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डकैती में किसी अपने पर गहराया शक
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ
Updated Tue, 12 Apr 2016 02:22 AM IST
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डकैती के मामले में पीड़ितों से जानकारी लेते एसएसपी।
- फोटो : अमर उजाला
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डॉ. कपिल गर्ग के घर डकैती डालने वाले बदमाश युवा और लोकल थे। बदमाशों में दो की बोली अक्खड़ थी तो वे आपस में अंग्रेजी शब्दों का भी प्रयोग कर रहे थे। डॉक्टर दंपति से पूछताछ और पुलिस की अब तक की जांच में इस वारदात में किसी जानकार का हाथ होने का शक भी है। हालांकि 24 घंटे बीतने के बाद भी पुलिस अभी तक खाली हाथ है।
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फुलप्रूफ प्लानिंग
बदमाशों को डॉ. कपिल के घर की भौगोलिक जानकारी थी। डॉक्टर के क्लीनिक से रात को घर आने का समय भी मालूम था। उन्होंने बड़े आराम से डॉक्टर का घर पहुंचने का इंतजार किया और उन्हें आते ही गन प्वाइंट पर कवर कर घर में प्रवेश किया। डॉ. गर्ग के मकान के अंदर से ही एक रास्ता बराबर में ही रहने वाली उनकी साली दीपशिखा के घर के अंदर खुलता है। बदमाशों को इस परिवार के बारे में भी पूरी जानकारी थी। वारदात के दौरान जब एक बदमाश ने दीपशिखा के घर से किसी के आने की शंका जताई तो दूसरे बदमाशों ने कहा कि चिंता मत करो, कोई नहीं आएगा। वारदात के बाद बदमाश आसानी से फरार हो गए।
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नजदीकी पर शक
बदमाशों ने पूरी रेकी और तमाम जानकारियों के बाद घटना को अंजाम दिया। पुलिस को भी यह संदेह है कि इस वारदात में डॉ. कपिल के किसी नजदीकी या उनके पेशे से जुडे़ किसी कर्मचारी का हाथ हो सकता है।
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लोकल गैंग
पुलिस के अनुसार मेज पर तमंचा और चाकू छोड़कर जाने से माना जा रहा है कि यह सब बदमाशों ने हड़बड़ाहट में किया है। लोकल गैंग और नई उम्र के बदमाशों में ऐसी हड़बड़ाहट देखी जाती है। पुलिस का मानना है कि बडे़ गैंग से जुडे़ बदमाश ऐसा नहीं करते।
वाहन का प्रयोग
वारदात के बाद डॉग स्क्वाएड को भी मौके पर बुलाया गया। खोजी कुत्ता तमंचा और चाकू सूंघने के बाद मकान से कचहरी पुल और मेघदूत पुलिया दोनों तरफ जाने वाले रास्तों की ओर गया। कुछ दूर जाकर वह रुक गया। इससे अनुमान है कि बदमाशों ने वारदात से पहले और बाद में अलग-अलग पैदल ही रास्तों का प्रयोग किया। जहां खोजी कुत्ता जाकर रुका, वहां से बदमाश किसी वाहन से फरार हुए।
फुटेज में देखे गए बदमाश, क्लीयर नहीं
सोमवार को पुलिस ने डॉ. गर्ग के घर के आसपास सीसीटीवी कैमरों की पड़ताल की। उनके घर ओर जाने वाले रास्ते पर पड़ने वाले एक कोचिंग सेंटर के बाहर लगे सीसी कैमरे की फुटेज में रविवार रात करीब 9:30 बजे एक कार जाती नजर आ रही है। उसके दो मिनट बाद पीछे से एक बाइक वहां से गुजरी। जिस पर तीन युवक सवार थे। पुलिस को शक है कि यह कार डॉक्टर की है और बाइक सवार बदमाश हो सकते हैं, लेकिन यह फुटेज क्लीयर नहीं है, जिस कारण पुलिस किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंच सकी।
पुलिस एक्सपर्ट की मदद ले रही है। पुलिस ने डॉक्टर दंपति के मोबाइल नंबरों की सीडीआर भी निकलवाकर उसकी जांच की, लेकिन कोई खास मदद नहीं मिली। पुलिस उनके पेशे से जुड़े कर्मियों से भी पूछताछ कर जानकारी जुटा रही है। सीओ सिविल लाइन वीएस वीर कुमार का कहना है कि हर एंगल पर वर्क किया जा रहा है।