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Meerut News: नाबालिग वेटर बाल सुधार गृह भेजा, इंजीनियर के दोस्त को मिली जमानत
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इंजीनियर युवती के कैफे में गोली लगने का मामले में पिस्टल का लाइसेंस निरस्त करने के लिए पुलिस ने भेजी रिपोर्ट
कैफे संचालक के खिलाफ नहीं की कोई कार्रवाई, नाबालिग से काम कराने की श्रम विभाग को भी नहीं दी जानकारी
संवाद न्यूज एजेंसी
मोदीपुरम। पल्लवपुरम में कैफे में इंजीनियर युवती की जांघ में गोली लगने के मामले में नाबालिग वेटर को बाल सुधार गृह भेज दिया गया। युवती के दोस्त गौरव को कोर्ट से जमानत मिल गई। नाबालिग से कैफे में काम करा रहे संचालक के खिलाफ पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की है। श्रम विभाग को भी इसकी जानकारी पुलिस की ओर से नहीं दी गई। हालांकि पिस्टल का लाइसेंस निरस्त करने की रिपोर्ट पुलिस ने भेज दी है।
शास्त्रीनगर की रहने वाली प्राची नोएडा स्थित एक कंपनी में इंजीनियर है। शुक्रवार को वह मोदीपुरम निवासी अपने दोस्त शिव नगर कॉलोनी के रहने वाले गौरव से मिलने पल्लवपुरम फेज दाे स्थित न्यू फ्रैंड्स कैफे में आई थी। इस कैफे का संचालन पल्हैड़ा गांव निवासी ललित कर रहा है। शनिवार को पुलिस ने इस मामले में युवती प्राची की तहरीर पर मुकदमा तो दर्ज किया, लेकिन इस मामले में कैफे संचालक को पूरी तरह बचा दिया गया। नियमानुसार नाबालिग से मजदूरी करना अपराध है, इसके बावजूद कैफे संचालक पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। न ही इस मामले में श्रम विभाग को कोई सूचना दी गई।
कई सवालों के जवाब बाकी
युवती प्राची को गोली लगने के मामले में नाबालिग वेटर पर कार्रवाई की गई। जबकि पिस्टल गिरने के बाद वेटर ने पिस्टल उठाकर दे रहा था, इसी दौरान चल गई और प्राची की जांघ में लग गई। गौरव ने मेज पर पिस्टल क्यों रखी और यदि पिस्टल लोड थी तो मेज पर पिस्टल रखने की क्या जरूरत थी। अस्पताल में भर्ती कराने के दौरान भी गलत पता बताने का प्रयास किया गया। पुलिस ने इस पूरे प्रकरण में गौरव का बचाव किया। कैफे संचालक पर कार्रवाई क्यों नहीं की गई। पुलिस इस मामले में पहले से ही कैफे में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज को अपने कब्जे में ले चुकी है, लेकिन इसके बाद भी पुलिस ने फुटेज को दरकिनार करते हुए युवती की ही तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया। जबकि, फुटेज कुछ ओर ही कहानी बयां कर रही थी।
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ये है पूरा मामला
शुक्रवार को लगभग शाम छह बजे पल्लवपुरम डबल स्टोरी निवासी किशोर ऑर्डर लेने के लिए आया था। इस दौरान गौरव की लाइसेंसी पिस्टल नीचे गिर गया, जिस पर किशोरी ने जैसे ही पिस्टल उठाकर दी तो गोली चल गई। गोली प्राची की जांघ में लगी, जिस कारण वह घायल हो गई। प्राची को अस्पताल में भर्ती कराया गया। हालांकि मामले को दबाने के लिए पहले अस्पताल में गलत पता दर्ज कराने का प्रयास किया गया। पुलिस को सूचना देने पर पूरा मामला प्रकाश में आया। पहले तो मामले को छिपाने का प्रयास किया गया, लेकिन शनिवार को युवती की ही तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया।
