{"_id":"5feb8cf29e5ae57ed20e1e1d","slug":"rapid-rail-track-construction-will-catch-pace-in-the-meerut-city","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"मेरठः आज से शहर में गति पकड़ेगा रैपिड रेल ट्रैक का निर्माण, भूमि-पूजन से हुआ शुभारंभ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मेरठः आज से शहर में गति पकड़ेगा रैपिड रेल ट्रैक का निर्माण, भूमि-पूजन से हुआ शुभारंभ
Wed, 30 Dec 2020 01:39 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Wed, 30 Dec 2020 01:39 AM IST
विज्ञापन
rapid rail project
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल कॉरिडोर निर्माण के लिए आज का दिन अहम है। 82 किमी के कॉरिडोर के एलीवेटेड हिस्से में लगाए जाने वाले ट्रैक और शहर में 12 किमी के एलीवेटेड ढांचे के निर्माण का शुभारंभ आज हो गया। इसके लिए एलएंडटी ने दो स्थानों पर कार्यक्रम किया। शताब्दीनगर सेक्टर चार-सी में भूमि पूजन से इसका शुभारंभ किया गया। इस दौरान रैपिड प्रॉजेक्ट में शामिल कई अधिकारी भी शामिल रहे।
विज्ञापन
इन दो पैकेजों का होगा शुभांरभ
पैकेज 17: एनसीआरटीसी ने एलएंडटी को ट्रैक का निर्माण, लगाने, मेंटेनेंस की जिम्मेदारी दी है। कॉरिडोर में खासतौर पर बैलेस्टलेस ट्रैक का प्रयोग किया जा रहा है। इससे एलीवेटेड ढांचा बनाने में कम लागत सहित कम मेंटेनेंस होता है। एलएंडटी को 648.46 करोड़ रुपये में टेंडर अवार्ड किया गया है। एनसीआरटीसी ने पहले चरण में दुहाई से शताब्दीनगर तक कार्य शुरू कर दिया है। ट्रैक का निर्माण शताब्दीनगर में किया जाएगा।
विज्ञापन
पैकेज 7: शताब्दीनगर से ब्रह्मपुरी और बेगमपुल से मोदीपुरम तक बनाए जाने वाले एलीवेटेड ढांचे के लिए पाइलिंग का कार्य शुरू होगा। इस रूट पर एचआरएस चौक से बेगमपुल तक भूमिगत ट्रैक बनाया जाना है।
विज्ञापन
इसके लिए अभी कार्य शुरू नहीं किया जा रहा है। पहले एलीवेटेड ट्रैक से शुरुआत की जा रही है। इस एलीवेटेड ट्रैक के निर्माण का जिम्मा भी एलएंडटी को 723.35 करोड़ में दिया गया है। इस पैकेज में ब्रह्मपुरी, एमईएस कॉलोनी, डौरली, मेरठ नॉर्थ स्टेशन शामिल हैं।
अब ये आएंगी दिक्कतें
शहर के अंदर निर्माण शुरू होने से ट्रैफिक डायवर्जन की जरूरत हो जाएगी। आज से पाइलिंग कार्य शुरू होने के बाद डिवाइडर के बीच में कार्य किया जाएगा। इसके बाद दोनों तरफ से आने वाले ट्रैफिक को संभालना पुलिस के लिए चुनौती भरा होगा। इससे पहले अभी सड़क के दोनों ओर से अमर उजाला सेतु से ब्रह्मपुरी तक सड़क चौड़ीकरण सहित अतिक्रमण को हटाना होगा। हालांकि, बेगमपुल से आगे मोदीपुरम तक कोई अधिक समस्या नहीं आएगी।
रूट डायवर्जन के बाद आरईवॉल लगानी शुरू
मेरठ-दिल्ली एक्सप्रेसवे के परतापुर तिराहे का नक्शा बदलता नजर आ रहा है। कार्यदायी संस्था जीआर इंफ्रा ने मंगलवार को सर्विस रोड के साइड में परतापुर प्लाईओवर की साइड कटिंग कर आरईवॉल लगानी शुरू कर दी।
यहां अत्याधुनिक मशीनें लगाई गई हैं। एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य पूरा करना नजदीक है। उधर, तीनों इंटरचेंजों की कनेक्टिविटी को भी देना शुरू कर दिया गया है। मंगलवार को ओवरब्रिज पर भी युद्ध स्तर पर कार्य जारी रहा। दो दिन बाद उस पर डामर डालकर मार्ग तैयार कर दिया जाएगा। इसके अलावा टोल प्लाजा से आगे एक्सप्रेसवे पर फाइनल लेयर करने का कार्य किया जा रहा है।
शहर के अंदर निर्माण शुरू होने से ट्रैफिक डायवर्जन की जरूरत हो जाएगी। आज से पाइलिंग कार्य शुरू होने के बाद डिवाइडर के बीच में कार्य किया जाएगा। इसके बाद दोनों तरफ से आने वाले ट्रैफिक को संभालना पुलिस के लिए चुनौती भरा होगा। इससे पहले अभी सड़क के दोनों ओर से अमर उजाला सेतु से ब्रह्मपुरी तक सड़क चौड़ीकरण सहित अतिक्रमण को हटाना होगा। हालांकि, बेगमपुल से आगे मोदीपुरम तक कोई अधिक समस्या नहीं आएगी।
रूट डायवर्जन के बाद आरईवॉल लगानी शुरू
मेरठ-दिल्ली एक्सप्रेसवे के परतापुर तिराहे का नक्शा बदलता नजर आ रहा है। कार्यदायी संस्था जीआर इंफ्रा ने मंगलवार को सर्विस रोड के साइड में परतापुर प्लाईओवर की साइड कटिंग कर आरईवॉल लगानी शुरू कर दी।
यहां अत्याधुनिक मशीनें लगाई गई हैं। एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य पूरा करना नजदीक है। उधर, तीनों इंटरचेंजों की कनेक्टिविटी को भी देना शुरू कर दिया गया है। मंगलवार को ओवरब्रिज पर भी युद्ध स्तर पर कार्य जारी रहा। दो दिन बाद उस पर डामर डालकर मार्ग तैयार कर दिया जाएगा। इसके अलावा टोल प्लाजा से आगे एक्सप्रेसवे पर फाइनल लेयर करने का कार्य किया जा रहा है।