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Meerut News: सांस की बीमारी से जागरूक करने के लिए यात्रा हुई शुरू
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सांस की बीमारी से जागरूक करने के लिए यात्रा हुई शुरू
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। सांस की बीमारी से जागरूक करने के लिए बृहस्पतिवार को आदर्श नगर से ब्रीद फ्री जन जागरण यात्रा शुरू हुई। सांस एवं छाती रोग विशेषज्ञ डॉ वीरोत्तम तोमर यात्रा का शुभारंभ किया। साथ ही अपने क्लीनिक डॉक्टर शिवराज मेमोरियल चेस्ट एवं मेटरनिटी सेंटर पर नि:शुल्क चिकित्सा शिविर का भी आयोजन किया। मरीजों को परामर्श दिया और कंप्यूटर द्वारा फेफड़ों की जांच (पीएफटी )भी की गई। डॉ तोमर ने बताया कि इस शिविर में अधिकांश मरीज दमा व एलर्जी रोग से पीड़ित थे जिन्हें कई वर्षों से यह बीमारी थी। वह इन्हेलर के प्रयोग से अनजान थे। दमा रोग का आधुनिक इलाज इन्हेलर द्वारा ही किया जाता है, जिसमें दवाइयां सीधे फेफड़ों में पहुंचती है ,जिससे शरीर में दवाइयां के दुष्प्रभाव नगण्य होते हैं। समाज में अभी भी इनहेलर के बारे में तथा दमा रोग के बारे में विभिन्न भ्रांतियां हैं जिनको दूर करने की आवश्यकता है जैसे की दमा रोग छुआछूत की बीमारी है। दमा रोग से बचे रहने के लिए लगातार प्रीवेंटिव इनहेलर को लेना, प्रतिदिन व्यायाम ,योग, मेडिटेशन करना तथा ठंडा ,खट्टा, कोल्ड ड्रिंक, आइसक्रीम, चाइनीस फूड, डिब्बा बंद फूड ,धूम्रपान इत्यादि से दूर रहना चाहिए।
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सांस की बीमारी से जागरूक करने के लिए यात्रा हुई शुरू
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। सांस की बीमारी से जागरूक करने के लिए बृहस्पतिवार को आदर्श नगर से ब्रीद फ्री जन जागरण यात्रा शुरू हुई। सांस एवं छाती रोग विशेषज्ञ डॉ वीरोत्तम तोमर यात्रा का शुभारंभ किया। साथ ही अपने क्लीनिक डॉक्टर शिवराज मेमोरियल चेस्ट एवं मेटरनिटी सेंटर पर नि:शुल्क चिकित्सा शिविर का भी आयोजन किया। मरीजों को परामर्श दिया और कंप्यूटर द्वारा फेफड़ों की जांच (पीएफटी )भी की गई। डॉ तोमर ने बताया कि इस शिविर में अधिकांश मरीज दमा व एलर्जी रोग से पीड़ित थे जिन्हें कई वर्षों से यह बीमारी थी। वह इन्हेलर के प्रयोग से अनजान थे। दमा रोग का आधुनिक इलाज इन्हेलर द्वारा ही किया जाता है, जिसमें दवाइयां सीधे फेफड़ों में पहुंचती है ,जिससे शरीर में दवाइयां के दुष्प्रभाव नगण्य होते हैं। समाज में अभी भी इनहेलर के बारे में तथा दमा रोग के बारे में विभिन्न भ्रांतियां हैं जिनको दूर करने की आवश्यकता है जैसे की दमा रोग छुआछूत की बीमारी है। दमा रोग से बचे रहने के लिए लगातार प्रीवेंटिव इनहेलर को लेना, प्रतिदिन व्यायाम ,योग, मेडिटेशन करना तथा ठंडा ,खट्टा, कोल्ड ड्रिंक, आइसक्रीम, चाइनीस फूड, डिब्बा बंद फूड ,धूम्रपान इत्यादि से दूर रहना चाहिए।