{"_id":"69f33f32d2d8e57647024f9d","slug":"womens-anger-against-the-nari-shakti-vandan-act-meerut-news-c-40-1-smrt1041-112214-2026-04-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Meerut News: नारी शक्ति वंदन अधिनियम के विरोध पर महिलाओं का आक्रोश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Meerut News: नारी शक्ति वंदन अधिनियम के विरोध पर महिलाओं का आक्रोश
विज्ञापन
जन आक्रोश महिला सम्मेलन को संबोधित करते जिलाध्यक्ष। (मवाना)
मवाना। भाजपा ने जन आक्रोश महिला सम्मेलन का आयोजन किया। इसमें महिलाओं ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम बिल के विपक्षी विरोध पर गुस्सा जताया। बाद में सुभाष चौक पर नारेबाजी करते हुए विपक्ष का पुतला फूंका गया।
भाजपा जिलाध्यक्ष हरवीर पाल ने कहा कि यह अधिनियम महिलाओं को राजनीति में बराबरी का हक देता है। पूरे देश की महिलाओं ने इसे अपने सम्मान की जीत माना है। उन्होंने दुख जताया कि विपक्षी दलों ने इस ऐतिहासिक फैसले का विरोध किया।
विपक्ष ने तरह-तरह के बहाने बनाकर कानून रोकने की कोशिश की। उन्होंने सवाल किया कि क्या महिलाओं को बराबरी का अधिकार देना गलत है। यह विरोध महिलाओं के अधिकारों के खिलाफ एक मानसिकता को दर्शाता है।
विज्ञापन
जिला उपाध्यक्ष नरेश बाला, जिला मंत्री सलमा खां और अन्य पदाधिकारियों ने कहा। आज की महिला कमजोर नहीं है और हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही है। शिक्षा, सेना, विज्ञान या राजनीति, हर जगह महिलाएं अपनी पहचान बना रही हैं। उन्होंने कहा कि जो भी ताकतें उनके रास्ते में बाधा बनेंगी, उन्हें जवाब मिलेगा। यह आक्रोश केवल विरोध नहीं, बल्कि एक चेतावनी भी है कि नारी के अधिकारों पर समझौता नहीं होगा।
विज्ञापन
भाजपा जिलाध्यक्ष हरवीर पाल ने कहा कि यह अधिनियम महिलाओं को राजनीति में बराबरी का हक देता है। पूरे देश की महिलाओं ने इसे अपने सम्मान की जीत माना है। उन्होंने दुख जताया कि विपक्षी दलों ने इस ऐतिहासिक फैसले का विरोध किया।
विज्ञापन
विपक्ष ने तरह-तरह के बहाने बनाकर कानून रोकने की कोशिश की। उन्होंने सवाल किया कि क्या महिलाओं को बराबरी का अधिकार देना गलत है। यह विरोध महिलाओं के अधिकारों के खिलाफ एक मानसिकता को दर्शाता है।
विज्ञापन
जिला उपाध्यक्ष नरेश बाला, जिला मंत्री सलमा खां और अन्य पदाधिकारियों ने कहा। आज की महिला कमजोर नहीं है और हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही है। शिक्षा, सेना, विज्ञान या राजनीति, हर जगह महिलाएं अपनी पहचान बना रही हैं। उन्होंने कहा कि जो भी ताकतें उनके रास्ते में बाधा बनेंगी, उन्हें जवाब मिलेगा। यह आक्रोश केवल विरोध नहीं, बल्कि एक चेतावनी भी है कि नारी के अधिकारों पर समझौता नहीं होगा।

जन आक्रोश महिला सम्मेलन को संबोधित करते जिलाध्यक्ष। (मवाना)