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Meerut News: मानव-वन्यजीव संघर्ष कम करने में रोजगार बनेगा हथियार
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कार्बेट टाइगर रिजर्व की ओर महिलाओं को कुटीर उद्योग शुरू कराने की कवायद शुरू
ढेला रेंज में महिला स्वयं सहायता समूह की ओर से शुरू किया गया बेकरी उद्योग
विधायक दीवान सिंह बिष्ट और कार्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक ने किया शुभारंभ
टाइगर कंजर्वेशन फाउंडेशन फाॅर सीटीआर ने किया है इसका वित्त पोषण
अथर महमूद सिद्दीकी
कालागढ़ (बिजनौर)। कार्बेट टाइगर रिजर्व के कालागढ़ उपखंड के अंतर्गत ढेला रेंज में सावल्दे पूरब की महिला स्वयं सहायता समूह की ओर से बेकरी उद्योग को शुरू किया गया है। टाइगर कंजर्वेशन फाउंडेशन फाॅर सीटीआर ने इसका वित्त पोषण किया है। वन अधिकारियों ने दावा किया है कि इससे मानव-वन्यजीव संघर्ष कम होगा और महिलाएं भी आत्मनिर्भर होंगी।
ढेला में बेकरी का उद्घाटन रामनगर विधायक दीवान सिंह बिष्ट और कार्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक डाॅ. धीरज पाण्डेय ने किया। कालागढ़ उप प्रभागीय वनाधिकारी डा. शालिनी जोशी के अनुसार मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के लिए यह बेकरी जैसे कार्य विशेष रहेंगे। मानव का जंगल से हस्तक्षेप कम हो, इसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं। इस अवसर पर उप प्रभागीय वनाधिकारी डा. शालिनी जोशी, वन क्षेत्राधिकारी अजय कुमार ध्यानी के अलावा एनजीओ के अधिकारी और रामनगर के भाजपा नेता आदि मौजूद रहे। (संवाद)
विश्रामगृहों और पर्यटकों को बेचे जाएंगे उत्पाद
महिलाओं को बेकरी यूनिट में उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण जिम जंगल रिट्रीट के शेफ दिगंबर नेगी ने दिया। बेकरी में तैयार उत्पाद कार्बेट नेशनल पार्क के विश्रामगृहों और पर्यटकों को बेचे जाएंगे।
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उत्पाद की पैकिंग पर्यावरण को देगी संरक्षण
बकरी में तैयार उत्पाद की पैकिंग इस प्रकार की जाएगी कि उसका प्रभाव पर्यावरण पर न पड़े। महिलाओं की आय बढ़े। अन्य स्थानों पर भी इस प्रकार की योजनाएं शुरू की जाएगी।
कार्बेट टाइगर रिजर्व की संस्था कर रही संचालन
कार्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक डा. धीरज पांडेय ने बताया कि मानव वन्य जीव संघर्ष को कम करने के साथ-साथ महिलाओं को रोजगार भी मिले, इसके लिए यह योजना शुरू की गई है। कार्बेट टाइगर रिजर्व की संस्था कॉर्बेट फाउंडेशन की ओर से यह योजना संचालित की जा रही है।
चार महिलाओं को बाघ बना चुका हैं शिकार
कालागढ़ उपखंड के अंतर्गत ढेला में बाघ चार महिलाओं की जान ले चुका है। नौ नवंबर को हाथी डंगर में पूजा देवी, छह दिसंबर को ढेला में अनीता देवी, 28 जनवरी को ढेला में ही दुर्गा देवी व 17 फरवरी को कलावती की जान ली।
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ढेला रेंज में महिला स्वयं सहायता समूह की ओर से शुरू किया गया बेकरी उद्योग
विधायक दीवान सिंह बिष्ट और कार्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक ने किया शुभारंभ
टाइगर कंजर्वेशन फाउंडेशन फाॅर सीटीआर ने किया है इसका वित्त पोषण
अथर महमूद सिद्दीकी
कालागढ़ (बिजनौर)। कार्बेट टाइगर रिजर्व के कालागढ़ उपखंड के अंतर्गत ढेला रेंज में सावल्दे पूरब की महिला स्वयं सहायता समूह की ओर से बेकरी उद्योग को शुरू किया गया है। टाइगर कंजर्वेशन फाउंडेशन फाॅर सीटीआर ने इसका वित्त पोषण किया है। वन अधिकारियों ने दावा किया है कि इससे मानव-वन्यजीव संघर्ष कम होगा और महिलाएं भी आत्मनिर्भर होंगी।
ढेला में बेकरी का उद्घाटन रामनगर विधायक दीवान सिंह बिष्ट और कार्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक डाॅ. धीरज पाण्डेय ने किया। कालागढ़ उप प्रभागीय वनाधिकारी डा. शालिनी जोशी के अनुसार मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के लिए यह बेकरी जैसे कार्य विशेष रहेंगे। मानव का जंगल से हस्तक्षेप कम हो, इसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं। इस अवसर पर उप प्रभागीय वनाधिकारी डा. शालिनी जोशी, वन क्षेत्राधिकारी अजय कुमार ध्यानी के अलावा एनजीओ के अधिकारी और रामनगर के भाजपा नेता आदि मौजूद रहे। (संवाद)
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विश्रामगृहों और पर्यटकों को बेचे जाएंगे उत्पाद
महिलाओं को बेकरी यूनिट में उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण जिम जंगल रिट्रीट के शेफ दिगंबर नेगी ने दिया। बेकरी में तैयार उत्पाद कार्बेट नेशनल पार्क के विश्रामगृहों और पर्यटकों को बेचे जाएंगे।
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उत्पाद की पैकिंग पर्यावरण को देगी संरक्षण
बकरी में तैयार उत्पाद की पैकिंग इस प्रकार की जाएगी कि उसका प्रभाव पर्यावरण पर न पड़े। महिलाओं की आय बढ़े। अन्य स्थानों पर भी इस प्रकार की योजनाएं शुरू की जाएगी।
कार्बेट टाइगर रिजर्व की संस्था कर रही संचालन
कार्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक डा. धीरज पांडेय ने बताया कि मानव वन्य जीव संघर्ष को कम करने के साथ-साथ महिलाओं को रोजगार भी मिले, इसके लिए यह योजना शुरू की गई है। कार्बेट टाइगर रिजर्व की संस्था कॉर्बेट फाउंडेशन की ओर से यह योजना संचालित की जा रही है।
चार महिलाओं को बाघ बना चुका हैं शिकार
कालागढ़ उपखंड के अंतर्गत ढेला में बाघ चार महिलाओं की जान ले चुका है। नौ नवंबर को हाथी डंगर में पूजा देवी, छह दिसंबर को ढेला में अनीता देवी, 28 जनवरी को ढेला में ही दुर्गा देवी व 17 फरवरी को कलावती की जान ली।