प्राची की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की गई है। पिस्टल को सील कर दिया गया है। लाइसेंस निरस्तीकरण की रिपोर्ट भी भेजी जा रही है। आयुष विक्रम सिंह, एसपी सिटी।
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कैफे संचालक के खिलाफ नहीं की कोई कार्रवाई, नाबालिग से काम कराने की श्रम विभाग को भी नहीं दी जानकारी
संवाद न्यूज एजेंसी
मोदीपुरम। पल्लवपुरम में कैफे में इंजीनियर युवती की जांघ में गोली लगने के मामले में नाबालिग वेटर को बाल सुधार गृह भेज दिया गया। युवती के दोस्त गौरव को कोर्ट से जमानत मिल गई। नाबालिग से कैफे में काम करा रहे संचालक के खिलाफ पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की है। श्रम विभाग को भी इसकी जानकारी पुलिस की ओर से नहीं दी गई। हालांकि पिस्टल का लाइसेंस निरस्त करने की रिपोर्ट पुलिस ने भेज दी है।
शास्त्रीनगर की रहने वाली प्राची नोएडा स्थित एक कंपनी में इंजीनियर है। शुक्रवार को वह मोदीपुरम निवासी अपने दोस्त शिव नगर कॉलोनी के रहने वाले गौरव से मिलने पल्लवपुरम फेज दाे स्थित न्यू फ्रैंड्स कैफे में आई थी। इस कैफे का संचालन पल्हैड़ा गांव निवासी ललित कर रहा है। शनिवार को पुलिस ने इस मामले में युवती प्राची की तहरीर पर मुकदमा तो दर्ज किया, लेकिन इस मामले में कैफे संचालक को पूरी तरह बचा दिया गया। नियमानुसार नाबालिग से मजदूरी करना अपराध है, इसके बावजूद कैफे संचालक पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। न ही इस मामले में श्रम विभाग को कोई सूचना दी गई।
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कई सवालों के जवाब बाकी
युवती प्राची को गोली लगने के मामले में नाबालिग वेटर पर कार्रवाई की गई। जबकि पिस्टल गिरने के बाद वेटर ने पिस्टल उठाकर दे रहा था, इसी दौरान चल गई और प्राची की जांघ में लग गई। गौरव ने मेज पर पिस्टल क्यों रखी और यदि पिस्टल लोड थी तो मेज पर पिस्टल रखने की क्या जरूरत थी। अस्पताल में भर्ती कराने के दौरान भी गलत पता बताने का प्रयास किया गया। पुलिस ने इस पूरे प्रकरण में गौरव का बचाव किया। कैफे संचालक पर कार्रवाई क्यों नहीं की गई। पुलिस इस मामले में पहले से ही कैफे में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज को अपने कब्जे में ले चुकी है, लेकिन इसके बाद भी पुलिस ने फुटेज को दरकिनार करते हुए युवती की ही तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया। जबकि, फुटेज कुछ ओर ही कहानी बयां कर रही थी।
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ये है पूरा मामला
शुक्रवार को लगभग शाम छह बजे पल्लवपुरम डबल स्टोरी निवासी किशोर ऑर्डर लेने के लिए आया था। इस दौरान गौरव की लाइसेंसी पिस्टल नीचे गिर गया, जिस पर किशोरी ने जैसे ही पिस्टल उठाकर दी तो गोली चल गई। गोली प्राची की जांघ में लगी, जिस कारण वह घायल हो गई। प्राची को अस्पताल में भर्ती कराया गया। हालांकि मामले को दबाने के लिए पहले अस्पताल में गलत पता दर्ज कराने का प्रयास किया गया। पुलिस को सूचना देने पर पूरा मामला प्रकाश में आया। पहले तो मामले को छिपाने का प्रयास किया गया, लेकिन शनिवार को युवती की ही तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया।
प्राची की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की गई है। पिस्टल को सील कर दिया गया है। लाइसेंस निरस्तीकरण की रिपोर्ट भी भेजी जा रही है। आयुष विक्रम सिंह, एसपी सिटी।