फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Bhim Army chief Chandrashekhar met the families of dead of Meerut violence

मेरठ हिंसा के मृतकों के परिजनों से मिले चंद्रशेखर, कहा- एनआरसी व सीएए को लेकर नहीं बैठेंगे चुप 

Mon, 20 Jan 2020 01:34 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ Published by: Dimple Sirohi Updated Mon, 20 Jan 2020 01:34 AM IST
विज्ञापन
Bhim Army chief Chandrashekhar met the families of dead of Meerut violence
Bhim Army chief Chandrashekhar - फोटो : अमर उजाला

भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर ने रविवार को मेरठ पहुंचकर 20 दिसंबर को एनआरसी और सीएए के विरोध में हुई हिंसा में मारे गए लोगों के परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने मृतकों के पजिरजनों को सांत्वना दी और कहा कि वे पीड़ितों को इंसाफ दिलाने के लिए कोर्ट जाएंगे।

विज्ञापन


 भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर ने कहा कि मेरठ में 20 दिसंबर को जो हुआ वह बेहद भयानक था। उन्होंने मुजफ्फरनगर और मेरठ के एसएसपी पर सीधे तौर पर सिर में गोलियां मारकर हत्या करने का आरोप लगाया।

विज्ञापन

इससे पहले शनिवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए चंद्रशेखर ने कहा कि एनआरसी और सीएए को लेकर चुप नहीं बैठेंगे। इसके खिलाफ हमारा आंदोलन जारी रहेगा। इसके साथ ही प्रदर्शन के दौरान यूपी में जिन लोगों की हत्याएं हुई हैं और जो पीड़ित हैं, उनको इंसाफ दिलाने को भीम आर्मी कोर्ट जाएगी।  

विज्ञापन
विज्ञापन

 

चंद्रशेखर ने रविवार को मेरठ के इरा गार्डन में पहुंचकर हिंसा में मारे गए लोगों के परिवार वालों से बात की। इसके बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि उन्हें पीड़ितों के घर पर जाने से मना कर दिया। जिसके बाद वे एक अन्य स्थान पर परिवार वालों से मिले हैं। परिवारवालों ने जो मुझे बताया है, उससे स्पष्ट है कि यहां पर हिटलरशाही चल रही है। 

चंद्रशेखर ने कहा कि हिंसा के दौरान ज्यादातर लोगों की मौत पुलिस की गोली लगने से हुई है। गोली सिर में लगी हैं । हम इस मामले में हाईकोर्ट में गए हैं। 23 जनवरी को इस मामले में हाई कोर्ट में बहस होनी है। लोगों की हत्या करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। लोकतंत्र है यहां पर सब को अपनी बात रखने का अधिकार है। लेकिन लोकतंत्र के नाम पर किसी के सिर में गोली नहीं लग सकती। 

चंद्रशेखर ने कहा कि उत्तर प्रदेश में ऐसी स्थिति बाबरी विध्वंस और 370 कानून के वक्त भी नहीं बनी। नागरिकता कानून को लेकर प्रदेशभर में हिंसा के दौरान मारे गए लोगों से स्पष्ट है कि सरकार की मंशा गलत थी।

भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर ने एनआरसी को मुल्क के लिए काला कानून बताया। कहा कि इस कानून से मुल्क की एकता अखंडता और गंगा जमुनी तहजीब खत्म हो जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री इस कानून को तत्काल वापस लें।

इससे पहले दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट से जमानत पर छूटकर आए भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर ने छुटमलपुर स्थित अपने आवास पर पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि हमारा आंदोलन जारी रहेगा। केंद्र की भाजपा सरकार गंगा-जमुनी तहजीब को खत्म करना चाहती है।

उन्होंने कहा कि एनआरसी और सीएए को लेकर सरकार के सहयोगी दल भी विरोध कर रहे हैं। वह जेल में बंद थे। उत्तर प्रदेश में भी विरोध करने वाले लोगों को प्रताड़ित किया गया है। इसके लिए जो लोग भी जिम्मेदार हैं, उनके खिलाफ हम कोर्ट में जाएंगे और पीड़ितों की हर संभव मदद की जाएगी। भीम आर्मी पीड़ितों को न्याय दिलाने को पूरा खर्चा उठाएगी।

उन्होंने कहा कि सीएए और एनआरसी को लेकर सरकार लोगों को भ्रमित कर रही है। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि कानून सबके लिए एक है, जब बीजेपी को समर्थन में रैली करने की इजाजत मिलती है तो फिर उन्हें एनआरसी के बारे में लोगों को बताने की इजाजत उन्हें क्यों नहीं दी जाती।

दिल्ली के शाहीनबाग में खड़े हुए आंदोलन को उन्होंने समर्थन किया। उन्होंने कहा कि वे अदालत के आदेश के अनुपालन में यहां हैं। अगर ऐसा नहीं होता तो वह शाहीनबाग में उन लोगों के समर्थन में खड़े होते।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed