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वेस्ट यूपी के किसान अरुणिका की करेंगे बागवानी
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 20 Jun 2018 01:28 AM IST
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फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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अभी तक आपने दशहरी, चौसा, लंगड़ा रामेकला प्रजाति का स्वाद चखा होगा, लेकिन अब रंगीन और स्वादिष्ट अरुणिका प्रजाति का भी आनंद ले सकेंगे। वेस्ट यूपी के किसान अब अरुणिका प्रजाति की बागवानी कर पूरे साल इसकी खेती को बढ़ावा देंगे। अरुणिका प्रजाति पर किए गए शोध कार्य में पहले साल के परिणाम अच्छे आए हैं।
वेस्ट यूपी में आम मुख्य बागवानी फसल है। यहां के किसानों के लिए आम की नई प्रजाति अरुणिका को भारतीय कृषि प्रणाली अनुसंधान संस्थान में लगाया था। यह प्रजाति यहां के मौसम के लिए अनुकूल है और सुर्ख लाल रंग का फल भी देगी। इस प्रजाति का आम स्वादिष्ट होगा। कम बढ़वार में ही इस पर फल आ जाता है। प्रथम साल में ही इस पर अच्छे फल आए हैं। वैज्ञानिक इस प्रजाति के बारे में किसानों को जानकारी दे रहे हैं। अभी तक वेस्ट यूपी में इस प्रजाति की बागवानी नहीं लगाई जाती है।
अच्छी वृद्धि देती है यह प्रजाति
संस्थान में उत्तर भारतीय क्षेत्रों के लिए विकसित आम की नवीनतम किस्मों का मूल्यांकन गत वर्ष शुरू हुआ था। प्रक्षेत्र के प्रारंभिक परिणाम यह प्रजाति अन्य प्रजातियों में अच्छी वृद्धि देती है। फल की अपार संभावनाएं हैं।
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नई प्रजाति का लगाएं बाग
डॉ. दुष्यंत मिश्रा के अनुसार दशहरी, चौसा, लंगडा, रामकेला प्रजातियों में एक आयु के बाद अनियमित फलन, अत्यधिक वृक्ष विस्तार की समस्या आती है। जिस कारण बागवानी को उचित लाभ नहीं मिल पाता। यदि बागवानी के लिए नया बाग लगाना चाहतेे हैं तो नवीनतम किस्मों अरुणिका, अम्रपाली, मल्ल्किा आदि का बाग लगाएं। क्योंकि इन किस्मों में अनियमित फलन की समस्या नहीं है।
लखनऊ संस्थान ने की थी विकसित
यह प्रजाति लखनऊ केंद्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान रहमान खेड़ा के वैज्ञानिकों ने इस प्रजाति को विकसित किया था। इसके प्रति किसानों के कम जागरूक होने के कारण इसकी बागवानी कम हुई। इस कारण यह बाजार में महंगा मिलता है।
प्रजाति की खास बात
- इस प्रजाति में नियमित फलन है।
- यह बौनी प्रजाति है और जल्दी फल आ जाता है।
- पकने पर लाल आभा युक्त अति आकर्षक एवं रंगीन फल देती है।
- फलों के पकने पर उनकी गुणवत्ता का अध्ययन किया जाएगा।
- यह प्रजाति बीमारी रहित, बीमारियों का असर कम होता है।
- आम दिखने में सुंदर होगा और धीरे धीरे रंगीन हो जाता है।
काफी लाभकारी है प्रजाति
वेस्ट यूपी के किसानों के लिए आम की यह प्रजाति काफी लाभकारी होगी। अभी तक के परिणाम काफी सकारात्मक है। किसानों को इससे जोड़ा जा रहा है और बागवानी को बढ़ावा दिया जा रहा है। यहां के मौसम के लिए यह प्रजाति काफी अनुकूल है। -डॉ. आजाद सिंह पंवार, निदेशक, आईआईएफएसआर अच्छा आया परिणाम
