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Meerut News: आईजीआरएस निस्तारण में सरधना तहसील प्रदेश में प्रथम
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ग्रामीणों की समस्याओं को प्राथमिकता देते हुए समय पर किया निस्तारित
संवाद न्यूज एजेंसी
सरधना। उत्तर प्रदेश में आईजीआरएस (इंटरएक्टिव ग्रिवांस रिड्रेसल सिस्टम) के निस्तारण में सरधना तहसील ने प्रदेशभर में पहला स्थान प्राप्त किया है। तहसील प्रशासन ने लगातार ग्रामीणों की समस्याओं को प्राथमिकता देते हुए उन्हें समय पर निस्तारित किया, जिससे यह मुकाम हासिल हुआ।
एसडीएम उदित नारायण सेंगर और तहसीलदार ज्योति सिंह के नेतृत्व में सरधना तहसील ने प्रशासनिक कार्यों को पारदर्शिता और सक्रियता के साथ किया। उनकी लगातार निगरानी और सक्रिय प्रयासों के चलते जन समस्याओं का शीघ्र समाधान हुआ, जिससे आईजीआरएस में जिले को अव्वल दर्जा प्राप्त हुआ। उन्होंने सुनिश्चित किया कि प्रत्येक शिकायत का निस्तारण समय पर हो और कोई भी लंबित मामला न रहे। इसके साथ ही नायब तहसीलदार राहुल सिंह और भूपेंद्र कुमार का सहयोग भी इस सफलता में महत्वपूर्ण रहा। इन अधिकारियों की टीमवर्क और प्रतिबद्धता ने इस लक्ष्य को प्राप्त करने में अहम भूमिका निभाई।
जिलाधिकारी डॉ. वीके सिंह की समीक्षा बैठक में सरधना तहसील को उच्चतम प्रदर्शन के लिए सराहा गया। डॉ. सिंह ने इस सफलता के लिए तहसील प्रशासन को बधाई दी और अन्य तहसीलों को भी इस उदाहरण से प्रेरणा लेने का आह्वान किया। उनकी सख्त निगरानी और मार्गदर्शन के कारण ही सरधना तहसील ने यह उपलब्धि प्राप्त की। तहसील स्तरीय अधिकारी रोजाना सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक अपने कार्यालय में नियमित रूप से जनसुनवाई कर रहे हैं। आईजीआरएस पोर्टल से प्राप्त जनता की समस्याओं का शासन की मंशानुसार गुणवत्तापूर्ण ढंग से निस्तारित किया जा रहा है।
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जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों, कर्मचारियों को बधाई देते हुए इस क्रम को आगामी समय में भी जारी रखने के लिए कहा है। आईजीआरएस के तहत लोगों की शिकायतों का समय पर समाधान सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता में रहा है। इस पहल के तहत नागरिकों की समस्याओं का निस्तारण स्वचालित तरीके से किया जाता है, जिससे लोगों को अपने मुद्दों का समाधान जल्दी मिल सके। सरधना तहसील में इस नीति का सही तरीके से पालन किया गया, जिससे वहां के नागरिकों को व्यापक रूप से राहत मिली और प्रशासन पर उनका विश्वास और बढ़ा।
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संवाद न्यूज एजेंसी
सरधना। उत्तर प्रदेश में आईजीआरएस (इंटरएक्टिव ग्रिवांस रिड्रेसल सिस्टम) के निस्तारण में सरधना तहसील ने प्रदेशभर में पहला स्थान प्राप्त किया है। तहसील प्रशासन ने लगातार ग्रामीणों की समस्याओं को प्राथमिकता देते हुए उन्हें समय पर निस्तारित किया, जिससे यह मुकाम हासिल हुआ।
एसडीएम उदित नारायण सेंगर और तहसीलदार ज्योति सिंह के नेतृत्व में सरधना तहसील ने प्रशासनिक कार्यों को पारदर्शिता और सक्रियता के साथ किया। उनकी लगातार निगरानी और सक्रिय प्रयासों के चलते जन समस्याओं का शीघ्र समाधान हुआ, जिससे आईजीआरएस में जिले को अव्वल दर्जा प्राप्त हुआ। उन्होंने सुनिश्चित किया कि प्रत्येक शिकायत का निस्तारण समय पर हो और कोई भी लंबित मामला न रहे। इसके साथ ही नायब तहसीलदार राहुल सिंह और भूपेंद्र कुमार का सहयोग भी इस सफलता में महत्वपूर्ण रहा। इन अधिकारियों की टीमवर्क और प्रतिबद्धता ने इस लक्ष्य को प्राप्त करने में अहम भूमिका निभाई।
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जिलाधिकारी डॉ. वीके सिंह की समीक्षा बैठक में सरधना तहसील को उच्चतम प्रदर्शन के लिए सराहा गया। डॉ. सिंह ने इस सफलता के लिए तहसील प्रशासन को बधाई दी और अन्य तहसीलों को भी इस उदाहरण से प्रेरणा लेने का आह्वान किया। उनकी सख्त निगरानी और मार्गदर्शन के कारण ही सरधना तहसील ने यह उपलब्धि प्राप्त की। तहसील स्तरीय अधिकारी रोजाना सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक अपने कार्यालय में नियमित रूप से जनसुनवाई कर रहे हैं। आईजीआरएस पोर्टल से प्राप्त जनता की समस्याओं का शासन की मंशानुसार गुणवत्तापूर्ण ढंग से निस्तारित किया जा रहा है।
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जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों, कर्मचारियों को बधाई देते हुए इस क्रम को आगामी समय में भी जारी रखने के लिए कहा है। आईजीआरएस के तहत लोगों की शिकायतों का समय पर समाधान सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता में रहा है। इस पहल के तहत नागरिकों की समस्याओं का निस्तारण स्वचालित तरीके से किया जाता है, जिससे लोगों को अपने मुद्दों का समाधान जल्दी मिल सके। सरधना तहसील में इस नीति का सही तरीके से पालन किया गया, जिससे वहां के नागरिकों को व्यापक रूप से राहत मिली और प्रशासन पर उनका विश्वास और बढ़ा।