{"_id":"6a46ad1b9dacc05f56076382","slug":"uproar-over-the-transfer-of-female-employees-in-the-corporation-politics-heats-up-amidst-a-war-of-words-meerut-news-c-14-1-mrt1004-1234382-2026-07-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Meerut News: निगम में महिला कर्मियों के तबादले पर घमासान, आरोप-प्रत्यारोप के बीच गरमाई सियासत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Meerut News: निगम में महिला कर्मियों के तबादले पर घमासान, आरोप-प्रत्यारोप के बीच गरमाई सियासत
विज्ञापन
दोनों महिला कर्मचारी अस्थायी, भाजपा के वरिष्ठ नेता, महापौर और नगर आयुक्त के संज्ञान में मामला
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। नगर निगम में दो महिला अस्थायी कर्मियों के तबादले को लेकर सियासी और निगम में हलचल मची हुई है। मामला अब केवल एक विभागीय तबादले तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि भाजपा नेताओं, पार्षदों और नगर निगम प्रशासन के बीच चर्चा और विवाद का विषय बन गया है। दोनों पक्ष अपने-अपने तर्कों के साथ आमने-सामने हैं, जबकि पूरे घटनाक्रम को लेकर निगम परिसर में तरह-तरह की चर्चाएं जारी हैं।
नगर निगम मुख्यालय में कार्यरत एक महिला कंप्यूटर ऑपरेटर ने एक भाजपा पार्षद पर अनुचित व्यवहार करने और शादी का प्रस्ताव देने का आरोप लगाया था। महिला कर्मचारी का कहना कि प्रस्ताव अस्वीकार करने के बाद उसका तबादला मुख्यालय से दूसरे जोन में कर दिया गया।
इसी दौरान एक अन्य महिला अस्थायी कर्मचारी का भी दूसरे विभाग में तबादला कर दिया गया। इसके बाद मामला और तूल पकड़ गया। भाजपा के कुछ वरिष्ठ नेताओं तथा कुछ अन्य लोग इन तबादलों पर आपत्ति जताते हुए उन्हें वापस लेने की मांग पर अड़े हैं। उनका कहना कि यदि तबादले किसी प्रकार के दबाव या प्रतिशोध की भावना से किए गए तो उनकी निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए।
विज्ञापन
वहीं, पार्षद पक्ष इन तबादलों को पूरी तरह प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा बता रहा है। उनका कहना है कि नगर निगम में कार्य की आवश्यकता व प्रशासनिक व्यवस्था के अनुसार कर्मचारियों का स्थानांतरण सामान्य प्रक्रिया है और इसे अनावश्यक रूप से विवाद का रूप दिया जा रहा है।
नगर निगम के गलियारों में पूरे घटनाक्रम को लेकर लगातार चर्चाएं चल रही हैं। इसी कारण पूरा मामला अटकलों और आरोप-प्रत्यारोप के बीच उलझा हुआ है।
यह मामला महापौर हरिकांत अहलूवालिया और नगर आयुक्त सौरभ गंगवार के संज्ञान में भी पहुंच चुका है। महिला कर्मचारी की ओर से लगाए गए आरोपों को लेकर चर्चा है लेकिन अभी तक नगर निगम की ओर से किसी जांच या अन्य वैधानिक कार्रवाई की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई हैं। महापौर हरिकांत अहलूवालिया का कहना है कि मामला बेहद गंभीर है। निष्पक्ष जांच कराएंगे।
-- -- -- -- -- -- -- -- --
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। नगर निगम में दो महिला अस्थायी कर्मियों के तबादले को लेकर सियासी और निगम में हलचल मची हुई है। मामला अब केवल एक विभागीय तबादले तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि भाजपा नेताओं, पार्षदों और नगर निगम प्रशासन के बीच चर्चा और विवाद का विषय बन गया है। दोनों पक्ष अपने-अपने तर्कों के साथ आमने-सामने हैं, जबकि पूरे घटनाक्रम को लेकर निगम परिसर में तरह-तरह की चर्चाएं जारी हैं।
नगर निगम मुख्यालय में कार्यरत एक महिला कंप्यूटर ऑपरेटर ने एक भाजपा पार्षद पर अनुचित व्यवहार करने और शादी का प्रस्ताव देने का आरोप लगाया था। महिला कर्मचारी का कहना कि प्रस्ताव अस्वीकार करने के बाद उसका तबादला मुख्यालय से दूसरे जोन में कर दिया गया।
विज्ञापन
इसी दौरान एक अन्य महिला अस्थायी कर्मचारी का भी दूसरे विभाग में तबादला कर दिया गया। इसके बाद मामला और तूल पकड़ गया। भाजपा के कुछ वरिष्ठ नेताओं तथा कुछ अन्य लोग इन तबादलों पर आपत्ति जताते हुए उन्हें वापस लेने की मांग पर अड़े हैं। उनका कहना कि यदि तबादले किसी प्रकार के दबाव या प्रतिशोध की भावना से किए गए तो उनकी निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए।
विज्ञापन
वहीं, पार्षद पक्ष इन तबादलों को पूरी तरह प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा बता रहा है। उनका कहना है कि नगर निगम में कार्य की आवश्यकता व प्रशासनिक व्यवस्था के अनुसार कर्मचारियों का स्थानांतरण सामान्य प्रक्रिया है और इसे अनावश्यक रूप से विवाद का रूप दिया जा रहा है।
नगर निगम के गलियारों में पूरे घटनाक्रम को लेकर लगातार चर्चाएं चल रही हैं। इसी कारण पूरा मामला अटकलों और आरोप-प्रत्यारोप के बीच उलझा हुआ है।
यह मामला महापौर हरिकांत अहलूवालिया और नगर आयुक्त सौरभ गंगवार के संज्ञान में भी पहुंच चुका है। महिला कर्मचारी की ओर से लगाए गए आरोपों को लेकर चर्चा है लेकिन अभी तक नगर निगम की ओर से किसी जांच या अन्य वैधानिक कार्रवाई की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई हैं। महापौर हरिकांत अहलूवालिया का कहना है कि मामला बेहद गंभीर है। निष्पक्ष जांच कराएंगे।