बदमाशों के खौफ से सीओ का ऑफिस फिर पुरानी जगह पहुंचा, नए ऑफिस में ताला बंद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्रह्मपुरी सर्किल में ताबड़तोड़ अपराधों को देखते हुए आखिरकार सीओ ब्रह्मपुरी ऑफिस शॉप्रिक्स मॉल के पास से वापिस पुरानी जगह शिफ्ट कर दिया गया। इस ऑफिस को बिना अनुमति के खोला गया था। जबकि कारपोरेट लुक दिए गए इस ऑफिस में कहां से पैसा लगा, इसका भी कोई जवाब नहीं दिया गया था। सीओ ब्रह्मपुरी ने मंगलवार को इस शिफ्टिंग की पुष्टि करते हुए बताया कि नए ऑफिस से आधा सामान वापिस आ चुका है। अब पुराने ऑफिस में ही बैठ रहे हैं। बता दें कि अमर उजाला ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था।
सीओ ब्रह्मपुरी ऑफिस को भी शहर से बाहर शिफ्ट कर दिया
शारदा रोड पर गुटखा व्यापारी सुशील वर्मा के गोदाम पर डकैती और उनके युवा पुत्र की हत्या के अलावा, ब्रह्मपुरी में दुकानदार राजू का मर्डर कर दिया गया था। यही नहीं, शारदा रोड पर भाजपा पार्षद राजीव गुप्ता उर्फ काले पर जानलेवा हमला हुआ था। इसके अलावा भी अन्य संगीन वारदातों को लेकर व्यापारियों ने तीखा विरोध दर्ज कराया था। व्यापारियों और स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर भी काफी गुस्सा था कि पुलिस क्राइम कंट्रोल नहीं कर पा रही है, जबकि देहली गेट चौराहे पर लंबे समय से चलते आ रहे सीओ ब्रह्मपुरी ऑफिस को भी शहर से बाहर शिफ्ट कर दिया गया। व्यापारियों ने आईजी जोन का घेराव करते हुए बताया था कि सीओ ऑफिस शारदा रोड से शॉप्रिक्स मॉल के पास शिफ्ट होने से अपराधों में बढ़ोत्तरी हुई है। आईजी ने भी व्यापारियों से सहमति जताते हुए ऑफिस शिफ्ट करने को कहा था।
स्टाफ दोबारा से पुराने ऑफिस में शिफ्ट
अमर उजाला ने सुरक्षा से जुड़े इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था। जिसके बाद आईजी के निर्देश पर सीओ ऑफिस का रिकॉर्ड और स्टाफ दोबारा से पुराने ऑफिस में शिफ्ट कर दिया। सीओ ब्रह्मपुरी धर्मेंद्र चौहान ने बताया कि नए ऑफिस से अधिकांश रिकॉर्ड वापस लाया जा चुका है। अभिषेक हत्याकांड के बाद से हम पुराने ऑफिस में ही काम कर रहे हैं।