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पिता जेल से छुड़ाने के लिए चढ़ा दी थी पत्नी की बलि
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 29 May 2016 02:03 AM IST
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भावना हत्याकांड का खुलासा करती पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
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चर्चित भावना मर्डर केस का पांच माह बाद सनसनीखेज खुलासा हुआ है। पति प्रशांत ने हत्या के जुर्म में जेल में बंद अपने पिता ब्रजवीर को छुड़ाने के लिए भावना की हत्या को अंजाम दिलाया था। इस षड्यंत्र में प्रशांत का पिता, बहन और बहनोई के अलावा चचेरा भाई शामिल थे। प्लानिंग थी कि भावना की हत्या में ब्रजवीर के विरोधियों को फंसाकर फैसला करा लिया जाए।
इसके लिए योगेश भदौड़ा गैंग को छह लाख रुपये की सुपारी दी गई थी। पुलिस ने प्रशांत और उसके चचेरे भाई के अलावा दो शूटरों को गिरफ्तार करते हुए हत्या में प्रयुक्त हथियार बरामद कर लिए हैं।
यह था मामला
पल्लवपुरम फेज-2 निवासी पूर्व जिला पंचायत सदस्य पूनम चौधरी की पुत्रवधू भावना पत्नी प्रशांत चौधरी की बीती 26 दिसंबर की रात घर में ही गोलियां बरसाकर हत्या कर दी गई थी। घटना में प्रशांत को भी हाथ में गोली लगी थी। हत्या में दौराला के पूर्व ब्लॉक प्रमुख राहुल देव, कमालपुर ग्राम प्रधान गौरव, दौराला निवासी वीरेंद्र समेत पांच लोग नामजद हुए थे।
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यह थी प्लानिंग
विगत वर्ष गन्ना समिति के चुनाव में राहुल देव खेमे के दौराला निवासी नरेंद्र की हत्या हुई थी। जिसमें नरेंद्र के भाई वीरेंद्र की नामजदगी पर पुलिस ने प्रशांत के पिता ब्रजवीर उर्फ मुन्नू को जेल भेजा था। प्रशांत ने भावना की हत्या में वीरेंद्र और राहुल देव पक्ष को नामजद कराया था। पुलिस इस नामजदगी को संदिग्ध मानकर प्रशांत को ही शक के घेरे में लेकर चल रही थी, लेकिन कुछ कारणों से खुलासा अटका था। पांच माह के अंतराल में कई मोड़ों से गुजरी जांच में पुलिस ने पुख्ता सुबूत जुटाते हुए भावना की हत्या में प्रशांत पक्ष को ही आरोपी माना।
यह हुआ खुलासा
शनिवार को एसपी सिटी ओपी यादव और एसपी क्राइम अजय सहदेव ने पुलिस लाइन में आयोजित प्रेसवार्ता में बताया कि भावना की हत्या प्रशांत ने भदौड़ा गैंग को छह लाख रुपये की सुपारी देकर करवाई थी। इस हत्या का षड्यंत्र खुद प्रशांत, उसकी बहन एकता उर्फ बुलबुल, बहनोई सोहन सिंह उर्फ बलवीर सिंह निवासी गांव करनावल सरुरपुर और जेल में बंद ब्रजवीर ने रचा था। प्लानिंग थी कि भावना की हत्या में राहुल देव और नरेंद्र पक्ष को फंसा दिया जाए।
ताकि दोनों पक्षों में समझौता कर ब्रजवीर को जेल से छुड़ाया जा सके। भावना की हत्या में प्रशांत के अलावा उसके चचेरे भाई गोपाल पुत्र विक्रम सिंह निवासी जमालपुर और भदौड़ा गैंग के दो शूटरों सुमित पुत्र दलवीर निवासी जमालपुर और प्रवीण उर्फ बबलू पुत्र बलजोर सिंह निवासी हैदरपुर तितावी मुजफ्फरनगर को गिरफ्तार किया है।
