individuals under scrutiny in Rs 15.58 crore arrears scam; complaint filed at City Kotwali police station
- बाबू राधाकांत समेत 17 के खिलाफ तहरीर, बैंक रिकॉर्ड खंगालने पर सामने आए नाम, ऑडिट टीम भी जुटी साक्ष्य जुटाने में
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संवाद न्यूज एजेंसी
मिर्जापुर। सिंचाई विभाग में 15.58 करोड़ के एरियर भुगतान में गड़बड़ी की की जांच के दौरान एक बाबू समेत 17 लोगों के नाम सामने आए हैं। विभाग ने मंगलवार को शहर कोतवाली में तहरीर दी। इससे पहले बाबू जितेंद्र कुमार और अज्ञात के खिलाफ पहले से ही शहर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई जा चुकी है।
प्रयागराज की महालेखाकार ऑडिट टीम वर्ष 2016 से 2026 के बीच हुए भुगतान और कार्यों का ब्योरा खंगाल रही है। मिर्जापुर नहर प्रखंड, नलकूप और लघुडाल नहर प्रखंड के पुराने अभिलेखों का मिलान किया जा रहा है। भुगतान संबंधी दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करने वाले सहायक, अवर अभियंता और ठेकेदार भी जांच के दायरे में हैं। 18 अक्तूबर को मिर्जापुर नहर प्रखंड के अधिशासी अभियंता प्रमोद कुमार ने बाबू जितेंद्र और अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इसके बाद पुलिस ने संबंधित कार्यालयों में पूछताछ की और आरोपियों के ठिकानों पर दबिश दी। शनिवार को पुलिस टीम ने लघुडाल नहर प्रखंड कार्यालय पहुंचकर अधिशासी अभियंता राजाराम से भी पूछताछ की थी।
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एरियर भुगतान में खेल, एक ही कर्मचारी के खाते में दो-दो बार भेजी रकम

नहर प्रखंड में 344 लोगों के नाम पर 15.58 करोड़ का भुगतान
सिंचाई विभाग में एरियर भुगतान की जांच में बड़ी अनियमितता सामने आई है। एक ही कर्मचारी को दो-दो और तीन-तीन बार भुगतान किए जाने का मामला उजागर हुआ है। प्रयागराज के महालेखाकार की टीम की जांच में विभाग के कई डिवीजनों में गड़बड़ी मिली है। मिर्जापुर नहर प्रखंड में 344 लोगों के नाम पर 15 करोड़ 58 लाख 61 हजार पांच रुपये का एरियर भुगतान किया गया। आरोप है कि इसमें फर्जी नामों पर भी रकम भेजी गई। जांच में एक कर्मचारी को मई में 3,87,004 रुपये और जून में 4,95,516 रुपये दिए जाने का मामला सामने आया। दूसरे कर्मचारी को फरवरी में 5,66,550 रुपये और मार्च में 5,44,508 रुपये का भुगतान किया गया। एक अन्य कर्मचारी के खाते में अगस्त में दो बार 14,93,698 रुपये और 15,70,710 रुपये भेजे गए। जांच में अन्य कर्मचारियों के खातों में भी दो-दो और तीन-तीन बार भुगतान किए जाने की जानकारी सामने आई है।
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जांच के घेरे में पुराने भुगतान
ऑडिट टीम की पड़ताल के बीच विभागीय अधिकारी पुराने भुगतान और कार्यों के रिकॉर्ड जुटाने में लगे हैं। शहर कोतवाल दयाशंकर ओझा ने बताया कि बाबू जितेंद्र कुमार और अज्ञात के खिलाफ पहले से ही थाने में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। बाबू राधाकांत सिंह समेत 17 अन्य लोगों के खिलाफ थाने में तहरीर दी है। जिसे जांच के लिए विवेचक को सौंप दिया गया है।


वर्जन
एरियर भुगतान मामले में बैंकों हुए लेनदेन की जांच के बाद जितेंद्र कुमार के बाद दूसरे बाबू की भी पहचान कर ली गई है। बाबू और 16 ऐसे खातेदारों को चिह्नित करते हुए उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के लिए शहर कोतवाली में तहरीर दे दी गई है।

-प्रमोद कुमार अधिशासी अभियंता, मिर्जापुर नहर प्रखंड।
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