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Meerut: मुख्य निर्वाचन अधिकारी बोले, नोटिस या त्रुटियां सही कराने का झंझट छोड़िए, फॉर्म -6 भरकर मतदाता बनिए
Sun, 01 Mar 2026 10:21 AM IST
Mohd Mustakim
अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
Published by: Mohd Mustakim
Updated Sun, 01 Mar 2026 10:21 AM IST
सार
मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने मेरठ आकर एसआईआर का मुआयना किया। बताया कि जिले के 6.48 लाख मतदाता में से 61 प्रतिशत की समस्या का समाधान किया जा चुका है।
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रजपुरा ब्लॉक में निरीक्षण करते नवदीप रिणवा।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने मेरठ का भ्रमण किया। उन्होंने विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण-2026 कार्यक्रम की बारीकी से समीक्षा की और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि आप सही मतदाता हैं तो नोटिस या त्रुटियों की चिंता छोड़कर फॉर्म-6 भरें। उन्होंने आगाह किया कि मतदाता सूची में एक से अधिक स्थान पर नाम रखना दंडनीय अपराध है, ऐसे लोग फॉर्म-7 भरकर अपना नाम हटवा लें।
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मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि जिला निर्वाचन कार्यालय द्वारा 6.48 लाख ऐसे मतदाताओं को नोटिस दिए गए थे, जिनकी मैपिंग नहीं हुई थी या जिनमें तार्किक विसंगतियां थीं। इनमें से अब तक 61 प्रतिशत समस्याओं का समाधान हो चुका है। उन्होंने जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. वीके सिंह को निर्देश दिए कि शेष नोटिसों का निस्तारण जल्द किया जाए। दावे और आपत्तियां दर्ज करने की अंतिम तिथि 27 मार्च है जबकि 10 अप्रैल को अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन किया जाएगा।
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नवदीप रिणवा ने सबसे पहले ब्लॉक रजपुरा स्थित नोटिस सुनवाई केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने वहां मौजूद सुविधाओं, कार्यप्रणाली और शिकायत निस्तारण व्यवस्था को परखा। केंद्र पर आए मतदाताओं से सीधा संवाद करते हुए उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनता के साथ शालीनता और पारदर्शिता से व्यवहार किया जाए। उन्होंने युवाओं और महिलाओं से अपील की कि जिनका नाम सूची में नहीं है, वे साक्ष्यों के साथ फॉर्म-6 भरकर 6 मार्च 2026 तक अपने बीएलओ को दे दें। उन्होंने नोटिस सुनवाई की प्रगति बुक ए कॉल विद बीएलओ एनजीएसपी पोर्टल पर शिकायत निस्तारण के बारे में भी बताया।
राजनीतिक दलों के साथ संवाद
विकास भवन सभागार में भाजपा, सपा, रालोद और बसपा सहित अन्य मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की गई। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने दलों से सुझाव लिए और नए मतदाताओं को जोड़ने में बूथ लेवल एजेंटों की सक्रिय भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश में औसत 73 प्रतिशत के मुकाबले मेरठ में 61 प्रतिशत नोटिस सुनवाई हुई है, जिसे समय सीमा के भीतर शत-प्रतिशत करने की आवश्यकता है।
विकास भवन सभागार में भाजपा, सपा, रालोद और बसपा सहित अन्य मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की गई। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने दलों से सुझाव लिए और नए मतदाताओं को जोड़ने में बूथ लेवल एजेंटों की सक्रिय भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश में औसत 73 प्रतिशत के मुकाबले मेरठ में 61 प्रतिशत नोटिस सुनवाई हुई है, जिसे समय सीमा के भीतर शत-प्रतिशत करने की आवश्यकता है।
उत्कृष्ट कार्य करने वाले 70 बीएलओ पुरस्कृत
चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के सुभाष चंद्र बोस प्रेक्षागृह में एक सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इसमें जिले की सातों विधानसभा क्षेत्रों से बेहतर कार्य करने वाले 70 बीएलओ और 14 सुपरवाइजरों को मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सम्मानित किया। उन्होंने बीएलओ के प्रयासों की सराहना करते हुए बताया कि मिजोरम के बाद उत्तर प्रदेश इस कार्य में दूसरे स्थान पर है। प्रदेश में औरैया जिला निस्तारण में सबसे आगे है, जबकि मऊ में 52 प्रतिशत कार्य हुआ है।
चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के सुभाष चंद्र बोस प्रेक्षागृह में एक सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इसमें जिले की सातों विधानसभा क्षेत्रों से बेहतर कार्य करने वाले 70 बीएलओ और 14 सुपरवाइजरों को मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सम्मानित किया। उन्होंने बीएलओ के प्रयासों की सराहना करते हुए बताया कि मिजोरम के बाद उत्तर प्रदेश इस कार्य में दूसरे स्थान पर है। प्रदेश में औरैया जिला निस्तारण में सबसे आगे है, जबकि मऊ में 52 प्रतिशत कार्य हुआ है।
मेरठ की प्रगति पर जताई चिंता
प्रेसवार्ता के दौरान मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने मेरठ में अब तक हुए 61 प्रतिशत कार्य पर असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने निर्देश दिए कि 27 मार्च का इंतजार किए बिना शिकायतों का निस्तारण कर कंप्यूटर फीडिंग बढ़ाई जाए। जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. वीके सिंह ने बताया कि कुछ तकनीकी कारणों से प्रतिशत कम रहा है, लेकिन होली के बाद इस अभियान में तेजी लाई जाएगी और सभी कमियों को दूर कर लिया जाएगा।
प्रेसवार्ता के दौरान मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने मेरठ में अब तक हुए 61 प्रतिशत कार्य पर असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने निर्देश दिए कि 27 मार्च का इंतजार किए बिना शिकायतों का निस्तारण कर कंप्यूटर फीडिंग बढ़ाई जाए। जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. वीके सिंह ने बताया कि कुछ तकनीकी कारणों से प्रतिशत कम रहा है, लेकिन होली के बाद इस अभियान में तेजी लाई जाएगी और सभी कमियों को दूर कर लिया जाएगा।