इनसे चार तमंचे और चार कारतूस बरामद किए गए हैं। इस खुलासे में पल्लवपुरम एसओ तेजसिंह यादव, क्राइम ब्रांच प्रभारी संजीव यादव और जोनल क्राइम ब्रांच की टीम को आईजी जोन सुजीत पांडेय ने 15 हजार रुपये और प्रशस्ति पत्र देने की घोषणा की है।
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इसके लिए योगेश भदौड़ा गैंग को छह लाख रुपये की सुपारी दी गई थी। पुलिस ने प्रशांत और उसके चचेरे भाई के अलावा दो शूटरों को गिरफ्तार करते हुए हत्या में प्रयुक्त हथियार बरामद कर लिए हैं।
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यह था मामला
पल्लवपुरम फेज-2 निवासी पूर्व जिला पंचायत सदस्य पूनम चौधरी की पुत्रवधू भावना पत्नी प्रशांत चौधरी की बीती 26 दिसंबर की रात घर में ही गोलियां बरसाकर हत्या कर दी गई थी। घटना में प्रशांत को भी हाथ में गोली लगी थी। हत्या में दौराला के पूर्व ब्लॉक प्रमुख राहुल देव, कमालपुर ग्राम प्रधान गौरव, दौराला निवासी वीरेंद्र समेत पांच लोग नामजद हुए थे।
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यह थी प्लानिंग
विगत वर्ष गन्ना समिति के चुनाव में राहुल देव खेमे के दौराला निवासी नरेंद्र की हत्या हुई थी। जिसमें नरेंद्र के भाई वीरेंद्र की नामजदगी पर पुलिस ने प्रशांत के पिता ब्रजवीर उर्फ मुन्नू को जेल भेजा था। प्रशांत ने भावना की हत्या में वीरेंद्र और राहुल देव पक्ष को नामजद कराया था। पुलिस इस नामजदगी को संदिग्ध मानकर प्रशांत को ही शक के घेरे में लेकर चल रही थी, लेकिन कुछ कारणों से खुलासा अटका था। पांच माह के अंतराल में कई मोड़ों से गुजरी जांच में पुलिस ने पुख्ता सुबूत जुटाते हुए भावना की हत्या में प्रशांत पक्ष को ही आरोपी माना।
यह हुआ खुलासा
शनिवार को एसपी सिटी ओपी यादव और एसपी क्राइम अजय सहदेव ने पुलिस लाइन में आयोजित प्रेसवार्ता में बताया कि भावना की हत्या प्रशांत ने भदौड़ा गैंग को छह लाख रुपये की सुपारी देकर करवाई थी। इस हत्या का षड्यंत्र खुद प्रशांत, उसकी बहन एकता उर्फ बुलबुल, बहनोई सोहन सिंह उर्फ बलवीर सिंह निवासी गांव करनावल सरुरपुर और जेल में बंद ब्रजवीर ने रचा था। प्लानिंग थी कि भावना की हत्या में राहुल देव और नरेंद्र पक्ष को फंसा दिया जाए।
ताकि दोनों पक्षों में समझौता कर ब्रजवीर को जेल से छुड़ाया जा सके। भावना की हत्या में प्रशांत के अलावा उसके चचेरे भाई गोपाल पुत्र विक्रम सिंह निवासी जमालपुर और भदौड़ा गैंग के दो शूटरों सुमित पुत्र दलवीर निवासी जमालपुर और प्रवीण उर्फ बबलू पुत्र बलजोर सिंह निवासी हैदरपुर तितावी मुजफ्फरनगर को गिरफ्तार किया है।
इनसे चार तमंचे और चार कारतूस बरामद किए गए हैं। इस खुलासे में पल्लवपुरम एसओ तेजसिंह यादव, क्राइम ब्रांच प्रभारी संजीव यादव और जोनल क्राइम ब्रांच की टीम को आईजी जोन सुजीत पांडेय ने 15 हजार रुपये और प्रशस्ति पत्र देने की घोषणा की है।