फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Mahashivratri: two lakh Shiva devotees will perform Jalabhishek to Lord Bholenath

केसरिया हुए शिवालय, हर तरफ बम-बम:  आज दो लाख शिवभक्त करेंगे भगवान भोलेनाथ को जलाभिषेक 

Tue, 01 Mar 2022 11:06 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ Published by: Dimple Sirohi Updated Tue, 01 Mar 2022 11:06 AM IST
विज्ञापन
Mahashivratri: two lakh Shiva devotees will perform Jalabhishek to Lord Bholenath
mahashivratri - फोटो : अमर उजाला

मेरठ शहर में बाबा औघड़नाथ मंदिर सहित अन्य देवालयों में त्रयोदशी का जल चढ़ाया गया। मंगलवार को चतुदर्शी पर महाशिवरात्रि पर्व मनाया जा रहा है। इस पर्व पर करीब दो लाख शिवभक्त भगवान भोलेनाथ को जलाभिषेक करेंगे। जय भोले जय भंडारी, तेरी है महिमा न्यारी सहित अन्य भजनों और बोल-बम के जयघोष के साथ शिवभक्त भगवान शिव की आराधना करेंगे। वहीं पश्चिमी यूपी के अन्य जिलों में भी शिवालयों पर कांवड़ियों और श्रद्धालुओं की लंबी लाइनें लगी हुई हैं। 

विज्ञापन


बाबा औघड़नाथ मंदिर सहित अन्य देवालयों को भव्य तरीके से सजाया गया है। सोमवार को ही यहां मेले जैसा माहौल रहा। फूलों के साथ रंगीन लाइटों से सजावट की गई। मेले में झूलों के साथ सामाजिक धार्मिक संगठनों के द्वारा भंडारे लगाए गए हैं। अन्य मंदिरों में भी सजावट के साथ इंतजाम किए गए हैं। हरिद्वार से जल लेकर आने वाले कांवड़ियों की संख्या इस बार 5 हजार से अधिक रही है। 
विज्ञापन


सीसीटीवी कैमरों से होगी निगरानी  : बाबा औघड़नाथ मंदिर में मंगलवार  को सुबह चार बजे से जलाभिषेक शुरू हो गया। मंदिर समिति के अध्यक्ष डॉ. महेश बंसल और महामंत्री सतीश सिंघल ने बताया कि मंदिर के मुख्य द्वार पर रविवार रात ही गंगाजल के कैंटर पहुंच गए थे। 
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रथम प्रहर : शाम 6:21 से 9:27 बजे तक
द्वितीय प्रहर : रात 9:27 से 12:31 बजे तक
तृतीय प्रहर : रात 12:31 से सुबह अल सुबह 3:32 बजे तक
चतुर्थ प्रहर : अल सुबह 3:32  से 6:34 बजे तक
शिवरात्रि व्रत पारण समय : 2 मार्च को सुबह 5:34 से 6:02 बजे तक

राजराजेश्वरी मंदिर में शिव के साथ शक्ति है विराजमान
शहर के प्रसिद्ध मंदिरों में सम्राट पैलेस स्थित राजराजेश्वरी मंदिर की स्थापना 1989 में ज्योतिष और द्वारका शारदा पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वरूपानंद जी महाराज ने की। मंदिर में प्रधान देवी भगवती राज राजेश्वरी त्रिपुर सुंदरी के साथ चौसठ योगिनी माता भी विराजमान हैं। यहां स्फटिक मणि का शिवलिंग भक्तों की सभी मनोकामना को पूर्ण करने वाला है। 2000 गज जगह में बने मंदिर में बाग और छोटे मंदिर भी हैं। मंदिर में जगद्गुरु शंकराचार्य जी का आश्रम भी है। मंदिर में सभी धार्मिक और व्यवस्था संबंधी कार्य राधिकानंद ब्रह्मचारी जी महाराज के द्वारा की जाती है। ब्रह्मचारी जी 2019 से यह जिम्मेदारी निभा रहे हैं। मंदिर शंकराचार्य जी के साथ विभिन्न पीठों से संत और महात्मा भी नियमित रूप से आते रहते हैं। मंदिर में सभी पर्वों पर आयोजन होते हैं। महाशिवरात्रि पर चार प्रहर की पूजा की जाती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed