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जहरीली सॉस बनाने की फैक्ट्री पकड़ी
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
Updated Wed, 26 Aug 2015 01:41 AM IST
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खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने मंगलवार को गढ़ रोड स्थित प्रीत विहार में छापा मारकर जहरीली सॉस बनाने की फैक्ट्री पकड़ी। 100 लीटर पैक हुआ सॉस सील किया, जबकि 80 लीटर अधबना नष्ट कराया गया। मौके से बड़ी मात्रा में आर्टिफिशियल कलर और स्टार्च बरामद किया है। फैक्ट्री को सील कर दिया गया है।
विभाग को सूचना मिली कि कॉलोनी में नकली सॉस बनाने की फैक्ट्री चल रही है। सिटी मजिस्ट्रेट केशव कुमार, अभिहित अधिकारी वीके वर्मा के नेतृत्व में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी जेपी सिंह ने टीम बनाई। नौचंदी पुलिस को साथ लेकर छापा मारा गया। मकान नंबर 19 बी से भारी मात्रा में वेजिटेबल सॉस व नूडल्स बरामद हुआ।
फैक्ट्री को शीतल फूड प्रोडेक्ट के नाम से गौरव अरोड़ा पुत्र अशोक अरोड़ा संचालित कर रहा था। जेपी सिंह ने बताया है कि इस नाम की फर्मा का विभाग में कहीं पर कोई पंजीकरण नहीं है। सॉस बनाने में कलर (केमिकल) व स्टार्च का इस्तेमाल किया जा रहा था, जो पूरी तरह से प्रतिबंधित है।
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सड़े आलू और अन्य खतरनाक पदार्थों से सॉस तैयार की जा रही थी। फैक्ट्री में नूडल्स भी तैयार किए जा रहे थे, जिन्हें सैंपल भरने के बाद नष्ट कर दिया गया। एफडीए टीम ने नूडल्स व वेजिटेबल सॉस के दो सैंपल भरकर जांच के लिए भेज दिया है।
अब तक बेचा हजारों क्विंटल सॉस
मौके पर मिले सबूतों के मुताबिक फैक्ट्री में अब तक हजारों लीटर सॉस बना है, जिसे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों में बेचा गया है। मकान से हजारों बोतलों के ढक्कन व खाली बोतलें मिली हैं। मौके पर सॉस तो बनती हुई मिली, लेकिन सब्जियां और कच्चा माल नहीं मिला है।
पांच लीटर की कैन में हो रही सप्लाई
जहरीली सॉस की सप्लाई बड़े स्तर पर की जा रही है। एक या दो लीटर की पैकिंग में नहीं, बल्कि यह पांच लीटर की कैन में बेची जा रही है। इसकी सबसे ज्यादा डिमांड गल्ली मोहल्ले में लगने वाले चाट के ठेलों और छोटे रेस्टोरेंटों पर है।
खाने पर यह बीमारी तय
- उल्टी और दस्त के साथ ही पेट में लगातार जलन की शिकायत।
- लंबे समय तक सेवन करने के बाद पेट में जख्म होने की आशंका
- समय अंतराल के बाद आप बीमार होते रहेंगे।
- त्वचा की एलर्जी व हाथों पैरों में दर्द की शिकायत।
- लगातार ऐसी सॉस खाने से बीपी से लेकर मानसिक बीमारी का होना।
- पेट में कब्ज व गैस की परेशानी होना।
- बच्चों का पढ़ाई और काम में मन न लगना।
- लीवर का खराब होने के साथ आंतों में जख्म की शिकायत।
इस तरह की सॉस खाने में स्वाद तो आती है लेकिन आगे चलकर शरीर को बड़ा नुकसान करती है। लीवर में इंफेक्शन और आंतों में जख्म तक हो सकते हैं। बुखार आना व नींद न आना इसके शुरुआती लक्षण हैं। - डॉ, तनुराज सिरोही, वरिष्ठ फिजीशियन
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विभाग को सूचना मिली कि कॉलोनी में नकली सॉस बनाने की फैक्ट्री चल रही है। सिटी मजिस्ट्रेट केशव कुमार, अभिहित अधिकारी वीके वर्मा के नेतृत्व में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी जेपी सिंह ने टीम बनाई। नौचंदी पुलिस को साथ लेकर छापा मारा गया। मकान नंबर 19 बी से भारी मात्रा में वेजिटेबल सॉस व नूडल्स बरामद हुआ।
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फैक्ट्री को शीतल फूड प्रोडेक्ट के नाम से गौरव अरोड़ा पुत्र अशोक अरोड़ा संचालित कर रहा था। जेपी सिंह ने बताया है कि इस नाम की फर्मा का विभाग में कहीं पर कोई पंजीकरण नहीं है। सॉस बनाने में कलर (केमिकल) व स्टार्च का इस्तेमाल किया जा रहा था, जो पूरी तरह से प्रतिबंधित है।
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सड़े आलू और अन्य खतरनाक पदार्थों से सॉस तैयार की जा रही थी। फैक्ट्री में नूडल्स भी तैयार किए जा रहे थे, जिन्हें सैंपल भरने के बाद नष्ट कर दिया गया। एफडीए टीम ने नूडल्स व वेजिटेबल सॉस के दो सैंपल भरकर जांच के लिए भेज दिया है।
अब तक बेचा हजारों क्विंटल सॉस
मौके पर मिले सबूतों के मुताबिक फैक्ट्री में अब तक हजारों लीटर सॉस बना है, जिसे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों में बेचा गया है। मकान से हजारों बोतलों के ढक्कन व खाली बोतलें मिली हैं। मौके पर सॉस तो बनती हुई मिली, लेकिन सब्जियां और कच्चा माल नहीं मिला है।
पांच लीटर की कैन में हो रही सप्लाई
जहरीली सॉस की सप्लाई बड़े स्तर पर की जा रही है। एक या दो लीटर की पैकिंग में नहीं, बल्कि यह पांच लीटर की कैन में बेची जा रही है। इसकी सबसे ज्यादा डिमांड गल्ली मोहल्ले में लगने वाले चाट के ठेलों और छोटे रेस्टोरेंटों पर है।
खाने पर यह बीमारी तय
- उल्टी और दस्त के साथ ही पेट में लगातार जलन की शिकायत।
- लंबे समय तक सेवन करने के बाद पेट में जख्म होने की आशंका
- समय अंतराल के बाद आप बीमार होते रहेंगे।
- त्वचा की एलर्जी व हाथों पैरों में दर्द की शिकायत।
- लगातार ऐसी सॉस खाने से बीपी से लेकर मानसिक बीमारी का होना।
- पेट में कब्ज व गैस की परेशानी होना।
- बच्चों का पढ़ाई और काम में मन न लगना।
- लीवर का खराब होने के साथ आंतों में जख्म की शिकायत।
इस तरह की सॉस खाने में स्वाद तो आती है लेकिन आगे चलकर शरीर को बड़ा नुकसान करती है। लीवर में इंफेक्शन और आंतों में जख्म तक हो सकते हैं। बुखार आना व नींद न आना इसके शुरुआती लक्षण हैं। - डॉ, तनुराज सिरोही, वरिष्ठ फिजीशियन