{"_id":"2e5cc7b14c0a2cb10caecc98a52e0b04","slug":"meerut-crime-news-hindi-news-71","type":"story","status":"publish","title_hn":"संसद में सुनाया गया बहादुर बिटिया का दुखड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संसद में सुनाया गया बहादुर बिटिया का दुखड़ा
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
Updated Tue, 01 Dec 2015 01:34 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शास्त्रीनगर ड्रग्स स्कैंडल सोमवार को संसद में गूंजा। भाजपा सांसद राजेंद्र अग्रवाल ने इस मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि मेरठ पुलिस ने मामले की गंभीरता से जांच नहीं की। समाज में गंदगी फैलाने वाले ड्रग्स स्कैंडल की निष्पक्ष जांच सीबीआई कर सकती है।
केंद्रीय सेवा में कार्यरत एक अधिकारी की बहादुर बेटी ने ड्रग्स स्कैंडल का भंडाफोड़ किया था। बिटिया का आरोप है कि पांच आरोपियों अरीब सिद्दीकी, शशांक प्रधान, सिद्धार्थ गुर्जर, शुभम प्रधान और साकिब सिद्दीकी ने उसको पेस्ट्री और कोल्डड्रिंक में नशा देकर विगत 27 जुलाई को गैंगरेप किया था।
एक आरोपी अरीब को पीड़ित परिवार ने खुद ही पकड़कर पुलिस को सौंपा था। मामला उजागर होने पर पुलिस आरोपियों के बचाव में उतरी।
चौतरफा दबाव पड़ने पर पुलिस को तीन आरोपियों शशांक प्रधान, सिद्धार्थ और शुभम को गिरफ्तार कर जेल भेजना पड़ा। इस मामले को लेकर पीड़ित परिवार से सांसद राजेंद्र अग्रवाल मिले थे। उन्होंने पीड़ित परिवार को आश्वासन दिया था कि वह इस मामले को संसद में उठाएंगे। सोमवार को सांसद ने इस मामले को संसद में उठाते हुए सीबीआई की जांच की मांग की।
विज्ञापन
विज्ञापन
केंद्रीय सेवा में कार्यरत एक अधिकारी की बहादुर बेटी ने ड्रग्स स्कैंडल का भंडाफोड़ किया था। बिटिया का आरोप है कि पांच आरोपियों अरीब सिद्दीकी, शशांक प्रधान, सिद्धार्थ गुर्जर, शुभम प्रधान और साकिब सिद्दीकी ने उसको पेस्ट्री और कोल्डड्रिंक में नशा देकर विगत 27 जुलाई को गैंगरेप किया था।
विज्ञापन
एक आरोपी अरीब को पीड़ित परिवार ने खुद ही पकड़कर पुलिस को सौंपा था। मामला उजागर होने पर पुलिस आरोपियों के बचाव में उतरी।
चौतरफा दबाव पड़ने पर पुलिस को तीन आरोपियों शशांक प्रधान, सिद्धार्थ और शुभम को गिरफ्तार कर जेल भेजना पड़ा। इस मामले को लेकर पीड़ित परिवार से सांसद राजेंद्र अग्रवाल मिले थे। उन्होंने पीड़ित परिवार को आश्वासन दिया था कि वह इस मामले को संसद में उठाएंगे। सोमवार को सांसद ने इस मामले को संसद में उठाते हुए सीबीआई की जांच की मांग की।
विज्ञापन