अरुणिका प्रजाति अभी तक वेस्ट यूपी में नहीं होती है। अपने प्रक्षेत्र पर इसको लगाया गया था, प्रथम वर्ष में इसका परिणाम काफी अच्छा आया है। यह प्रजाति रंगीन होगी और साल भर फल देगी। जिससे किसान अपनी अर्थिक स्थिति को मजबूत कर सकता है। -डॉ. दुष्यंत मिश्रा, प्रधान वैज्ञानिक, आईआईएफएसआर
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वेस्ट यूपी में आम मुख्य बागवानी फसल है। यहां के किसानों के लिए आम की नई प्रजाति अरुणिका को भारतीय कृषि प्रणाली अनुसंधान संस्थान में लगाया था। यह प्रजाति यहां के मौसम के लिए अनुकूल है और सुर्ख लाल रंग का फल भी देगी। इस प्रजाति का आम स्वादिष्ट होगा। कम बढ़वार में ही इस पर फल आ जाता है। प्रथम साल में ही इस पर अच्छे फल आए हैं। वैज्ञानिक इस प्रजाति के बारे में किसानों को जानकारी दे रहे हैं। अभी तक वेस्ट यूपी में इस प्रजाति की बागवानी नहीं लगाई जाती है।
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अच्छी वृद्धि देती है यह प्रजाति
संस्थान में उत्तर भारतीय क्षेत्रों के लिए विकसित आम की नवीनतम किस्मों का मूल्यांकन गत वर्ष शुरू हुआ था। प्रक्षेत्र के प्रारंभिक परिणाम यह प्रजाति अन्य प्रजातियों में अच्छी वृद्धि देती है। फल की अपार संभावनाएं हैं।
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नई प्रजाति का लगाएं बाग
डॉ. दुष्यंत मिश्रा के अनुसार दशहरी, चौसा, लंगडा, रामकेला प्रजातियों में एक आयु के बाद अनियमित फलन, अत्यधिक वृक्ष विस्तार की समस्या आती है। जिस कारण बागवानी को उचित लाभ नहीं मिल पाता। यदि बागवानी के लिए नया बाग लगाना चाहतेे हैं तो नवीनतम किस्मों अरुणिका, अम्रपाली, मल्ल्किा आदि का बाग लगाएं। क्योंकि इन किस्मों में अनियमित फलन की समस्या नहीं है।
लखनऊ संस्थान ने की थी विकसित
यह प्रजाति लखनऊ केंद्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान रहमान खेड़ा के वैज्ञानिकों ने इस प्रजाति को विकसित किया था। इसके प्रति किसानों के कम जागरूक होने के कारण इसकी बागवानी कम हुई। इस कारण यह बाजार में महंगा मिलता है।
प्रजाति की खास बात
- इस प्रजाति में नियमित फलन है।
- यह बौनी प्रजाति है और जल्दी फल आ जाता है।
- पकने पर लाल आभा युक्त अति आकर्षक एवं रंगीन फल देती है।
- फलों के पकने पर उनकी गुणवत्ता का अध्ययन किया जाएगा।
- यह प्रजाति बीमारी रहित, बीमारियों का असर कम होता है।
- आम दिखने में सुंदर होगा और धीरे धीरे रंगीन हो जाता है।
काफी लाभकारी है प्रजाति
वेस्ट यूपी के किसानों के लिए आम की यह प्रजाति काफी लाभकारी होगी। अभी तक के परिणाम काफी सकारात्मक है। किसानों को इससे जोड़ा जा रहा है और बागवानी को बढ़ावा दिया जा रहा है। यहां के मौसम के लिए यह प्रजाति काफी अनुकूल है। -डॉ. आजाद सिंह पंवार, निदेशक, आईआईएफएसआर अच्छा आया परिणाम
अरुणिका प्रजाति अभी तक वेस्ट यूपी में नहीं होती है। अपने प्रक्षेत्र पर इसको लगाया गया था, प्रथम वर्ष में इसका परिणाम काफी अच्छा आया है। यह प्रजाति रंगीन होगी और साल भर फल देगी। जिससे किसान अपनी अर्थिक स्थिति को मजबूत कर सकता है। -डॉ. दुष्यंत मिश्रा, प्रधान वैज्ञानिक, आईआईएफएसआर