{"_id":"2cbaa318282135c25acd1f44fd04e099","slug":"meerut-college-news-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"‘जंग’ का मैदान बना मेरठ कॉलेज ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
‘जंग’ का मैदान बना मेरठ कॉलेज
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
Updated Thu, 14 Jan 2016 01:18 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मेरठ कॉलेज बुधवार को ‘जंग’ का मैदान बन गया। समाजवादी छात्रसभा के छात्रों ने कक्षाएं बंद करा दीं। वहीं छात्रसंघ अध्यक्ष और उनके समर्थकों ने कक्षाएं खुलवा दीं, इससे हंगामा हो गया। दोनों छात्र गुट आमने-सामने आ गए। विवाद को देखते हुए कॉलेज में पुलिस और पीएसी तैनात कर दी गई। छात्र हंगामा और नारेबाजी करते रहे और कॉलेज प्रशासन मूकदर्शक बना रहा। किसी भी छात्र के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई है।
कॉलेज के गेट पर तीन दिन से समाजवादी छात्रसभा के गौरव सिरोही 15 सूत्रीय मांगों को लेकर भूख हड़ताल पर बैठे हैं। बुधवार को छात्रसभा की तरफ से अनुज जावला व उपकार मलिक ने मांग रखी कि जब तक कॉलेज प्रशासन बिंदुवार सवालों केे जवाब नहीं दे देता तब तक भूख हड़ताल जारी रहेगी। कॉलेज प्रशासन ने अधिकांश मांगें मान लीं।
लेकिन छात्र कॉलेज को प्राप्त होने वाली यूजीसी व अन्य स्रोतों से प्राप्त होने वाले ग्रांट का हिसाब किताब लेने पर अड़ गए। प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में चली वार्ता में प्राचार्य डॉ. एनपी सिंह ने कहा कि हिसाब किताब देने के लिए पहले मैनेजमेंट कमेटी से राय लेना जरूरी है, उसी के बाद दिया जाएगा। जिसके लिए आप थोड़ा वक्त दीजिये और गौरव मलिक की भूख हड़ताल खत्म कराएं। लेकिन छात्रसभा के सदस्य लिखित आश्वासन लेने पर अड़े रहे। प्राचार्य ने लिखित आश्वासन देने से हाथ खड़े कर दिए। इसके बाद जमकर हंगामा हो गया।
विज्ञापन
छात्रसभा के सदस्यों ने क्लासों में पढ़ रहे छात्रों को उठाकर भगा दिया और कॉलेज के तीनों गेट बंद कर दिए। इसके बाद छात्रसंघ अध्यक्ष व महामंत्री अपने समर्थकों के साथ छात्रसभा के विरोध में उतर आए। उन्होंने गेट खुलवा दिए। जिसको लेकर दोनों पक्षों के बीच जमकर बहस हुई। मामले की सूचना मिलते ही प्रशासन की तरफ से अतिरिक्त फोर्स कॉलेज कैंपस में तैनात कर दी गई। कालेज बंद कर रहे छात्रसभा के सदस्यों और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई।
दूसरे दौर की वार्ता भी विफल
दिनभर चले हंगामे के बीच दोपहर बार फिर से कॉलेज प्रशासन और छात्रसभा के नेताओं के बीच वार्ता हुई। प्राचार्य ने कहा कि प्रबंध समिति से सहमति लेने के बाद हिसाब दिया जाएगा। छात्रों ने कहा कि तत्काल आरडी हॉस्टल को खेल दिया जाए। प्राचार्य ने कहा कि पहले बाकी हॉस्टल भरे जाएंगे। उसके बाद जरूरत पड़ने पर बाकी हॉस्टल खोल दिये जाएंगे। छात्र लिखित में आश्वासन देने पर अड़ गए, प्राचार्य ने इनकार कर दिया।
अतुल प्रधान पहुंचे कॉलेज
तीन दिन से भूख हड़ताल पर बैठे गौरव सिरोही व अन्य छात्रों का हालचाल जानने के लिए समाजवादी छात्र सभा के प्रदेश अध्यक्ष अतुल प्रधान भी पहुंचे। अतुल प्रधान ने कहा कि यह कॉलेज की विफलता है कि अब छात्रों को अपने हितों के लिए भूख हड़ताल करनी पड़ रही है।
विज्ञापन
कॉलेज के गेट पर तीन दिन से समाजवादी छात्रसभा के गौरव सिरोही 15 सूत्रीय मांगों को लेकर भूख हड़ताल पर बैठे हैं। बुधवार को छात्रसभा की तरफ से अनुज जावला व उपकार मलिक ने मांग रखी कि जब तक कॉलेज प्रशासन बिंदुवार सवालों केे जवाब नहीं दे देता तब तक भूख हड़ताल जारी रहेगी। कॉलेज प्रशासन ने अधिकांश मांगें मान लीं।
विज्ञापन
लेकिन छात्र कॉलेज को प्राप्त होने वाली यूजीसी व अन्य स्रोतों से प्राप्त होने वाले ग्रांट का हिसाब किताब लेने पर अड़ गए। प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में चली वार्ता में प्राचार्य डॉ. एनपी सिंह ने कहा कि हिसाब किताब देने के लिए पहले मैनेजमेंट कमेटी से राय लेना जरूरी है, उसी के बाद दिया जाएगा। जिसके लिए आप थोड़ा वक्त दीजिये और गौरव मलिक की भूख हड़ताल खत्म कराएं। लेकिन छात्रसभा के सदस्य लिखित आश्वासन लेने पर अड़े रहे। प्राचार्य ने लिखित आश्वासन देने से हाथ खड़े कर दिए। इसके बाद जमकर हंगामा हो गया।
विज्ञापन
छात्रसभा के सदस्यों ने क्लासों में पढ़ रहे छात्रों को उठाकर भगा दिया और कॉलेज के तीनों गेट बंद कर दिए। इसके बाद छात्रसंघ अध्यक्ष व महामंत्री अपने समर्थकों के साथ छात्रसभा के विरोध में उतर आए। उन्होंने गेट खुलवा दिए। जिसको लेकर दोनों पक्षों के बीच जमकर बहस हुई। मामले की सूचना मिलते ही प्रशासन की तरफ से अतिरिक्त फोर्स कॉलेज कैंपस में तैनात कर दी गई। कालेज बंद कर रहे छात्रसभा के सदस्यों और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई।
दूसरे दौर की वार्ता भी विफल
दिनभर चले हंगामे के बीच दोपहर बार फिर से कॉलेज प्रशासन और छात्रसभा के नेताओं के बीच वार्ता हुई। प्राचार्य ने कहा कि प्रबंध समिति से सहमति लेने के बाद हिसाब दिया जाएगा। छात्रों ने कहा कि तत्काल आरडी हॉस्टल को खेल दिया जाए। प्राचार्य ने कहा कि पहले बाकी हॉस्टल भरे जाएंगे। उसके बाद जरूरत पड़ने पर बाकी हॉस्टल खोल दिये जाएंगे। छात्र लिखित में आश्वासन देने पर अड़ गए, प्राचार्य ने इनकार कर दिया।
अतुल प्रधान पहुंचे कॉलेज
तीन दिन से भूख हड़ताल पर बैठे गौरव सिरोही व अन्य छात्रों का हालचाल जानने के लिए समाजवादी छात्र सभा के प्रदेश अध्यक्ष अतुल प्रधान भी पहुंचे। अतुल प्रधान ने कहा कि यह कॉलेज की विफलता है कि अब छात्रों को अपने हितों के लिए भूख हड़ताल करनी पड़ रही है।